दिल्ली सरकार के सामने इन दिनों बड़ी चुनौती है. मनी लॉन्ड्रिंग केस में पहले सत्येंद्र जैन और अब आबकारी केस में मनीष सिसोदिया की गिरफ्तारी से हड़कंप मचा हुआ है. जैन जहां 9 महीने से जेल में बंद हैं. वहीं, सिसोदिया को 4 मार्च तक सीबीआई की रिमांड पर भेजा गया है. मंगलवार को मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन ने दिल्ली कैबिनेट से इस्तीफा भी दे दिया. सीएम अरविंद केजरीवाल ने दोनों का इस्तीफा स्वीकार कर लिया है. सूत्रों की मानें तो मनीष सिसोदिया के विभाग कैलाश गहलोत और राजकुमार आनंद को दिए जाएंगे. दिल्ली में अभी कोई नया मंत्री नहीं बनेगा.
अरविंद केजरीवाल के बाद AAP में नंबर 2 नेता हैं सिसोदिया
दरअसल, सीएम अरविंद केजरीवाल के बाद आम आदमी पार्टी में मनीष सिसोदिया ही सबसे बड़े नेता है. फरवरी 2020 में मुख्यमंत्री केजरीवाल के अपने बाकी विभाग छोड़ दिए थे. इसके बाद सिसोदिया इन विभागों को भी देख रहे थे. सिसोदिया के पास दिल्ली सरकार के कुल 33 में से 18 विभाग हैं. उनके पास शिक्षा, लोक निर्माण, वित्त, आबकारी, ऊर्जा, जल, स्वास्थ्य जैसे सबसे अहम विभाग थे.
सत्येंद्र जैन के विभाग की जिम्मेदारी भी थी सिसोदिया के पास
सत्येंद्र जैन पहले से तिहाड़ जेल में हैं. सिसोदिया अपने विभागों के साथ ही सत्येंद्र जैन के विभागों का काम भी देख रहे थे. ऐसे में सिसोदिया की गिरफ्तारी और इस्तीफे के बाद आप सरकार के सामने दिक्कत यही है कि उनका काम कौन संभालेगा? क्या पार्टी कुछ पुराने चेहरों पर भरोसा जताएगी या नए चेहरों को मौका देगी?
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