विज्ञापन

कोलकाता भगदड़ पर गरमाई राजनीति: TMC का आरोप- भतीजे और BJP नेताओं को बचा रहे CM, शुभेंदु ने क्या कहा?

शनिवार शाम कोलकाता में दुर्गा पूजा पंडाल में मची भगदड़ में 19 लोगों की मौत हो गई. इस मामले में पुलिस ने आयोजन समिति से 7 लोगों को गिरफ्तार किया है. हालांकि टीएमसी का आरोप है कि सीएम के भतीजे, बीजेपी विधायक पर कार्रवाई नहीं हुई.

कोलकाता में मची भदगड़ पर राजनीति तेज हो गई है.
NDTV
  • कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ से 19 लोगों की मौत और 25 लोग घायल हुए हैं,
  • पुलिस ने इस मामले में सात आरोपियों को गिरफ्तार कर दस दिनों की पुलिस हिरासत में भेजा है.
  • इधर TMC ने भाजपा और मुख्यमंत्री के भतीजे को इस घटना में सुरक्षा व्यवस्था की लापरवाही का दोषी ठहराया है.
कोलकाता:

कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में मची भगदड़ में 19 लोगों की मौत हो गई. 25 अन्य लोग घायल हो गए. इसमें से कई की हालत अभी भी गंभीर है. इस हादसे के बाद कोलकाता के बड़े पूजा-पंडालों की जांच शुरू हो गई है. पुलिस ने चोरबागान दुर्गा पूजा कमेटी के सचिव और उपाध्यक्ष समेत 7 लोगों को गिरफ्तार किया है. उन पर गैर-इरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया है. 

गिरफ्तार 7 आरोपी 10 दिनों की पुलिस हिरासत में

आज दोपहर बाद इन सभी 7 लोगों को कोर्ट में पेश किया गया. कोर्ट ने इन सभी सात आरोपियों को 10 दिनों की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है. सीएम ने हाईकोर्ट के जज से मामले की जांच के निर्देश दिए हैं. दूसरी ओर इस मामले में राजनीति भी शुरू हो गई है. 

टीएमसी का आरोप- भतीजे को बचा रहे सीएम

तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने भगदड़ की घटना पर भाजपा पर निशाना साधा है. TMC ने कोलकाता पुलिस को टैग करते हुए 3 लोगों के नाम गिनाएं और पूछा इन लोगों के खिलाफ कोई कार्रवाई होगी या सीएम उन्हें बचा रहे हैं. 

देबदीप अधिकारी, विजय ओझा और तमोघना घोष को बचाने का आरोप

TMC ने एक्स पोस्ट में देबदीप अधिकारी को मुख्य संरक्षक बताया है, जो सीएम शुभेंदु अधिकारी के भतीजे हैं. वहीं विजय ओझा को अध्यक्ष बताया है, जो भाजपा के विधायक हैं. इसके अलावा तीसरा नाम तमोघना घोष का है, इन्हें मुख्य सलाहकार बताया गया है. तमोघना उत्तरी कोलकाता के भाजपा जिला अध्यक्ष है. 

कोलकाता भगदड़ पर TMC का गंभीर आरोप.

कोलकाता भगदड़ पर TMC का गंभीर आरोप.

सीएम खुद गए थे उद्घाटन करें, नाइंतजामी नहीं दिखीः TMC

TMC ने पोस्ट में यह भी लिखा कि मुख्यमंत्री ने खुद चोरबागान पूजा पंडाल का उद्घाटन किया था. क्या पंडाल में जाते समय उन्होंने सुरक्षा इंतजामों पर ध्यान नहीं दिया? क्या जान गंवाने वाले हर एक व्यक्ति के लिए उन्हें जवाबदेह नहीं ठहराया जाएगा?

बीजेपी प्रवक्ता बोले- कोई ऐसी त्रासदी होने देना चाहेगा क्या?

TMC के आरोपों पर राज्य बीजेपी के प्रवक्ता और विधायक रितेश तिवारी ने कहा कि उन्हें जानकारी नहीं है कि मुख्यमंत्री का कोई रिश्तेदार पूजा समिति से जुड़ा है या नहीं. हालांकि, उन्होंने सवाल किया कि यदि कोई रिश्तेदार समिति से जुड़ा भी हो तो क्या वह अपने रहते ऐसी त्रासदी होने देना चाहेगा?

CM बोले- पिछली सरकार की गलतियों को ढो रहा

इधर CM शुभेंदु अधिकारी ने भगदड़ के दौरान ड्यूटी पर तैनात अस्थायी होमगार्ड की भूमिका की जांच करने के रविवार को निर्देश दिए. पूर्ववर्ती तृणमूल कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने यह भी दावा किया कि उनका प्रशासन पिछली सरकार द्वारा की गई ‘‘गलतियों को ढो रहा है''.

होमगार्ड की भूमिका की होगी जांच

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने भगदड़ में भूमिका की जांच के लिए पूजा पंडाल में ड्यूटी पर तैनात अस्थायी होमगार्ड के नामों की सूची मांगी है. उन्होंने कहा, ‘‘ये होमगार्ड नए भर्ती किए गए कर्मी नहीं हैं. वे लगातार तीसरे साल ड्यूटी पर तैनात थे. उन्हें इससे पहले 2024 और 2025 में नियुक्त किया गया था.''

सीएम शुभेंदु अधिकारी ने क्या कहा?

शुभेंदु अधिकारी ने कहा, ‘‘हम पूर्ववर्ती सरकार की गलतियों का बोझ ढो रहे हैं. इसे सुधारने में समय लगेगा.'' उन्होंने बताया कि रविवार सुबह पंडाल में उन्होंने एक होमगार्ड से बात करने की कोशिश की, लेकिन वह ‘‘बांग्ला समझ भी नहीं सकता था, बोलना तो दूर की बात है.''

घटनास्थल का दौरा कर मेरी राय बदल गईः सीएम

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘घटनास्थल का दौरा करने के बाद इस हादसे को लेकर मेरी राय बदल गई. पहले मुझे जो जानकारी दी गई थी, उससे घटनास्थल पर स्थिति अलग थी. हादसा पंडाल के अंदर नहीं, बल्कि प्रवेश और निकास के लिए इस्तेमाल होने वाले साझा द्वार पर हुआ. पंडाल के अंदर रोशनी भी कम थी. मैं यह सोचकर सिहर उठता हूं कि अगर यह हादसा अंदर हुआ होता तो क्या स्थिति होती.''

सीएम ने बताया- कैसे हुआ हादसा?

उन्होंने कहा कि प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग द्वारों की उचित व्यवस्था करने के बजाय होमगार्ड ने हाथ में पकड़ी जाने वाली रस्सी से एक ही रास्ते को दो हिस्सों में बांट रखा था. मुख्यमंत्री ने दावा किया, ‘‘जब बारिश शुरू हुई, तो उन्होंने रस्सियां हटा दीं और खुद को भीगने से बचाने के लिए वहां से हटकर शरण ले ली.''

आयोजक और अधिकारियों की भूमिका की होगी जांच

उन्होंने कहा कि प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग रास्तों की व्यवस्था नहीं होने के कारण अफरा-तफरी हो गई. हालांकि, उन्होंने कहा कि पूजा आयोजकों और अनुमति जारी करने वाले अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जाएगी.

यह भी पढ़ें - 'पंडाल गिर रहा है': कैमरे पर दिखी कोलकाता पूजा में भीड़ की अफरा-तफरी, फिर हुआ एक ऐलान

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Kolkata Stampede, Chorbagan Durga Puja, Chorbagan Durga Puja Stampede, Suvendu Adhikari, Trinamool Congress
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com