"बेहद सामान्य बात..." : नौकरी के लिए पूर्व छात्रों से मदद मांगने को लेकर BITS Pilani के कुलपति

एक रिपोर्ट के मुूताबिक, IIT और IIM सहित कुछ संस्थान इंडस्‍ट्री में छाई मौजूदा मंदी के बीच अपने छात्रों के लिए कैंपस प्लेसमेंट के जरिए जगह बनाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं और मदद के लिए अपने पूर्व छात्रों के नेटवर्क तक पहुंच बना रहे हैं. 

राव के मुताबिक, बिट्स पिलानी के 7400 से अधिक पूर्व छात्र सीईओ और अन्य वरिष्ठ पदों पर हैं.

खास बातें

  • बिट्स पिलानी ने प्लेसमेंट के लिए पूर्व छात्रों के नेटवर्क से मांगी मदद
  • छात्रों के लिए प्लेसमेंट के अवसरों में सुधार के लिए यह जरूरी : राव
  • बिट्स पिलानी के 7400 से अधिक पूर्व छात्र CEO और अन्य वरिष्ठ पदों पर
नई दिल्ली:

बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड साइंस (Birla Institute of Technology and Science), पिलानी द्वारा प्लेसमेंट प्रक्रिया के लिए अपने पूर्व छात्रों के नेटवर्क से मदद मांगने की खबरों के सुर्खियों में आने के बाद कुलपति वी रामगोपाल राव ने कहा है कि इसे "बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है." एक रिपोर्ट के मुताबिक, IIT और IIM सहित कुछ संस्थान इंडस्‍ट्री में छाई मौजूदा मंदी के बीच अपने छात्रों के लिए कैंपस प्लेसमेंट के जरिए जगह बनाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं और मदद के लिए अपने पूर्व छात्रों के नेटवर्क तक पहुंच बना रहे हैं.

आईआईटी दिल्‍ली के पूर्व निदेशक ने एक्‍स पर कहा, "बिट्स और आईआईटी जैसे संस्थानों के लिए प्लेसमेंट के लिए पूर्व छात्रों तक पहुंचना बेहद सामान्य बात होनी चाहिए. मैंने आईआईटी दिल्ली के निदेशक के रूप में अपनी पिछली भूमिका में ऐसा किया था. छात्रों के लिए प्लेसमेंट के अवसरों में सुधार के लिए भी यह जरूरी है." उनका यह बयान 'प्लेसमेंट के लिए पूर्व छात्रों से मदद मांगने वाले बिट्स पिलानी के डीन' पर स्पष्टीकरण के रूप में सामने आया है.

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, बिट्स पिलानी के एलुमिनाई रिलेशंस के डीन आर्य कुमार ने एलुमिनाई नेटवर्क को ध्‍यान दिलाने के लिए एक सूचना भेजी है. 

इसमें उन्‍होंने लिखा, "आप मौजूदा उद्योग मंदी और व्यवसायों और संभावित नियुक्तियों पर इसके प्रभाव से अच्छी तरह से परिचित हैं. वैश्विक अर्थव्यवस्था ने दशकों से इस तरह की मंदी का अनुभव नहीं किया है.  टेक्‍नोलॉजी क्षेत्र आवश्‍यक रूप से प्रभावित हुआ है, जनवरी 2022 से वैश्विक स्तर पर करीब 4 लाख कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया गया है. इस अनिश्चितता का व्यापक प्रभाव पड़ता है, जिसके कारण छोटे और बड़े व्यवसायों में समान रूप से लागत में कटौती होती है, जिससे कैंपस स्‍तर सहित सभी स्‍तरों पर नियुक्तियां प्रभावित होती हैं. व्यावसायिक प्रतिकूलताओं के बावजूद बिट्स पिलानी मजबूत स्थिति में है, शैक्षणिक वर्ष 2022-23 के लिए हमारे प्लेसमेंट आंकड़े भारतीय कैंपसों के लिए 89.2% हैं. हालांकि तब से नियुक्ति सुस्‍त हो गई है. हालांकि प्लेसमेंट टीमें अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रही हैं, लेकिन वे मौजूदा संकट से निपटने में मदद करने के लिए हमारे सम्मानित पूर्व छात्रों के समर्थन की बेहद सराहना करेंगे.'' 

7400 से अधिक पूर्व छात्र सीईओ और अन्य वरिष्ठ पदों पर : राव 

वी रामगोपाल राव ने कहा कि बिट्स पिलानी के 7400 से अधिक पूर्व छात्र दुनिया भर के कॉरपोरेट्स में सीईओ और अन्य वरिष्ठ पदों पर काम कर रहे हैं. उन्‍होंने कहा, "हमारे डीन के इस मेल को पूर्व छात्रों से बहुत सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है और कई लोग हमसे जुड़े हैं. हमने अपने छात्रों को नियुक्त करने के लिए अच्छे और अच्छी तरह से वित्त पोषित स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने के लिए 22-26 जनवरी 2024 के दौरान बिट्स में स्टार्टअप सप्ताह भी आयोजित किया." 

स्टार्टअप्स से छात्रों को मिले हैं आकर्षक ऑफर : राव 

उन्होंने कहा कि छात्रों को इन स्टार्टअप्स से "बहुत आकर्षक ऑफर मिले" हैं. उन्होंने कहा, "स्क्रीनिंग मानदंडों को पूरा करने वाले 24 स्टार्टअप ने इसमें भाग लिया. छात्रों को बेहद आकर्षक ऑफर मिले." उन्होंने कहा कि बिट्स परिसरों में करीब 3400 के बैच के लिए औसत वेतन 20 लाख रुपये से अधिक है, जो कि अभूतपूर्व है. 

इसके साथ ही राव ने कहा कि यदि कोई संस्थान प्लेसमेंट के लिए अपने प्रतिष्ठित पूर्व छात्रों के नेटवर्क का उपयोग नहीं कर रहा है तो "वे कुछ गलत कर रहे हैं." 

बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड साइंस (बिट्स), पिलानी देश के पहले छह संस्थानों में से एक है, जिसे इंस्टीट्यूट ऑफ एमिनेंस का दर्जा दिया गया है. इसका मुख्‍य रूप से फोकस इंजीनियरिंग और विज्ञान में उच्च शिक्षा और अनुसंधान पर है. 

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