First AI Lawyer Wins Court Case: आर्टिफिशियल इंटलीजेंस (AI) अब न्याय के मंदिर तक भी पहुंच चुका है. फोटो बनाने और कंटेट लिखने से इतर अब ब्रिटेन की एक अदालत में नई इबारत लिखी है. ब्रिटेन के एक लॉ फर्म की गारफील्ड एआई (Garfield AI) चैटबोट ने बाकायदा एक हांड-मांस के इंसान (Chatbot Beats Human Lawyer) को कोर्ट ट्रायल में हारकर आधुनिक और तकनीकी दुनिया में नया इतिहास रच दिया है.
ये भी पढ़ें-बच्चों की भारतीय पैरेंटिंग की फैन हुई विदेशी मां, इंटरनेट पर वायरल हुआ केन्सिया कला का इंस्टाग्राम पोस्ट
क्लाइंट को करीब 9 लाख रुपए की देनदारी से बचाया
फ्रीलांस ह्यूमन रिसोर्स (HR) एग्जीक्यूटिव टैमिरेस कैमल टैक्विडीर का प्रतिनिधित्व करते हुए गारफील्ड AI चैटबॉट ने 7,000 पौंड ( 8.79 लाख रुपए) के 'स्मॉल क्लेम कोर्ट' केस को जीता है. यह केस जीतने के लिए क्लाइंट टैक्विडीर को चैटबॉट को महज 50,252 रुपए चुकाने पड़े. क्लाइंट ने बकाया फीस को लेकर एक हॉस्पिटैलिटी बिज़नेस के खिलाफ़ मुकदमा किया था, जिसके लिए गारफील्ड AI चैटबॉट को 400 पौंड में हायर किया गया था.

एआई चैटबॉट ने जीता कोर्ट केस
Photo Credit: Canva Library
गारफील्ड AI चैटबॉट ने केस जीतकर रचा कीर्तिमान
एक फ्रीलांस एचआर एग्जीक्यूटिव टैमिरेस कैमल टैक्विडीर ने एक हॉस्पिटैलिटी बिज़नेस पर करीब 9 लाख रुपए बकाया फ़ीस को लेकर मुकदमा लड़ने के लिए गारफील्ड AI चैटबॉट को हायर किया था. कोर्ट में केस का नेतृत्व करते हुए AI चैटबॉट ने केस जीतकर कीर्तिमान रच दिया. चैटबॉट ने केस के लिए महज लगभग 50 हजार रुपए चार्ज किए, जबकि इसके लिए अगर इंसानी वकील को हायर किया जाता तो क्लाइंट का लाखों खर्च होना तय था.
ये भी पढ़ें-26 साल के यूट्यूबर ने 8 करोड़ में बनाई हॉरर मूवी, महज 35 दिन में फिल्म ने कमा लिए 3100 करोड़
ये भी पढ़ें-क्या होता है ई जीरो FIR, देशभर में लागू करने की है तैयारी, एक क्लिक में जानिए सबकुछ?
दलील सुनने के बाद कोर्ट ने AI के पक्ष में फैसला सुनाया
ट्रायल शुरू होने से ठीक पहले गारफील्ड ने 'वन एसेक्स कोर्ट' के एक जूनियर बैरिस्टर डोमिनिक ली को हायर किया. वैंड्सवर्थ काउंटी कोर्ट में तीन घंटे तक दोनों पक्षों के बैरिस्टरों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने गारफील्ड AI चैटबॉट द्वारा हायर बैरिस्टर के पक्ष में फैसला सुनाया और विरोधी पक्ष के दावे को खारिज कर दिया. जीत के बाद AI हायर्ड बैरिस्टर ने कहा, "मुझे ट्रायल के मकसद से तैयार किए गए दस्तावेज काफी ज़्यादा लगे."
विरोधी पक्ष के खिलाफ AI वकील ने जीता पहला ट्रायल
गारफील्ड एआई चैटबॉट (Garfield AI Law Firm) लॉ फर्म के को-फाउंडर फिलिप यंग ने लिंक्डइन पर किए पोस्ट में लिखा, "मुझे कानून और न्याय के क्षेत्र में एक बड़ी ऐतिहासिक उपलब्धि की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है. गारफील्ड AI ने अपना पहला ट्रायल जीत लिया है और वह भी इंसानी सॉलिसिटर्स के खिलाफ." यह किसी AI वकील द्वारा विरोधी पक्ष के खिलाफ़ जीता गया पहला ट्रायल था.
ये भी पढ़ें-स्कूल छुट्टी में भी क्यों चार्ज करते हैं ट्रांसपोर्ट फीस, क्या है गाइडलाइन, जानें कहां कर सकते हैं शिकायत?
क्या है गारफील्ड एआई?
गारफील्ड एआई एक लॉ चैटबॉट है, जिसके को-फाउंडर हैं फिलिप यंग (Philip Young). हैं. यह दुनिया की पहला ऐसा लॉ फ़र्म हैं, जिसे सिर्फ AI के जरिए कानूनी सेवाएं देने के लिए ब्रिटेन में अधिकृत किया गया है. यह पहली ऐसी फर्म भी है, जो सिर्फ AI के जरिए कानूनी मुकदमें लड़ती है और पारंपरिक लॉ फर्मों से इतर 'स्मॉल क्लेम्स कोर्ट' यानी £10,000 (12.5 लाख रुपए) तक के छोटे कर्ज के दावों को वसूलने में मदद करती है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं