त्योहारों के दिनों में बाजार में मिठाइयों और मावा की डिमांड अचानक आसमान छूने लगती है, जिसका फायदा उठाने के लिए मिलावटखोर सक्रिय हो जाते हैं. ताजा मामला राजस्थान के बूंदी जिले के नमाना कस्बे का है, जहां खाद्य सुरक्षा विभाग और डीएसटी (DST) टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए खेत में चल रहे अवैध कारखाने से 1084 किलो मावा और 355 डिब्बे मिल्क केक बरामद किए हैं. अधिकारियों की मौजूदगी में इस मिलावटी सामग्री को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया. इस छापेमारी में जिला डीएसटी प्रभारी बहादुर सिंह गौड़,खाद्य सुरक्षा विभाग, सीएमएचओ कार्यालय, डीएसओ और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीमें मौजूद रहीं.
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, यह अवैध कारखाना आरोपी दिनेश खेत में चला रहा था, जहां अलवर से बुलाए गए करीब 10 कर्मचारियों के जरिए मिलावटी मिठाइयां तैयार कर त्योहारों पर बाजार में खपाने की तैयारी थी. मुख्य चिकित्सा और स्वास्थ्य अधिकारी ओपी सामर ने बताया कि जिले में मिलावटखोरों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा. त्योहारों के इस सीजन में हमेशा किसी भरोसेमंद और अधिकृत डेयरी से ही सामान खरीदें और बहुत ज्यादा सफेद या असामान्य रूप से चमकीले मावे से बचें.
कारखाने से क्या-क्या हुआ बरामद
- 1084 किलो मावा और मिल्क केक के 355 डिब्बे.
- सूजी के 13 कट्टे और मिल्क केक निर्माण सामग्री के 16 कट्टे.
- सेहत के लिए बेहद हानिकारक पाम तेल के 7 बड़े पीपे.
- ऐसे करें असली और नकली मावे की पहचान
नकली मावे में स्टार्च, आलू, मैदा, डिटर्जेंट या सिंथेटिक दूध जैसी खतरनाक चीजें मिलाई जाती हैं, जो गंभीर बीमारियां पैदा कर सकती हैं. आप घर पर या दुकान पर ही इन आसान तरीकों से शुद्धता परख सकते हैं.
| जांच का तरीका | असली मावा | नकली मावा |
| हथेली पर रगड़ना | उंगलियों पर रगड़ने से शुद्ध घी की भीनी महक आती है और प्राकृतिक चिकनाहट महसूस होती है. | रगड़ने पर यह रबड़ की तरह खिंचता है या पाउडर की तरह बिखर जाता है; कोई चिकनाहट नहीं छोड़ता. |
| गोली बनाना | मावे की गोली बनाने पर वह पूरी तरह चिकनी और गोल बनती है. | गोली बनाते समय वह फटने लगती है और उसमें दरारें पड़ जाती हैं. |
| चखकर देखना | मुंह में डालते ही तुरंत घुल जाता है और स्वाद हल्के मीठे कच्चे दूध जैसा होता है. | मुंह में चिपकने लगता है और इसका स्वाद कसैला, फीका या केमिकल जैसा होता है. |
| सूंघकर देखना | इसमें से दूध और शुद्ध घी की प्राकृतिक खुशबू आती है. | इसमें कोई खुशबू नहीं होती या साबुन या केमिकल जैसी तीखी गंध आती है. |
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ये है सबसे सटीक और वैज्ञानिक तरीका
- थोड़े से मावे को एक कटोरी पानी में डालकर अच्छी तरह उबाल लें.
- इस मिश्रण को पूरी तरह से ठंडा होने दें.
- ठंडा होने के बाद इसमें टिंचर आयोडीन की 2-3 बूंदें डालें.
- रिजल्ट: अगर मावे का रंग बदलकर नीला या काला हो जाता है, तो मावा शत प्रतिशत नकली है. असली मावे का रंग आयोडीन डालने पर नहीं बदलता है.
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