घरेलू गैस के इस्तेमाल के साथ आपको सावधान रहने की भी जरूरत होती है. सेफ्टी के तौर पर घरेलू गैस के इस्तेमाल के बाद सावधानी से रेगुलेटर बंद करना चाहिए. इससे गैस लीकेज का खतरा नहीं होता है और किसी तरह की दुर्घटना होने की संभावना भी कम हो जाती है. हालांकि गैस सेफ्टी के लिए इतना काफी नहीं है. कई बार गैस सिलेंडर के रेगुलेटर बंद होने के बाद भी गैस लीकेज हो सकती है. क्योंकि रेगुलेटर और पाइप ज्वाइंट से भी गैस लीकेज होती है. यह लीकेज काफी धीरे-धीरे होती है जिससे लोगों को पता नहीं चल पाता है.
छोटे गैस लीकेज कई बार बड़े दुर्घटना को दावत देता है. गैस लीकेज सुरक्षा के लिहाज से खतरनाक है और गैस की बर्बादी भी होती है.
हर महीने करें साबुन-पानी वाला टेस्ट
गैस सिलेंडर में लगे रेगुलेटर और उससे जुड़े पाइप के ज्वाइंट पर मुड़े होने की वजह से धीरे-धीरे गैस का रिसाव हो सकता है. यह रिसाव कई बार साधारण तौर पर नहीं दिखता है. ऐसे में आप साबुन-पानी वाला साधारण टेस्ट कर इसका पता लगा सकते हैं. आपको एक ग्लास में पानी लेना होगा और उसमें साबुन-डिटर्जेंट या लिक्विड शोप का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. पानी में इसे घोलने के बाद रेगुलेटर और पाइप के ज्वाइंट पर लगाएं. अगर किसी भी तरह का गैस लीकेज होगा तो आपको पानी का बुलबुला दिखेगा. इससे पता चल जाएगा कि पाइप में लीकेज है या नहीं. आपको इस तरह का टेस्ट हर महीने करना चाहिए. जिससे आप कंफर्म हो जाएं की गैस की लीकेज नहीं है.
लीकेज चेक करते समय क्या बरतें सावधानी
अगर आप गैस लीकेज की जांच कर रहे हैं तो आपको ध्यान रखना चाहिए कि वहां कोई माचिस या लाइटर का इस्तेमाल नहीं करे. कई बार छोटी लीकेज भी आग पकड़ सकती है. लीकेज मिलने पर आप खुद से गैस के पाइप या रेगुलेटर को फिक्स करने की कोशिश नहीं करें. इसके लिए गैस की जानकारी रखने वाले तकनीशियन को बुलाएं.
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