अल जज़ीरा के गाजा के ब्यूरो चीफ वाएल दहदौह ने अक्टूबर में एक इजरायली हमले में अपनी पत्नी, दो बच्चों और परिवार के नौ अन्य सदस्यों को खो दिया था. उन्हें आज अपने सबसे बड़े बेटे हमजा को भी अंतिम विदाई देनी पड़ी. हमजा अपने पिता वेल दहदौह की तरह एक पत्रकार थे. राफा में वे एक अन्य पत्रकार के साथ कार में सवार थे. उस कार पर हमला होने पर उनकी मौत हो गई. अन्य पत्रकार मुस्तफा थुरिया (वीडियो स्ट्रिंगर) भी मिसाइल हमले में मारे गए.
अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार, उनके वाहन पर उस समय हमला हुआ जब वद एक "सुरक्षित क्षेत्र" अल-मवासी के पास था.
-
परजीवी, बोझ, फेल प्रोडक्ट... NDTV World Summit में PM मोदी ने कांग्रेस को घेरा -
PM Modi in NDTV World Summit : बदलते वर्ल्ड ऑर्डर में भारत की क्या भूमिका? PM मोदी ने बताया -
PM Modi Speech: Rahul Gandhi पर PM मोदी क्या-क्या बोले? | NDTV World Summit 2026 -
फेल प्रोडक्ट लॉन्च कर रही कांग्रेस, इतनी तो लॉन्चिंग श्रीहरिकोटा से भी नहीं होती; NDTV वर्ल्ड समिट में PM मोदी -
NDTV World Summit के मंच से कौन से नए खेल का जिक्र कर गए मोदी...! -
'मत्स्य न्याय' के उदाहरण से पीएम मोदी ने UN पर क्या कुछ कह दिया? -
तब बड़ी मछली छोटी मछली को निगल जाती है... PM मोदी का NDTV वर्ल्ड समिट से दुनिया को संदेश -
PM Modi Speech: Covid-19 का जिक्र कर PM मोदी ने बताई भारत की ताकत! कही ये बातें | NDTV India -
'मौजूदा चुनौतियों के सामने संयुक्त राष्ट्र की सीमाएं साफ दिख रही हैं', NDTV World Summit में बोले PM मोदी -
भारत क्या पाकिस्तान से अच्छे संबंध चाहता है? NDTV World Summit में जयशंकर का जवाब
दाहदौह ने कब्रिस्तान से अल जज़ीरा को बताया, "हमजा मेरे लिए सब कुछ था, सबसे बड़ा लड़का, वह मेरी आत्मा की आत्मा था." उनके बेटे को कब्रिस्तान में दफना दिया गया.
उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि मेरे बेटे हमजा का खून पत्रकारों के साथ-साथ गाजा पट्टी के लोगों का आखिरी खून है."
सोशल मीडिया पर व्यथित करने वाले दृश्यों में हमजा की गमगीन पत्नी और भाई-बहन उसे दफनाने से पहले अंतिम बार देखने के लिए कब्रिस्तान की ओर भागते नजर आ रहे हैं. वेल दहदौह अपने परिवार के बाकी सदस्यों को सांत्वना देने की कोशिश करते हुए, उसके सिर के पास खड़े थे. एक अन्य वीडियो में वे आंसू बहाते हुए अपने बेटे का हाथ चूमते हुए दिख रहे हैं.

अल जज़ीरा ने गाजा में फ़िलिस्तीनी पत्रकारों की हत्या और उन्हें "निशाना बनाने" की निंदा की है. कंपनी ने एक बयान में कहा, "अल जज़ीरा मीडिया नेटवर्क इजरायली कब्जे वाले बलों द्वारा फिलिस्तीनी पत्रकारों की कार को निशाना बनाने की कड़ी निंदा करता है." कंपनी ने इजरायल पर "प्रेस की स्वतंत्रता के सिद्धांतों का उल्लंघन" करने का आरोप लगाया.
दाहदौह अक्टूबर में गाजा पर इज़राइल के हमले पर ग्राउंड ज़ीरो से रिपोर्टिंग करने वाले सभी पत्रकारों का चेहरा बन गए थे जब उन्हें पता चला कि उनके परिवार के कई सदस्य उसी बमबारी में मारे गए जिसे वह कवर कर रहे थे.
वे उस अस्पताल पहुंचे जहां उनके प्रियजनों के शव रखे गए थे. दक्षिणी गाजा पट्टी के डेर अल-बलाह के एक अस्पताल में अपनी पत्नी और बच्चों के शवों पर उनके विलाप के दृश्य सामने आए थे. उनका परिवार एक अस्थायी घर में रह रहा था.
हमास द्वारा संचालित गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि पिछले 24 घंटों में इजरायली बमबारी में कम से कम 113 लोग मारे गए हैं.
युद्ध तब शुरू हुआ जब हमास ने पिछले साल 7 अक्टूबर को इज़रायल पर एक अभूतपूर्व हमला किया. इस हमले में करीब 1140 लोग मारे गए, जिनमें से अधिकांश आम नागरिक थे. इज़रायल के अनुसार, हमास के लड़ाकों ने लगभग 250 लोगों को बंधक बना लिया था, जिनमें से 132 अभी भी कैद में हैं. माना जाता है कि कम से कम 24 लोग मारे गए थे.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं