बिहार विधानसभा चुनाव (Bihar Assembly Elections 2020) की तैयारियों के बीच लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के अध्यक्ष चिराग पासवान (Chirag Paswan) को झटका लगा है. LJP के सांसद चौधरी महबूब अली कैसर के पुत्र चौधरी यूसुफ़ कैसर को राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने अपना उम्मीदवार बनाया है. यूसुफ़ अपने ख़ानदान की परंपरागत सीट सिमरी बख्तियारपुर से उम्मीदवार होंगे. इस सीट से कैसर परिवार के तीन पीढ़ी के लोग प्रतिनिधित्व करते आ रहे हैं.
इससे पहले, चौधरी ने पिछले हफ़्ते ही राष्ट्रीय जनता दल का दामन थामा था और माना जा रहा है कि ऐसा उन्होंने अपने पिता और लोजपा से दो टर्म से सांसद चौधरी महबूब अली कैसर की सहमति से किया है क्योंकि लोक जनशक्ति पार्टी में केसर उन सांसदो में में एक हैं, जो NDA में रहकर चुनाव लड़ना चाहते थे और उनका कहना था कि बेवजह नीतीश कुमार (Nitish Kumar) से कटुता बढ़ाई जा रही है. यूसुफ़ युवा लोक जनशक्ति के महासचिव भी रह चुके हैं और उनके अपने सांसद का यह कदम चिराग़ के लिए झटका माना जा रहा है.
राष्ट्रीय जनता दल ने भाजपा में भी सोमवार को सेंधमारी की और विधान पार्षद टुना पांडेय के भाई बच्चा पांडेय को बडहरिया से उम्मीदवार होंगे. ये इलाक़ा स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय के प्रभाव का बताया जा रहा है और भाजपा नेताओं को आशंका थी कि बच्चा पांडेय अंतिम समय में राजद का दामन थामेंगे.
इस बीच, लोक जनशक्ति पार्टी ने दूसरे और तीसरे चरण में भी अपने प्रत्याशी उतारने का फ़ैसला किया है और अगले एक दो दिन में प्रत्याशियों के नाम की घोषणा की जायेगी.
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वहीं, राष्ट्रीय जनता दल ने शरद यादव के साथ अब तक घूम रहे रमई राम को एक बार फिर बोचहाँ विधान सभा से टिकट दिया है. पिछले चुनाव में एक निर्दलीय प्रत्याशी से रमई राम अपनी पुरानी सीट हार गये थे.
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