Viral Video: समुद्री जीवों को बचाने और उन पर रिसर्च करने वाली एक संस्था ने वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया से एक भावुक कर देने वाला वीडियो इंस्टाग्राम पर शेयर किया है, जो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में 'फ्रैगल' नाम की एक मां डॉल्फिन अपने दो हफ्ते के मरे हुए बच्चे के शव को अपनी पीठ पर रखकर पानी में लगातार तैरती नजर आ रही है. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि वो एक पल के लिए भी अपने बच्चे को खुद से अलग नहीं होने दे रही है. वो गहरे दुख में होने के बावजूद ऐसे ही उसे अपने साथ लेकर घूम रही है.
पहले तीन और बच्चों ही हो चुकी है मौत
जियोग्राफ मरीन रिसर्च नाम की संस्था ने वीडियो शेयर करते हुए बताया, 'ये नाम उसे रिसर्चर्स ने दिया है. यह उसका पहला बच्चा नहीं था. वह इससे पहले भी अपने 3 बच्चों को खो चुकी है. यह लगातार उसका चौथा बच्चा है, जिसकी मौत हुई है. इस घटना से मां डॉल्फिन इतनी दुखी और थकी हुई है कि उसने कई दिनों से कुछ खाया भी नहीं है, क्योंकि उसका पूरा ध्यान बच्चे के शव को संभालने में है.'
सर्दियों में हुआ था जन्म, कैसे हुई मौत?
रिसर्चर्स ने आगे बताया कि इस बच्चे का जन्म सर्दियों के मौसम में हुआ था. उन्हें पहले से डर था कि कड़ाके की ठंड में इस नवजात बच्चे का बचना बहुत मुश्किल होगा. मरने से कुछ दिन पहले रिसर्चर्स ने देखा था कि बच्चे की सांसें बहुत तेज चल रही थीं. एक्सपर्ट्स का मानना है कि बच्चे की मौत निमोनिया या फेफड़ों में किसी गंभीर इन्फेक्शन की वजह से हो गई.
गहरे समंदर के दोस्तों ने भी बांटा दुख
रिसर्चर्स का कहना है कि मां डॉल्फिन तब तक बच्चे को पीठ पर रखेगी जब तक वह पूरी तरह थक नहीं जाती. जिंदा रहने के लिए उसे जल्द ही शव को छोड़ना होगा ताकि वह खुद खाना खा सके. फिलहाल वीडियो में यह भी दिख रहा है कि मां डॉल्फिन अकेली नहीं है. समुद्र से उसके कुछ और डॉल्फिन दोस्त भी वहां आ गए हैं. वे सभी एक घेरा बनाकर मां डॉल्फिन के साथ-साथ तैर रहे हैं, मानो वे उसका दुख बांट रहे हों और उसे हिम्मत दे रहे हों.
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'इंसानों को जानवरों से सीखना चाहिए'
इंस्टाग्राम (geographemarineresearch) पर इस वीडियो को अब तक करीब 30 मिलियन (3 करोड़) लोग देख चुके हैं. लोग कमेंट कर रहे हैं कि जहां इंसान तरक्की के नाम पर आपस में लड़ रहे हैं और प्रकृति को नष्ट कर रहे हैं, वहीं इन जानवरों से हमें हमदर्दी और प्यार सीखना चाहिए.
डॉल्फिन अपने मरे हुए बच्चे को पीठ पर क्यों रखती है?
जब एक यूजर ने कमेंट में पूछा कि डॉल्फिन अपने मरे हुए बच्चे को पीठ पर क्यों रखती है? तो रिसर्चर्स ने बताया कि दुर्भाग्य से यह प्रकृति का ही एक हिस्सा है.
'क्या डॉल्फिन भी स्वर्ग की कल्पना करती हैं?'
चांसलरबेबी नाम के एक दूसरे यूजर ने लिखा, 'डॉल्फिन काफी समझदार होती हैं और उनकी याददाश्त बहुत अच्छी होती है. हाथियों की तरह, वे भी अपने किसी करीबी की मौत पर अक्सर झुंड में शोक मनाती हैं. इससे मन में यह सवाल उठता है कि क्या वे मरने के बाद की जिंदगी के बारे में सोचती हैं? क्या वे डॉल्फिन के लिए ऐसी किसी स्वर्ग की कल्पना करती हैं जहां लहरें कभी कम न हों और मछलियां कभी खत्म न हों? मुझे तो ऐसा ही सोचना अच्छा लगता है.'
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