विज्ञापन
This Article is From Feb 19, 2023

"हम दिवालिया हो चुके हैं..", आर्थिक तंगी के बीच पाकिस्तान के मंत्री का बड़ा बयान 

आसिफ ने सियालकोट में एक रैली के दौरान कहा कि पाकिस्तान पहले ही डिफॉल्ट हो चुका है. अब इस आर्थिक संकट के लिए राजनेताओं और नौकरशाही को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है. 

"हम दिवालिया हो चुके हैं..", आर्थिक तंगी के बीच पाकिस्तान के मंत्री का बड़ा बयान 
इस्लामाबाद:

पाकिस्तान में बिगड़े आर्थिक हालात के बीच वहां के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने एक बड़ा बयान दिया है. आसिफ ने रविवार को कहा कि उनका देश दिवालिया हो चुका है. उनका यह बयान उस समय आया है जब पाकिस्तान को IMF से मिलने वाले $ 7 बिलियन के राहत पैकेज की उम्मीद अब ना के बराबर है. आसिफ ने सियालकोट में एक रैली के दौरान कहा कि पाकिस्तान पहले ही डिफॉल्ट हो चुका है. अब इस आर्थिक संकट के लिए राजनेताओं और नौकरशाही को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है. 

'द एक्सप्रेस ट्रिब्यून' में छपे एक बयान में आसिफ ने कहा कि आप सबने सुना होगा कि पाकिस्तान दिवालिया होने वाला है और इसकी शुरुआत हो चुकी है. लेकिन आपको बता दूं कि पाकिस्तान डिफॉल्ट होने वाला नहीं बल्कि डिफॉल्ट हो चुका है. 
हमारे देश में जो समस्या है उसका हल भी देश के अंदर ही है. आईएमएफ के पास हमारे देश की समस्याओं का हल नहीं है. आज देश की इस हालात के लिए हर कोई - सत्ता, नौकरशाही और राजनेताओं को जिम्मेदार बता रहा है. कहा जा रहा है ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि पाकिस्तान में कोई कानून और संविधान को फॉलो नहीं करता है. 

बता दें कि नकदी की भारी किल्लत का सामना कर रहे पाकिस्तान में वार्षिक मुद्रास्फीति दर इस सप्ताह बढ़कर रिकॉर्ड 38.42 प्रतिशत पर पहुंच गई. पाकिस्तान मेंजरूरी वस्तुओं की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी होने से मुद्रास्फीति इस स्तर पर पहुंची है.

'द एक्सप्रेस ट्रिब्यून' ने शनिवार को पाकिस्तान सांख्यिकी ब्यूरो के हालिया आंकड़ों का हवाला देते हुए एक रिपोर्ट में कहा कि अल्पावधि मुद्रास्फीति का मापन करने वाला संवेदी कीमत सूचकांक (एसपीआई) इस सप्ताह सालाना आधार पर बढ़कर 38.42 प्रतिशत हो गया. साप्ताहिक स्तर पर एसपीआई में 2.89 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जबकि पिछले सप्ताह 0.17 प्रतिशत वृद्धि हुई थी. पिछले सप्ताह सालाना स्तर पर एसपीआई मुद्रास्फीति 34.83 प्रतिशत दर्ज की गई थी.

मुद्रास्फीति में यह वृद्धि पाकिस्तान सरकार के नए कर लगाने और पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें बढ़ाने के कारण हुई है. सरकार ने अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष से 1.1 अरब डॉलर की मदद मिलने की शर्त के तौर पर यह कदम उठाया है.

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Pakistan Economic Crisis 2023, IMF, Inflation In Pakistan
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com