क्या आपके जूते ही आपके शरीर में दर्द और पोस्चर की समस्या की वजह बन रहे हैं? आप कहेंगे कि जूते तो हमारे पैरो को सुरक्षा और आराम देने के लिए होते हैं, भला वो परेशानी का कारण कैसे हो सकता है? लेकिन, अमेरिकी डॉक्टर और हेल्थ इंफ्लुएंसर पॉल सैलाडिनो ने दावा किया है कि आज के समय के ज्यादातर जूते हमारे पैरों के नेचुरल स्ट्रक्चर को बिगाड़ रहे हैं. डॉ. सैलाडिनो के मुताबिक, आजकल के जूतों में पैर लंबे समय तक तंग और कुशन वाले स्पेस में बंद रहते हैं. इससे पैर की उंगलियां दब जाती हैं, बड़े अंगूठे की पोजीशन बदल सकती है और पैर का बेस अस्थिर हो जाता है. उनका कहना है कि यह स्थिति अब इतनी आम हो चुकी है कि लोग इसे सामान्य मानने लगे हैं, जबकि यह पैरों की नेचुरल बनावट के खिलाफ है.
जूते कैसे पहुंचाते हैं पैरों को नुकसान? | How Shoes Harm the Feet
तंग जूते पैरों की मसल्स को कमजोर करते हैं
वे बताते हैं कि इंसानी पैर चौड़े, मजबूत और जमीन से जुड़े रहने के लिए डिजाइन किए गए हैं. लेकिन जब हम उन्हें लंबे समय तक तंग जूतों में रखते हैं, तो इससे पैरों की मसल्स कमजोर हो सकती हैं और चलने-फिरने का नेचुरल स्ट्रक्चर भी बदल सकता है.
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डॉ. सैलाडिनो का दावा है कि इसका असर सिर्फ पैरों तक सीमित नहीं रहता. यह घुटनों, कूल्हों और रीढ़ तक असर डाल सकता है. यहां तक कि शरीर की पोस्चर और सांस लेने के तरीके पर भी इसका प्रभाव पड़ सकता है. यानी पैरों की कमजोरी पूरे शरीर की स्ट्रक्चर पर असर डाल सकती है.
फुटवियर चुनते समय ध्यान दें:
हालांकि, वे यह भी साफ करते हैं कि जूते पहनना पूरी तरह बंद करने की जरूरत नहीं है. लेकिन, लोगों को अपने फुटवियर को लेकर ज्यादा जागरूक होना चाहिए. वे सलाह देते हैं कि ऐसे जूते चुनें जिनमें पैर की उंगलियों को फैलने के लिए पर्याप्त जगह हो और जहां संभव हो, सुरक्षित वातावरण में कुछ समय नंगे पैर चलना भी फायदेमंद हो सकता है.
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ऐसी स्थिति में अपने फुटवियर को लेकर जागरूक रहना जरूरी है. सही तरह के जूते चुनना और पैरों को नेचुरल तरीके से मूव करने का मौका देना ओवरऑल बॉडी हेल्थ के लिए फायदेमंद हो सकता है.
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