Banana Capital Of India: भारत में केला सिर्फ एक फल नहीं बल्कि रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा है. यह हर घर की रसोई में आसानी से मिल जाता है और बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी इसे पसंद करते हैं. कभी इसे नाश्ते में खाया जाता है, कभी शेक में मिलाया जाता है तो कभी पूजा में चढ़ाया जाता है. सस्ता, पौष्टिक और हर मौसम में मिलने वाला यह फल भारतीय खानपान का मजबूत हिस्सा बन चुका है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इतनी बड़ी मात्रा में मिलने वाले केले आखिर आते कहां से हैं. इसके पीछे एक ऐसा शहर है जिसने इस फल के उत्पादन में अपनी अलग पहचान बनाई है.
जलगांव है भारत की केला राजधानी या बनाना कैपिटल
महाराष्ट्र का जलगांव शहर भारत की केला राजधानी के रूप में जाना जाता है. यह क्षेत्र देश के सबसे बड़े केला उत्पादक इलाकों में गिना जाता है. यहां की खेती से निकलने वाला केला देश के कई राज्यों में सप्लाई होता है. जलगांव ने अपनी खेती और उत्पादन के दम पर यह खास पहचान हासिल की है.
क्यों केलों के उगने के लिए परफेक्ट है यह जगह?
जलगांव का मौसम और मिट्टी केले की खेती के लिए काफी अनुकूल मानी जाती है. यहां का गर्म तापमान और अच्छी जल निकासी वाली जमीन फसल को बेहतर बनाती है. इसके अलावा यहां के किसान आधुनिक तकनीकों को अपनाने में भी आगे हैं. टिशू कल्चर जैसी तकनीक ने यहां केले के उत्पादन को और मजबूत किया है, जिससे कम समय में ज्यादा और अच्छी गुणवत्ता वाला फल तैयार होता है.

यहां उगती हैं केले की सबसे फेमस किस्में
इस इलाके में कई तरह के केले उगाए जाते हैं, लेकिन कुछ किस्में सबसे ज्यादा मशहूर हैं. ग्रैंड नाइन यानी G-9 यहां की सबसे ज्यादा उगाई जाने वाली वैरायटी है. इसके अलावा रोबस्टा (Robusta) और ड्वार्फ कैवेंडिश (Dwarf Cavendish) भी बाजार में खूब पसंद किए जाते हैं. इन किस्मों की खासियत है इनका स्वाद, साइज और लंबी शेल्फ लाइफ.
भारत की थाली में केले की भूमिका
भारत में केला सिर्फ फल के रूप में नहीं बल्कि कई तरह के व्यंजनों में इस्तेमाल होता है. दक्षिण भारत में केले के चिप्स काफी लोकप्रिय हैं. कच्चे केले की सब्जी और पकौड़े भी बनाए जाते हैं. कई जगहों पर केले के पत्तों पर खाना परोसने की परंपरा भी आज तक कायम है. इन सभी परंपराओं को बनाए रखने में जलगांव जैसे उत्पादन केंद्रों की अहम भूमिका है.
हालांकि देश के कई हिस्सों में केला उगाया जाता है, लेकिन जलगांव का उत्पादन स्तर, तकनीक और सप्लाई नेटवर्क इसे बाकी जगहों से अलग बनाता है. यही वजह है कि यह शहर भारत की केला राजधानी के रूप में अपनी मजबूत पहचान बनाए हुए है.
Watch Video: कैसे बनाएं अचारी आलू टिक्का रेसिपी | How To Make Achari Aloo Tikka
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं