- इंडिया गठबंधन ने मॉक संसद की जगह जन महाभियोग का आयोजन करने का निर्णय लिया है जिसमें संसद की अवमानना ना हो.
- पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार जन महाभियोग के अध्यक्ष के रूप में होंगी और सपा का एक सांसद उनकी मदद करेगा.
- आयोजन दोपहर तीन बजे शुरू होकर साढ़े सात बजे तक चलेगा तथा 19 पार्टियों के नेता इसमें भाग लेंगे.
इंडिया गठबंधन शुक्रवार को जो मॉक संसद करने वाली थी, उसमें कुछ बदलाव किया गया है. कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि हम वैसा कुछ भी नहीं करना चाहते हैं जिससे संसद की अवमानना हो इसलिए हम मॉक संसद की बात ही नहीं कर रहे हैं. कांग्रेस ने शुक्रवार को होने वाले आयोजन का नाम “जन महाभियोग“ दिया है. जिसमें भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ महाभियोग का प्रस्ताव लाया जाएगा. अब सबसे बड़ा सवाल ये है कि कैसे किया जाएगा? ये जन महाभियोग क्या है और इसकी प्रक्रिया क्या होगी?
मीरा कुमार, प्रियंका-राहुल... कौन-कौन नेता होंगे शामिल
इस संबंध में इंडिया गठबंधन के नेताओं की बैठक हुई. जिसमें पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार के अलावा प्रियंका गांधी, जयराम रमेश, नासिर हुसैन, मणिकम टैगोर, पवन खेड़ा, टीएमसी से डेरेक ओ ब्रायन, जेएमएम से महुआ माजी, सपा से हरेन्द्र मलिक जैसे नेता शामिल हुए.
पहले यह कहा जा रहा था कि पूरा आयोजन संसद के तर्ज पर होगा, जिसमें सरकारी पक्ष और विपक्ष आमने-सामने होंगे. एक अध्यक्ष भी होगा. और ठीक संसद की तरह ही बहस की जाएगी. मगर अब इसमें बदलाव किया गया है.
अध्यक्ष की भूमिका में होंगी मीरा कुमार
अब जन महाभियोग के संचालन का जिम्मा पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार को दी गई है. उनकी मदद के लिए सपा के एक सांसद को लगाया जाएगा. हालांकि अभी तक उनका नाम तय नहीं किया गया है. जन महाभियोग की शुरुआत दोपहर बाद तीन बजे होगी और करीब साढ़े सात बजे तक चलेगी. जब अंतिम वक्ता बोलेंगे.
शुरुआत खरगे के भाषण से अंत राहुल करेंगे
जन महाभियोग की शुरुआत राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे करेंगे और समापन लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी करेंगे. इस जन महाभियोग में कुल 19 पार्टियां के नेता बोलेंगे जिन्हें 5 -5 मिनट का वक्त निर्धारित किया गया है. मगर समाजवादी पार्टी और तृणमूल कांग्रेस को 10-10 मिनट का वक्त मिलेगा.
सिविल सोसाइटी के तीन वक्ता भी होंगे
इसके अलावा कुल वैसे लोगों को भी बोलने का मौका दिया जाएगा. जिनके वोट कट गए हैं. इसके अलावा सिविल सोसाइटी के तरफ से तीन वक्ताओं को बोलने का मौका दिया जाएगा. इस तरह देखा जाए तो करीब 30 वक्ता होंगे. जो जन महाभियोग में हिस्सा लेंगे.
एसआईआर पर बोलेंगे सभी स्पीकर
इस पूरी प्रक्रिया में मुख्य मुद्दा SIR को बनाया जाएगा. जिसमें साढ़े 13 करोड़ मतदाताओं के नाम अभी तक काटे गए हैं. उस पर चर्चा होगी हालांकि कांग्रेस का कहना है कि ये संख्या अब साढ़े 16 करोड़ हो गई है और बहस की थीम होगी कि किस तरह वोटर लिस्ट से नाम कटने का असर आम लोगों की नागरिकता पर पड़ सकता है.
कांग्रेस और इंडिया गठबंधन के सभी घटक दल इस जन महाभियोग को अपने अपने यूट्यूब चैनलों और बाकी सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर सीधा प्रसारण करेंगे. जन महाभियोग का समापन राष्ट्रीय गान यानि जन मन गण से किया जाएगा.
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