ऑनलाइन डेटिंग ऐप्स के जरिए लोगों को जाल में फंसाकर वसूली करने का एक और मामला राजधानी दिल्ली से सामने आया है. टिंडर पर हुई बातचीत के बाद एक युवती ने बिहार के युवक को मिलने के लिए बुलाया और उसे उत्तर दिल्ली के एक कैफे में ले गई. वहां कुछ देर बाद युवक को करीब 26 हजार रुपये का बिल थमा दिया गया. विरोध करने पर उसे कथित तौर पर धमकाया गया और भुगतान होने तक कैफे से बाहर नहीं जाने दिया गया. पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है.
टिंडर पर हुई थी पहचान, पुलिस को आया कॉल
दिल्ली के उत्तर-पश्चिम जिले की डीसीपी आकांक्षा यादव का कहना है कि 'एक नवंबर को दिल्ली पुलिस को पीड़ित के पिता की तरफ से कॉल आयी थी, जिसमें बताया गया कि उनके बेटे को एक कैफे में रोककर रखा गया है और उससे 26,000 रुपये की मांग की जा रही है. इस घटना में पीड़ित जैद अहमद की एक महिला से डेटिंग ऐप के जरिए पहचान हुई थी और दोनों की ब्लाइंड डेट तय हुई थी. कैफे में खाना ऑर्डर करने के बाद महिला वहां से चली गई, जिसके बाद कैफे की ओर से 26,000 रुपये का बढ़ा-चढ़ाकर बिल बना दिया गया और जैद अहमद को भुगतान किए बिना जाने नहीं दिया गया. इसके बाद उसने अपने पिता को फोन किया. मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए मुखर्जी नगर पुलिस ने कैफे के मालिक जावेद और मैनेजर अनुज कुमार को गिरफ्तार कर लिया है.'

डीसीपी आंकाक्षा यादव
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कैफे में कैसे बढ़ता गया बिल?
शिकायत के मुताबिक कैफे पहुंचने के बाद युवती ने कई तरह के खाद्य पदार्थ, ड्रिंक्स और व्हिस्की ऑर्डर की. कुछ समय बाद कैफे की ओर से लगभग 26 हजार रुपये का हैंड रिटेन (हाथ से तैयार किया गया) बिल शिकायतकर्ता को दिया गया. जब युवक ने बिल की रकम पर सवाल उठाया तो कैफे संचालक और स्टाफ ने तुरंत भुगतान करने का दबाव बनाया.
पैसे दिए बिना नहीं जाने दिया
पीड़ित का आरोप है कि कैफे में मौजूद तीन से चार लोगों ने उसे धमकाया और बाहर जाने से रोक दिया. स्थिति से घबराकर उसने अपने पिता से संपर्क किया. इसके बाद उसके पिता ने ऑनलाइन पैसे भेजे ताकि बिल का भुगतान किया जा सके. पुलिस के अनुसार पहले कैफे मालिक द्वारा दिए गए क्यूआर कोड पर पेमेंट फेल हो गया था. बाद में नवीन राजपूत नाम से जुड़े दूसरे क्यूआर कोड के जरिए रकम ट्रांसफर की गई. भुगतान होने के बाद ही युवक को कैफे से जाने दिया गया.
युवती हुई फरार
कैफे से बाहर निकलने के बाद कथित तौर पर युवती ने अपना मोबाइल फोन बंद कर लिया और संपर्क से बाहर हो गई. पीड़ित ने पूरी घटना अपने पिता को बताई, जिसके बाद पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई गई.
पुलिस ने दो आरोपियों को पकड़ा
मामले की जांच के बाद मुखर्जी नगर थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308(2) और 3(5) के तहत एफआईआर संख्या 451/2026 दर्ज की. जांच के दौरान पुलिस टीम ने कैफे मालिक जावेद (38) और अनुज कुमार (24) की कथित संलिप्तता पाई. दोनों को ब्लैक पैंथर कैफे से गिरफ्तार कर लिया गया. दोनों आरोपी उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के रहने वाले बताए गए हैं.
आरोपी महिला की तलाश जारी
पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ पहले किसी आपराधिक मामले का रिकॉर्ड नहीं मिला है. अब पुलिस सान्या उर्फ निकिता नाम की उस युवती की तलाश कर रही है, जिसने कथित रूप से मुलाकात तय की थी. साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस मामले में अन्य लोग भी शामिल थे और क्या इसी तरह की उगाही का कोई बड़ा नेटवर्क संचालित किया जा रहा था.
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