इजरायल के लेबनान में हमले जारी हैं. इस सैन्य कार्रवाई के विरोध में ईरान ने फिर से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) को बंद कर दिया है. यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है, जब 24 घंटे से भी कम समय पहले अमेरिका और ईरान के बीच दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा हुई थी. अमेरिकी समाचार एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस ने ईरान के स्थानीय मीडिया के हवाले से यह जानकारी दी.
ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी फ़ार्स (Fars News Agency) के अनुसार, इजरायल द्वारा लेबनान में हमास समर्थक संगठन हिज़्बुल्लाह के खिलाफ किए जा रहे हमलों में अब तक 112 लोगों की मौत और 837 के घायल होने की खबर है. इन्हीं हमलों के विरोध में ईरान ने जलडमरूमध्य बंद करने का फैसला लिया.
सीजफायर के बावजूद तनाव
अमेरिका और ईरान के बीच बुधवार तड़के दो सप्ताह के सीजफायर पर सहमति बनी थी. इस समझौते के तहत ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने पर सहमति जताई थी, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद थी.
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'लेबनान पर लागू नहीं होता सीजफायर'
हालांकि, इज़राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने स्पष्ट किया कि यह युद्धविराम लेबनान पर लागू नहीं होता. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर लिखा, 'इजरायल, राष्ट्रपति ट्रंप के उस फैसले का समर्थन करता है, जिसमें ईरान पर हमले दो हफ्तों के लिए रोकने की बात कही गई है, बशर्ते ईरान तुरंत जलडमरूमध्य खोले और अमेरिका, इजरायल व क्षेत्रीय देशों पर हमले बंद करे.'
नेतन्याहू ने एक अन्य पोस्ट में कहा कि अमेरिका ने इजरायल को भरोसा दिलाया है कि आगामी बातचीत में इन साझा लक्ष्यों को हासिल किया जाएगा, लेकिन यह युद्धविराम लेबनान पर लागू नहीं होगा.
अमेरिका की सख्त प्रतिक्रिया
होर्मुज जलडमरूमध्य बंद किए जाने की खबरों पर व्हाइट हाउस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. अमेरिकी प्रेस सचिव कैरोलीन लेविट ने कहा कि ईरान को यह जलमार्ग तुरंत, सुरक्षित और बिना देरी के खोलना होगा. उन्होंने संवाददाताओं से कहा, 'जलडमरूमध्य को बंद करना पूरी तरह अस्वीकार्य है. राष्ट्रपति की यह स्पष्ट मांग है कि इसे तुरंत खोला जाए.' हालांकि, लेविट ने यह भी दावा किया कि जलडमरूमध्य बंद होने की खबरें भ्रामक हैं और उसमें जहाजों की आवाजाही में बढ़ोतरी देखी गई है.
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होर्मुज पर सस्पेंस
दूसरी ओर, ईरानी सरकारी मीडिया का कहना है कि इजरायल द्वारा लेबनान में हमले जारी रहने तक जलडमरूमध्य बंद रहेगा. दो ईरानी मीडिया संस्थानों ने एक जहाज-निगरानी वेबसाइट के आंकड़ों के हवाले से दावा किया कि एक पनामा-ध्वजधारी जहाज जलडमरूमध्य के पास पहुंचने के बाद लौट गया.
इसी बीच, कमर्शियल शिप ब्रोकरेज कंपनी SSY ने बीबीसी को पुष्टि की कि फारस की खाड़ी में जहाजों को ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) की ओर से संदेश मिला है, जिसमें कहा गया, 'होर्मुज़ जलडमरूमध्य बंद है. बिना अनुमति प्रवेश करने वाले किसी भी जहाज को निशाना बनाया जाएगा.'
लेबनान पर इजरायली हमलों का समर्थन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने लेबनान में इजरायल की सैन्य कार्रवाई का समर्थन किया है. पीबीएस न्यूज़ से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि हिज़्बुल्लाह को अमेरिका-ईरान युद्धविराम समझौते में शामिल नहीं किया गया है. ट्रंप ने कहा, 'वे (हिज़्बुल्लाह) इस समझौते का हिस्सा नहीं थे. यह एक अलग संघर्ष है, और सब जानते हैं कि यह डील का हिस्सा है.'
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