त्रिपोली/काहिरा:
मुअम्मर गद्दाफी को सत्ता से हटाने की अपनी मांग को और तेज करते हुए प्रदर्शनकारी लीबिया की राजधानी और गद्दाफी का गढ़ माने जाने वाले त्रिपोली में सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए गद्दाफी समर्थक सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों पर आंसू गैस के गोले छोड़े। लीबिया में बिगड़ती स्थिति पर रूसी राष्ट्रपति दमित्रि मेदवेदेव ने कहा कि देश गृहयुद्ध की तरफ बढ़ रहा है। सत्ता परिवर्तन और सुधारों की मांग को लेकर बहरीन और यमन में प्रदर्शन हुए। यमन में एक प्रदर्शनकारी मारा गया है। ट्यूनीशिया में चुनाव की घोषणा की गई है। लीबिया में पिछले दो सप्ताह से जारी हिंसा में अब तक तीन से छह हजार के बीच लोगों के मारे जाने की आशंका है जबकि 140,000 लोग देश छोड़कर भाग गए हैं। गद्दाफी का देश की राजधानी त्रिपोली पर हालांकि नियंत्रण बना हुआ है लेकिन पूर्वी क्षेत्रों के ज्यादातर शहरों पर विद्रोहियों का नियंत्रण है। समाचार चैनल 'अल जजीरा' के मुताबिक संघर्षों में मारे गए लोगों का अंतिम संस्कार होने के बाद विद्रोही शुक्रवार को सम्भावित हमलों से लड़ने के लिए एकजुट हुए। एक दिन पहले गद्दाफी समर्थक सेना ने ब्रेगा शहर पर हवाई हमले किए। प्रशासन ने विदेशी पत्रकारों को त्रिपोली में मीडिया के मुख्य होटल से बाहर निकलने पर रोक लगा दी है। लेकिन बाद में पत्रकारों से कहा गया कि वे इस शर्त पर होटल से बाहर जा सकते हैं कि उन्हें सरकारी बसों में सवार होकर उन स्थानों पर ही जाना होगा, जहां उन्हें सरकार ले जाना चाहेगी। स्थानीय निवासियों के अनुसार गद्दाफी समर्थक सैनिक त्रिपोली में असन्य कारों में सवार होकर घूम रहे हैं। हाल के दिनों में शहर में धर-पकड़, हत्या और लापता होने की लहर सी चल पड़ी है। लापता लोगों के शव सड़कों पर पड़े मिले हैं। समाचार एजेंसी डीपीए के अनुसार लीबिया के तीसरे सबसे बड़े शहर, मिसुराता में प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि उन्होंने 10 लाख लोगों का जुलूस निकालने का लक्ष्य रखा है और उनमें से कुछ लोग त्रिपोली के लिए कूच करेंगे, जहां गद्दाफी का नियंत्रण बना हुआ है। समाचार एजेंसी डीपीए के मुताबिक गद्दाफी के पुत्र सैफ अल-इस्लाम ने हवाई हमले की रिपोर्टों से इनकार किया है। गद्दाफी के परिवार के साथ अपने सम्पर्कों के चलते लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स (एलएसई) के निदेशक हावर्ड डेविस को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा है। सैफ गद्दाफी ने एलएसई से पढ़ाई की है। अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (आईसीसी) ने प्रदर्शनकारियों पर ढाए जा रहे कथित जुल्म में गद्दाफी और उनके शीर्ष सहयोगियों की भूमिका की गुरुवार को जांच शुरू कर दी। उधर, रूस के राष्ट्रपति दमित्रि मेदवेदेव ने लीबिया की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि देश गृहयुद्ध की ओर बढ़ रहा है। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के मुताबिक मेदवेदेव ने कहा, "लीबिया गृह युद्ध के कगार पर खड़ा है और हमारा लक्ष्य अपने नागरिकों की जीवन की सुरक्षा करना है।"
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