Maharashtra Rainfall: महाराष्ट्र में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. नासिक, पालघर, इगतपुरी और आसपास के इलाकों में नदियां उफान पर हैं, जिससे कई गांवों का संपर्क टूट गया है और बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है. नंदुरमाधमेश्वर बांध से बड़ी मात्रा में पानी छोड़े जाने के बाद गोदावरी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा है. कई हाईवे जलमग्न हो गए हैं, जबकि निचले इलाकों में लोगों को घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा है. प्रशासन, एनडीआरएफ, फायर ब्रिगेड और स्थानीय आपदा प्रबंधन टीमों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान तेज कर दिया है ताकि किसी भी जनहानि को रोका जा सके.
गोदावरी में बाढ़, हाईवे बंद
नासिक जिले में लगातार बारिश और नंदुरमाधमेश्वर बांध से करीब 82 हजार क्यूसेक पानी छोड़े जाने के बाद गोदावरी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. बाढ़ के कारण निफाड-सिन्नर हाईवे जलमग्न हो गया, जिससे कई गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से कट गया है. सड़क पर पानी भर जाने के कारण यातायात पूरी तरह रोक दिया गया है. प्रशासन ने लोगों से नदी और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है.
#WATCH नासिक, महाराष्ट्र: भारी बारिश से गोदावरी नदी का जलस्तर बढ़ गया है। निचले इलाके प्रभावित हैं। pic.twitter.com/nquzCsEUGO
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 23, 2026
40 परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया
गोदावरी नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने नासिक के चांदोरी गांव में राहत अभियान चलाया. बाढ़ से घिरे 40 परिवारों को सुरक्षित निकालकर सायखेड़ा क्षेत्र की गोदावरी सोसायटी में अस्थायी रूप से शिफ्ट किया गया है. जिला परिषद की ओर से विस्थापित लोगों के लिए भोजन, पेयजल और रहने की समुचित व्यवस्था की गई है.
#नाशिक मध्ये पावसाची संततधार. गोदावरीच्या पाणीपातळीत वाढ.
— DISTRICT INFORMATION OFFICE, NASHIK (@InfoNashik) July 23, 2026
प्रशासकीय यंत्रणेसह नदी काठावरील नागरिकांनी सतर्क राहण्याचे विभागीय आयुक्त @PraveenGedam यांचे आवाहन. @InfoDivNashik @CollectorNashik @nashikpolice pic.twitter.com/KdWvUdkZPS
पालघर में पेड़ पर फंसे मां-बेटे का रेस्क्यू
पालघर जिले के नागझरी गांव में बाढ़ के कारण एक मां और उसका बेटा करीब 10 घंटे तक पेड़ पर फंसे रहे. स्थिति की सूचना मिलने पर अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और नाव की मदद से दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला. रेस्क्यू अभियान के दौरान स्थानीय प्रशासन भी मौके पर मौजूद रहा.
एनडीआरएफ ने बचाए 27 लोग
सूर्या नदी में अचानक जलस्तर बढ़ने के कारण कई लोग बाढ़ में फंस गए थे. एनडीआरएफ की टीम ने विशेष अभियान चलाकर 27 लोगों और उनके पालतू जानवरों को सुरक्षित बाहर निकाला. अधिकारियों के अनुसार समय पर कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया.
वसई-विरार में जलापूर्ति ठप
भारी बारिश और तेज हवाओं के कारण वसई-विरार क्षेत्र में बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है. बिजली बाधित होने का सीधा असर जल आपूर्ति व्यवस्था पर पड़ा, जिससे पूरे क्षेत्र में पानी की सप्लाई प्रभावित हो गई. प्रशासन बिजली व्यवस्था को बहाल करने के प्रयास में जुटा है.
इगतपुरी, महाराष्ट्र: इगतपुरी के पिंपरी क्षेत्र में नदी किनारे रहने वाले एक आदिवासी परिवार के घर में बाढ़ का पानी घुस गया। मूसलाधार बारिश के बीच तहसील प्रशासन, पुलिस प्रशासन और फांगुळगांव की आपदा प्रबंधन टीम ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान चलाया।बचाव दल ने सीने तक भरे पानी में… pic.twitter.com/7XbthcUUxL
— IANS Hindi (@IANSKhabar) July 23, 2026
इगतपुरी में आदिवासी परिवारों का बचाव
इगतपुरी के पिंपरी क्षेत्र में नदी किनारे बसे एक आदिवासी परिवार के घरों में बाढ़ का पानी घुस गया. तहसील प्रशासन, पुलिस और फांगुळगांव आपदा प्रबंधन टीम ने संयुक्त अभियान चलाकर सीने तक भरे पानी में उतरकर 16 लोगों को सुरक्षित निकाला. इनमें बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और पालतू जानवर भी शामिल थे. बचाए गए परिवारों को अस्थायी रूप से माहेश्वरी मंगल कार्यालय में ठहराया गया है.
महाराष्ट्र: मालेगांव शहर से होकर बहने वाली गिरना नदी इन दिनों उफान पर है और नदी में हजारों क्यूसेक पानी तेज़ रफ्तार से बह रहा है। इसी दौरान एक गाय तेज़ धाराओं के बीच फंस गई और बहाव के विपरीत दिशा में निकलने के लिए संघर्ष करती रही। आखिरकार सुरक्षित नदी किनारे पहुंचने में सफल रही। pic.twitter.com/9XHWwyG4CW
— IANS Hindi (@IANSKhabar) July 23, 2026
गिरना नदी में गाय की जद्दोजहद चर्चा में
मालेगांव से गुजरने वाली गिरना नदी भी उफान पर है. तेज बहाव के बीच एक गाय नदी में फंस गई और काफी देर तक धाराओं से संघर्ष करती रही. स्थानीय लोगों की नजर उसके संघर्ष पर टिकी रही. आखिरकार गाय सुरक्षित रूप से नदी किनारे पहुंचने में सफल रही, जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है.
हाई अलर्ट पर प्रशासन
महाराष्ट्र के कई जिलों में लगातार बारिश को देखते हुए प्रशासन हाई अलर्ट पर है. राहत एवं बचाव दलों को संवेदनशील इलाकों में तैनात किया गया है और नदियों के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखी जा रही है. अधिकारियों ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, प्रशासनिक निर्देशों का पालन करने और आपात स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन से संपर्क करने की अपील की है.
यह भी पढ़ें : रेलवे स्टेशनों पर सैलाब, ट्रेनें रुकीं... सूरत, वापी से वलसाड तक गुजरात में भारी बारिश से बुरा हाल
यह भी पढ़ें : असम में बाढ़ ने मचाई तबाही; 24 घंटे में 21 मौतें, 5.64 लाख लोग प्रभावित; 872 गांव जलमग्न
यह भी पढ़ें : हर दिन 502 मौतें; 2025 में 1.8 लाख से ज्यादा लोगों की गई जान, सड़क हादसों में मौत का नया रिकॉर्ड
यह भी पढ़ें : देश में हिंसा न हो; अनशन का अंत, जवाबदेही की शुरुआत, भूख हड़ताल खत्म होते ही समर्थकों से क्या बोले सोनम वांगचुक
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं