इस्लामाबाद:
जमात उलेमा-ए-इस्लाम-फजल (जेयूआई-एफ) के प्रमुख मौलाना फजलुर रहमान के काफिले पर पिछले दो दिन में गुरुवार को दोबारा आत्मघाती हमला हुआ,जिसमें नौ लोग मारे गए,जबकि 29 घायल हो गए। हमले में मौलाना हालांकि बाल-बाल बच गए, लेकिन उनका वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। समाचार एजेंसी 'डीपीए' के मुताबिक हमलावरों ने खबर-पख्तुखवा प्रांत के चरसाद्दा जिले में डीसीओ कार्यालय के बाहर वारदात को अंजाम दिया, जहां से मौलाना का काफिला गुजर रहा था। उन्हें चरसाद्दा में एक जनसभा को सम्बोधित करना था। हमले के बाद समाचार चैनल 'जियो' से बातचीत में उन्होंने कहा, "मैं ठीक हूं। विस्फोट में मेरी जीप क्षतिग्रस्त हुई है और काफिले में शामिल कुछ सिपाही घायल हुए हैं।" पूर्व मुख्यमंत्री अकरम दुर्रानी और पूर्व मंत्री अजाम स्वाति भी उनके साथ थे। इससे पहले बुधवार को भी पेशावर-इस्लामाबाद सड़क स्थित स्वाबी मोड़ के पास मौलाना के पहुंचने से मिनटभर पहले एक आत्मघाती हमलावर ने खुद को विस्फोट से उड़ा लिया था, जिसमें 10 लोग मारे गए थे, जबकि 19 घायल हुए थे। मौलाना वहां भी जनसभा को सम्बोधित करने वाले थे।
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