राजस्थान के जालोर जिले में कई सरकारी विद्यालयों में मिड-डे मील (एमडीएम) योजना संकट के दौर से गुजर रही है. कई स्कूलों में दूध और आवश्यक खाद्य सामग्री समय पर उपलब्ध नहीं होने से विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. विद्यालय प्रबंधन और रसोइयों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो रहा है. जानकारी के अनुसार, राजकीय प्राथमिक विद्यालय इन्द्रा कॉलोनी, राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय जगनाथ रोड, बागरा और राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय चांदना सहित कई विद्यालयों में दूध की आपूर्ति प्रभावित होने से मिड-डे मील योजना सुचारु रूप से संचालित नहीं हो पा रही है.
सूचना देने के बावजूद नहीं हुई सप्लाई
सबसे गंभीर स्थिति राजकीय प्राथमिक विद्यालय इन्द्रा कॉलोनी में बताई जा रही है. यहां विद्यालय में मिड-डे मील के लिए आवश्यक खाद्य सामग्री समाप्त होने की स्थिति बन गई है. आरोप है कि कई बार संबंधित विभाग को सूचना देने के बावजूद समय पर सामग्री उपलब्ध नहीं करवाई गई. विद्यालय से जुड़ी जानकारी के अनुसार मिड-डे मील बनाने वाली रसोइया (कुक) बच्चों का भोजन बंद न हो, इसके लिए मजबूरी में स्थानीय निजी दुकान से उधार पर खाद्य सामग्री लाकर भोजन तैयार कर रही है.
इससे योजना के संचालन में आर्थिक और प्रशासनिक दोनों तरह की दिक्कतें सामने आ रही हैं. वहीं, राजकीय प्राथमिक विद्यालय इन्द्रा कॉलोनी में वर्ष 2017 से कार्यरत शिक्षिका स्वीटी सहित विद्यालय स्टाफ का कहना है कि विद्यालय में करीब 60 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जबकि केवल दो शिक्षक ही कार्यरत हैं. सीमित स्टाफ के बीच पढ़ाई और मिड-डे मील जैसी व्यवस्थाओं का संचालन करना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है.
प्रशासन से मिड-डे मील सामग्री की सप्लाई की मांग
शिक्षकों और अभिभावकों का कहना है कि यदि समय पर दूध और राशन की आपूर्ति नहीं हुई तो मिड-डे मील योजना प्रभावित होगी, जिसका सीधा असर बच्चों के पोषण और विद्यालय में उनकी नियमित उपस्थिति पर पड़ेगा. अब अभिभावकों और स्थानीय लोगों ने शिक्षा विभाग एवं जिला प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित विद्यालयों में तत्काल दूध और मिड-डे मील की सामग्री उपलब्ध कराई जाए, ताकि बच्चों को नियमित रूप से पौष्टिक भोजन मिल सके और योजना का संचालन बिना बाधा जारी रहे.

अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी एलीमेंट्री प्रकाश दवे ने कहा कि डीएसओ द्वारा सप्लाई चल रही है. हमारे यहां से ऑर्डर दिया जा चुका है. जालोर जिले के अंदर पूरा कोऑपरेटिव सोसाइटी संभाल रही है. कोऑपरेटिव सोसाइटी द्वारा ठेकेदार को दिया गया है. ठेकेदार सप्लाई कर रहा है, हो सकता है कि कुछ स्कूलों में नहीं पहुंचा तो हम कुछ ही दिन में उन स्कूलों तक सप्लाई पहुंचा देंगे.
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