विज्ञापन

झांकियां, पटाखे और उग्र प्रदर्शन; फ्रांस में 16 लाख लोग सड़क पर उतरे, पेरिस में पुलिस-प्रदर्शनकारी भिड़े

पेरिस की सड़कों पर झांकियां, लाल फ्लेयर्स, आतिशबाजी और हजारों प्रदर्शनकारी, लेकिन जैसे ही रैली खत्म हुई, एकदम से माहौल बदल गया. वेतन बढ़ोतरी और महंगाई के खिलाफ शुरू हुआ प्रदर्शन कई जगह पुलिस से टकराव में बदल गया.

झांकियां, पटाखे और उग्र प्रदर्शन; फ्रांस में 16 लाख लोग सड़क पर उतरे, पेरिस में पुलिस-प्रदर्शनकारी भिड़े
झांकियां, पटाखे और प्रदर्शन, पेरिस में वेतन बढ़ोतरी की मांग पर लाखों लोग सड़कों
अल्टर्ड बाय NDTV (AnewZ के वीडियो से साभार)
  • फ्रांस में लाखों कर्मचारियों की हड़ताल, पेरिस में पुलिस और प्रदर्शनकारी आमने-सामने
  • मैक्रों सरकार पर बढ़ा दबाव, फ्रांस में मजदूरों और छात्रों का बड़ा आंदोलन
  • पेरिस में फ्लेयर्स और आतिशबाजी के बीच खत्म हुई रैली, बाद में भड़की हिंसा
पेरिस:

फ्रांस में बढ़ती महंगाई, सार्वजनिक सेवाओं में कटौती और सरकार के प्रस्तावित 2027 बजट के विरोध में देशव्यापी हड़ताल और प्रदर्शन देखने को मिल रहा है. राजधानी पेरिस सहित कई शहरों में लाखों कर्मचारी, छात्र और शिक्षक सड़कों पर उतरे. दिनभर चले प्रदर्शनों का समापन पेरिस के नेशन स्क्वायर पर झांकियों, लाल फ्लेयर्स और आतिशबाजी के बीच हुआ, लेकिन बाद में स्थिति तनावपूर्ण हो गई. पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें हुईं, आंसू गैस छोड़ी गई और कई लोगों को गिरफ्तार किया गया. पूरे फ्रांस में हो रहे आंदोलन ने सरकार पर दबाव बढ़ा दिया है.

पेरिस में झांकियों और आतिशबाजी के बीच प्रदर्शन

AnewZ की रिपोर्ट में बताया गया कि फ्रांस की राजधानी पेरिस में देशव्यापी सार्वजनिक क्षेत्र की हड़ताल के दौरान हजारों लोग सड़कों पर उतरे. प्रदर्शनकारियों ने बैनर, झंडे और लाल फ्लेयर्स के साथ मार्च निकाला. नेशन स्क्वायर पर प्रदर्शन का समापन झांकियों, आतिशबाजी और नारेबाजी के बीच हुआ. हालांकि दिनभर ज्यादातर प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे, लेकिन रैली समाप्त होने के दौरान तनाव बढ़ गया. मुख्य मार्च दोपहर में प्लेस द ला रिपब्लिक से शुरू हुआ था. लगभग दो घंटे बाद जुलूस के अग्रिम हिस्से में कुछ प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच टकराव शुरू हो गया.

पुलिस और प्रदर्शनकारियों में झड़प

झड़पों के दौरान दंगा-रोधी पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने का प्रयास किया. सामने आए वीडियो में पुलिसकर्मी कुछ प्रदर्शनकारियों को जमीन पर दबोचते और हिरासत में लेते दिखाई दिए. स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े. कई स्थानों पर आगजनी की घटनाएं भी सामने आईं. दमकलकर्मियों को घटनास्थल पर लगी आग बुझाने के लिए तैनात किया गया. लियोन में भी प्रदर्शन के दौरान कम से कम एक वाहन में आग लगा दी गई और पुलिस को भीड़ नियंत्रण के लिए कार्रवाई करनी पड़ी.

वेतन और महंगाई बना मुख्य मुद्दा

प्रदर्शनकारी बढ़ती जीवन-यापन लागत, वेतन वृद्धि की मांग और सार्वजनिक सेवाओं में कटौती के विरोध में सड़कों पर उतरे थे. ट्रेड यूनियनों ने सरकार से सभी क्षेत्रों में वेतन बढ़ाने, पेंशन में सुधार, आम लोगों की क्रय शक्ति बढ़ाने और उद्योगों तथा युवाओं के लिए अधिक समर्थन की मांग की. लियोन में प्रदर्शन में शामिल वाइन उत्पादक मार्टिन थिबर्ज ने कहा कि लोग अपने काम से सम्मानजनक आय चाहते हैं और यही इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य है. मार्सेई में 31 वर्षीय सामाजिक कार्यकर्ता लिया ने कहा कि बढ़ती कीमतों के कारण आम लोगों का जीवन कठिन हो गया है और यह आंदोलन लोगों के लिए उम्मीद लेकर आया है.

16 लाख लोगों के शामिल होने का दावा

मजदूर संगठन CGT ने दावा किया कि पूरे फ्रांस में लगभग 16 लाख लोगों ने प्रदर्शनों में हिस्सा लिया. हालांकि फ्रांस के गृह मंत्रालय ने यह संख्या करीब 5.75 लाख बताई. मंत्रालय के अनुसार पेरिस में लगभग 60 हजार लोग मार्च में शामिल हुए. शाम छह बजे तक 448 लोगों को हिरासत में लिया गया था, जबकि झड़पों में 53 पुलिसकर्मी घायल हुए. CGT की नेता सोफी बिने ने पेरिस रैली में कहा कि अब सवाल यह नहीं है कि आंदोलन सफल होगा या नहीं, बल्कि यह है कि सफलता कितनी बड़ी होगी.

छात्रों और शिक्षकों का भी समर्थन

फ्रांस में हाल के सप्ताहों से छात्र भी शिक्षा व्यवस्था और सामाजिक असमानता के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं. यही छात्र आंदोलन अब व्यापक सामाजिक आंदोलन का रूप ले चुका है. सरकार के अनुसार देश के 3,700 हाई स्कूलों में से 81 में अवरोध या प्रदर्शन हुए. वहीं छात्र संगठनों ने दावा किया कि लगभग 1,000 माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ाई प्रभावित हुई. शिक्षा मंत्रालय के अनुसार लगभग 16 प्रतिशत शिक्षक भी हड़ताल में शामिल रहे. रेल कर्मचारियों, सार्वजनिक अस्पतालों और डाक सेवाओं के कर्मचारी संगठनों ने भी हड़ताल का समर्थन किया.

ग्रीस तक पहुंचा आंदोलन

फ्रांस में चल रहे प्रदर्शनों की गूंज ग्रीस तक सुनाई दी. एथेंस में सैकड़ों छात्रों और शिक्षकों ने बेहतर शिक्षा सुविधाओं की मांग को लेकर रैली निकाली. प्रदर्शनकारियों ने स्कूलों और विश्वविद्यालयों के लिए अधिक फंडिंग, जर्जर इमारतों की मरम्मत और शिक्षा सुधारों की मांग की. छात्र नेताओं ने कहा कि वे फ्रांस में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ एकजुटता व्यक्त कर रहे हैं.

सरकार और पुलिस पर बढ़ा दबाव

फ्रांस के गृह मंत्री लॉरेंट नुनेज़ ने प्रदर्शन से पहले कहा था कि देशभर में 70 हजार पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी. उन्होंने हिंसा की किसी भी घटना पर सख्त कार्रवाई का संकेत दिया था. हालांकि प्रदर्शन के दौरान पुलिस के रवैये को लेकर आलोचना भी हुई है. कथित पुलिस ज्यादती के आरोपों की जांच शुरू की गई है.

यह भी पढ़ें : फ्रांस से लेकर अल्बानिया और स्पेन तक, यूरोप में सड़कों पर लाखों लोग... हिंसक हुए प्रदर्शन, हजारों नागरिक गिरफ्तार

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
France Protest, Paris, Nationwide Strike, Workers Protest, Paris Protest
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com