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Eid Kab Hai 2026 LIVE Updates: ईद-उल-फितर इस्लाम धर्म के सबसे प्रमुख त्योहारों में से एक है यह त्योहार रमज़ान के महीने के खत्म होने के बाद आता है. रमज़ान का महीना इबादत, सब्र और इंसानियत का संदेश देता है. इस पूरे महीने में मुसलमान रोज़ा रखते हैं, नमाज पढ़ते हैं और अल्लाह की इबादत में ज्यादा समय बिताते हैं. इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार, रमज़ान साल का नौवां महीना होता है. इस महीने में 29 या 30 दिन तक रोज़े रखे जाते हैं. आखिरी रोज़े के बाद चांद देखा जाता है. जैसे ही चांद नजर आता है, रमज़ान का महीना खत्म हो जाता है और 10वें यानी 'शव्वाल' महीने की शुरुआत होती है. इसी महीने की पहली तारीख को ईद-उल-फितर का त्योहार मनाया जाता है.

भारत में ईद का फैसला आमतौर पर सऊदी अरब और खाड़ी देशों में चांद दिखने के आधार पर होता है. साल 2026 में सऊदी अरब में 18 मार्च को ईद का चांद दिखाई देने की उम्मीद है. अगर आज वहां चांद दिख जाता है तो सऊदी अरब में 19 मार्च को ईद मनाई जाएगी. जिसके बाद भारत में यह त्योहार 20 मार्च को मनाया जा सकता है. वहीं, अगर 18 मार्च को चांद नहीं दिखता है तो अगले दिन चांद दिखाई देने के बाद सऊदी अरब में 20 मार्च और भारत में 21 मार्च को ईद मनाई जाएगी.

ईद-उल-फितर को लोग 'मीठी ईद' भी कहते हैं. इस दिन सुबह सबसे पहले मस्जिदों में ईद की खास नमाज अदा की जाती है. इसके बाद लोग एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद देते हैं. घरों में खीर और सेवइयां जैसी मीठी चीजें बनाई जाती हैं. लोग भाईचारे के साथ मिलकर इस पर्व को मनाते हैं. 

ईद अल फितर | Eid Ul Fitr 2026 Moon Sighting Live

क्यों रखे जाते हैं रोजे?

इस्लामिक मान्यताओं के अनुसार, साल 610 के नौवें महीने में मोहम्मद साहब को लेयलत उल-कद्र के मौके पर पवित्र कुरान शरीफ का ज्ञान प्राप्त हुआ था. ऐसे में नौवें महीने में मुस्लिम समुदाय के लोग अल्लाह के नाम का रोजा रखते हैं.

Eid-Ul-Fitr 2026 LIVE Updates: क्या है रमजान और रोजे का महत्व?

इस्लामिक मान्यताओं के अनुसार, रोजा केवल भूखे और प्यासे रहने का नाम नहीं है, बल्कि यह अपनी इच्छाओं को काबू में रखने और अल्लाह के करीब जाने का जरिया है. रमजान का महीना आत्मसंयम, सहनशीलता और आध्यात्मिक शुद्धि का महीना होता है. ऐसे में जब रमजान समाप्त होता है, तो अल्लाह का शुक्रिया अदा करने के लिए ईद मनाई जाती है. यह इस बात का प्रतीक है कि रोजे रखने वाले लोग आत्मसंयम और त्याग की परीक्षा में सफल हुए. 

Eid-ul-Fitr 2026 LIVE Updates: क्या होती है चांद रात?

ईद-उल-फितर यानी मीठी ईद से ठीक पहले रमज़ान के पवित्र महीने के आखिरी दिन की शाम को चांद रात कहा जाता है. यह वह रात है जब ईद का चांद हिलाल देखा जाता है और इसके अगले दिन ईद मनाई जाती है.

Eid ul Fitr 2026 Moon Sighting Live: 19 मार्च को चांद दिखने की संभावना

19 मार्च को रात में भारत, बांग्लादेश और पाकिस्तान जैसे देशों में रमजान के आखिरी रोजे के बाद शव्वाल का चांद देखे जाने की संभावना है. अगर इसी रात चांद नजर आता है तो इन देशों में शुक्रवार, 20 मार्च 2026 को ईद‑उल‑फितर मनाई जाएगी. हालांकि, ईद की आधिकारिक घोषणा चांद दिखाई देने के बाद ही की जाएगी.

Eid 2026 LIVE Updates: क्या है मीठी ईद का महत्व?

इस्लाम धर्म में माना जाता है कि रमजान के दौरान रोजे रखने और इबादत करने से इंसान के सभी छोटे-छोटे गुनाह माफ हो जाते हैं. ऐसे में ईद का दिन जश्न और खुशी का होता है, जिसमें लोग अपने दोस्तों, रिश्तेदारों और करीबियों के साथ खुशियां बांटते हैं.

Eid 2026 Date LIVE Updates: भारत में ईद कब है 2026

भारत में ईद सऊदी अरब के एक दिन बाद मनाई जाती है. ऐसे में अगर सऊदी अरब में ईद-उल-फितर का पर्व 20 मार्च को मनाया जाता है तब भारत में ईद 21 मार्च को मनाई जाएगी

Eid-Ul-Fitr 2026 LIVE Updates: रोजे के बाद क्यों मनाई जाती है मीठी ईद?

इस्लामिक कैलेंडर में दसवें महीने को 'शव्वाल' कहा जाता है. नौवें महीने में रोजे रखने के बाद आखिरी रोजे की ईफ्तारी के बाद चांद का दीदार किया जाता है. इसके बाद 10वें महीने यानी 'शव्वाल' की पहली तारीख को ईद उल-फितर का त्योहार मनाया जाता है. इस दिन विशेष रूप से मीठे पकवान बनाए जाते हैं. ऐसे में इसे मीठी ईद के नाम से भी जाना जाता है.

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