Viral News: भारतीय कपल ने कनाडा में अच्छी खासी सैलरी वाली नौकरी छोड़ दी. इसके बाद कपल ने हिमालय के पहाड़ों में बसने का फैसला किया है. कनाडा में पति-पत्नी दोनों को मिलाकर करीब 1.3 करोड़ रुपये सालाना मिलते थे. कपल दिप्ती नायर और धनंजय मोरे कनाडा में अपनी लग्जरी लाइफ को छोड़कर हिमालय के पहाड़ों के बीच बसे घर में शिफ्ट हो गए. दोनों अभी हिमाचल प्रदेश के बीर में रहकर होम स्टे चला रहे हैं. इंस्टाग्राम पर अलग-अलग पोस्ट में दिप्ती ने कनाडा की नौकरी छोड़ने से लेकर पहाड़ों वाले घर में शिफ्ट होने तक एक-एक जानकारी बताई है. उन्होंने अपनी पोस्ट में पहाड़ों में रहने के लिए आने वाले खर्च का भी ब्योरा दिया.
कनाडा में सबकुछ था- महिला
इंस्टाग्राम @dipti.nair.stories पर दिप्ती ने कनाडा की नौकरी छोड़ने के फैसले को लेकर कई वीडियो पोस्ट किए हैं. एक वीडियो में वह कहती हैं, "मैंने कनाडा छोड़ा इसलिए नहीं छोड़ा था कि वहां की जिंदगी मुश्किल थी. बल्कि, मेरा समय बहुत अच्छा बीता. कनाडा ने मुझे एक बहुत सुंदर ज़िंदगी दी. वहां सुकून था, मज़ेदार यात्राएं थीं, और आर्थिक स्थिरता भी थी. मैंने ऐसे दोस्त बनाए जिनके कारण वहां से निकलना बहुत मुश्किल हो गया."
कनाडा छोड़ने का फैसला रहा मुश्किल
महिला ने कहा कि कनाडा में सबकुछ अच्छा होने की बात करने पर लोगों का सवाल होता, जब कनाडा में इतना अच्छा था, तो वहां से क्यों चले आए? इसका जवाब देने के लिए शब्द खोजने में मुझे थोड़ा समय लगा. एक समय पर हमने खुद से पूछना शुरू किया. क्या हम सच में यह ज़िंदगी चुन रहे हैं? या बस भीड़ के साथ बहे जा रहे हैं, क्योंकि सब यही तो करते हैं? उन्होंने वीडियो में बताया कि मुश्किल बात यह है कि जब ज़िंदगी आरामदायक हो, तो उस पर सवाल उठाना बहुत कठिन होता है.
वहां रुकने के लिए हमेशा कोई न कोई वजह मिल ही जाती है. हम कहते हैं, बस एक साल और रुक जाते हैं, एक और सैलरी हाइक मिल जाए, थोड़े और पैसे बचा लें, वगैरह... लेकिन फिर हमने खुद से कहा कि यह ज़िंदगी, यह नौकरी, यह स्थिरता और आराम - ये कहीं जा तो नहीं रहे हैं? अगर हम कभी वापस उस ज़िंदगी में लौटना चाहें, तो लौट सकते हैं, लेकिन हमारी ज़िंदगी के उस दूसरे रूप का क्या, जहां हम खुद तय कर सकें कि हम अपना समय कैसे बिताना चाहते हैं? क्या हो अगर हम उसे आज़माएं और वह सच में काम कर जाए? क्या यह बहुत शानदार नहीं होगा?
'पहाड़ों में न डेडलाइन है, न भागदौड़ भरी जिंदगी'
इसलिए हमने फैसला किया और वहां से निकल आए. मुझे मानना पड़ेगा कि यह बिल्कुल भी आसान नहीं था. जब से मैंने काम करना शुरू किया है, मैं कभी रुकी ही नहीं. इसलिए अपनी 9 से 5 की नौकरी छोड़ने से मैं बहुत ज़्यादा घबरा गई थी. नौकरी छोड़ने के अपने फैसले से जुड़े 5वें एपिसोड में दिप्ती कहती हैं, मैंने अपनी 9 से 5 की नौकरी छोड़ दी और हिमाचल के पहाड़ों में आ गई. कोई मीटिंग नहीं, कोई डेडलाइन नहीं, कोई भागदौड़ नहीं है.
यह भी पढ़ें | 5 दिन नौकरी, 2 दिन मटन का ठेला...दो IT प्रोफेशनल्स ने पहले ही महीने कमाए 6 लाख, 5 करोड़ का ऑफर ठुकराया
पहाड़ों में पहले महीने कितना आया खर्च ?
दिप्ती ने हिमाचलय के पहाड़ों वाले घर में रहने पर आने वाले खर्च के बारे बताया है. उन्होंने अपने पहले महीने का हिसाब-किताब दिया है. उनका महीने का किराया 9 हजार रुपये था. वे दो लोग रहते थे, उनको मकान मालिक के साथ किचन शेयर करना होता था. राशन में उनके पहले महीने में 5000 रुपये खर्च हुए. इसके अलावा हाउस हेल्प पर 3000 रुपये खर्च किए, जबकि 1000 रुपये वाई-फाई में लग गए.
वीडियो में महिला ने बताया 2 लोगों का खर्च
दिप्ती ने वीडियो में कहा कि मैंने इस बात का ध्यान नहीं रखा था कि बीर (Bir) में स्पेशल कॉफी, एवोकाडो टोस्ट और थाली जैसी चीजें मिलती हैं. हफ्ते में 3 दिन बार आउटिंग पर 8000 रुपये का खर्च आया. इसके अलावा पेट्रोल पर 11 हजार रुपये खर्च हुए. मतलब किराया, राशन, जिम, घर का काम, वाई-फाई, बाहर खाना, पेट्रोल, अन्य खर्चे कुल मिलाकर 38000 रुपये हुए, जो दो लोगों में खर्च हुए. इन 38000 हजार रुपये में हिमालय के पहाड़ों के बीच अच्छी हवा, जिम, कार, घर का बना खाना, कैफे घूमना, सूर्यास्त का नज़ारा और सबसे अच्छी बात - यहां कोई ट्रैफिक नहीं है.
यह भी पढ़ें | घर बैठे 1 लाख महीने कमा रहा इंजीनियर, फिर भी गांव छोड़ शहर जाने की सोच रहा; बताई वजह
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं