मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर मचा सियासी घमासान अब भोपाल से देश की राजधानी दिल्ली शिफ्ट हो चुका है. कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का पर्चा खारिज होने के बाद कांग्रेस के सभी विधायक और प्रदेश के तमाम बड़े दिग्गज नेता इस समय दिल्ली में डेरा डाले हुए हैं. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर दिल्ली में कांग्रेस ने एक बड़ी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सरकार और चुनाव अधिकारियों पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं.जिसमें मीनाक्षी नटराजन ने साफ कहा- मैंने कोई जानकारी नहीं छुपाई है. मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने दावा किया कि बीजेपी हमारे विधायकों की एकजुटता देखकर डर गई है. दूसरी तरफ मध्य प्रदेश विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने राष्ट्रपति से मुलाकात का समय न मिलने पर नाराजगी जाहिर की है.
आदरणीय मध्यप्रदेशवासियों,
— Jitendra (Jitu) Patwari (@jitupatwari) June 12, 2026
वोट चोरी, विधायक-सांसद चोरी, चुनाव चोरी के बाद सीट चोरी की 'भाजपाई करतूत' के विरुद्ध कांग्रेस आज महामहिम राष्ट्रपति के समक्ष भी आपत्ति/असहमति दर्ज करवा रही है!
मप्र के सभी कांग्रेस विधायक, देश-प्रदेश के वरिष्ठ कांग्रेस नेता तर्क, तथ्य और प्रमाण के साथ…
मैंने कोई जानकारी नहीं छुपाई: मीनाक्षी नटराजन
अपने नामांकन पर मचे बवाल और रिटर्निंग ऑफिसर के फैसले पर कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी स्थिति साफ की है. नटराजन ने कहा कि अगर कोई लंबित आपराधिक मामला होता या कोई दंडनीय अपराध होता, तो उसकी जानकारी अवश्य दी जाती. उन्हें केवल एक लीगल नोटिस मिला था और इसके अलावा उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है. उन्होंने स्पष्ट किया कि फॉर्म 26 के कॉलम में ऐसी कोई व्यवस्था या सूचना नहीं थी, जहां इस तरह के लीगल नोटिस की भी जानकारी देना अनिवार्य हो. मीनाक्षी ने कहा कि मेरे द्वारा फॉर्म भरने में कोई कमी नहीं छोड़ी गई थी और जो भी आवश्यक जानकारियां मांगी गई थीं, वो 100 फीसदी सही तरीके से दी गई थीं. नटराजन ने आगे कहा कि चूंकि अब यह पूरा मामला देश की सर्वोच्च अदालत (सुप्रीम कोर्ट) के समक्ष लंबित है, इसलिए इस विषय पर इससे ज्यादा कुछ भी बोलना उनके लिए उचित नहीं होगा.
हमारे विधायकों की एकजुटता देखकर डर गई बीजेपी: जीतू पटवारी
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद मध्य प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला. पटवारी ने स्पष्ट रूप से कहा कि मीनाक्षी नटराजन के नामांकन फॉर्म में जो भी जानकारी मांगी गई थी, वह पूरी तरह से और 100 फीसदी दी गई थी.
इसी डर के कारण सरकारी तंत्र का दुरुपयोग करके हमारे उम्मीदवार का पर्चा खारिज कराया गया है.
राष्ट्रपति भवन से समय न मिलने पर नाराजगी
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने राष्ट्रपति भवन द्वारा समय न दिए जाने पर बेहद कड़ा रुख अपनाया है. सिंघार ने बताया कि समय की कमी का हवाला देकर आज सुबह ही राष्ट्रपति भवन ने कांग्रेस नेताओं को समय देने से इनकार कर दिया है.मध्य प्रदेश विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इस घटनाक्रम पर तीखी नाराजगी जताई है.
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आरओ ने हमारे विधायक से कहा- मुझे नौकरी करनी है: कांग्रेस का बड़ा दावा
इससे पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में नामांकन की स्क्रूटनी के दौरान रिटर्निंग ऑफिसर (RO) के दफ्तर में मौजूद रहे कांग्रेस नेताओं ने चुनाव अधिकारी की निष्पक्षता पर एक बेहद सनसनीखेज दावा किया है. नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने बताया कि जब मीनाक्षी नटराजन का फॉर्म निरस्त किया गया, तब हम सभी लोग वहीं मौजूद थे. जिस प्रकार से पूरी प्रक्रिया में रिटर्निंग अफसर की भूमिका रही, वह बेहद संदेहास्पद थी. जब कांग्रेस नेताओं और विधायकों ने सीधे आरओ से सवाल किया कि आपने इतनी बड़ी कानूनी गलती क्यों की, तो उन्होंने हमारे विधायक के सामने बेबसी जाहिर करते हुए कहा कि 'मुझे नौकरी करनी है'. सिंघार ने आरोप लगाया कि रिटर्निंग ऑफिसर खुद इस बात को अंदरखाने मान रहे हैं कि उन्होंने यह गलत फैसला किसी बड़े राजनीतिक और प्रशासनिक दबाव में आकर लिया है. अब कांग्रेस को उम्मीद है कि सुप्रीम कोर्ट से इस पूरे मामले में न्याय मिलेगा. हालांकि खबर लिखे जाने तक इस पूरे मामले में बीजेपी की तरह से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है.
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