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This Article is From Jun 12, 2022

पैगंबर पर टिप्पणी को लेकर प्रदर्शन: जमीयत ने गिरफ्तारी और पुलिस गोलीबारी की निंदा की

जमीयत के महासचिव मौलाना हकीमुद्दीन कासमी ने कहा कि पैगंबर का ‘अपमान’ कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता. इसका विरोध करना मुसलमानों और देश के न्यायप्रिय नागरिकों का संवैधानिक और लोकतांत्रिक अधिकार है.

पैगंबर पर टिप्पणी को लेकर प्रदर्शन: जमीयत ने गिरफ्तारी और पुलिस गोलीबारी की निंदा की
प्रदर्शन के दौरान की तस्वीर
नई दिल्ली:

जमीयत उलेमा-ए-हिंद (Jamiat Ulema-e-Hind) ने पैगंबर मोहम्मद (Prophet Muhammad) के ‘अपमान' का विरोध करने को मुसलमानों का संवैधानिक अधिकार बताते हुए शनिवार को कहा कि पुलिस गोलीबारी, बुलडोजर का इस्तेमाल और अंधाधुंध तरीके से लोगों को गिरफ्तार करके इस अधिकार का हनन करना किसी भी लोकतांत्रिक सरकार के लिए शर्म की बात है.

पैगंबर मोहम्मद को लेकर भाजपा के दो पूर्व पदाधिकारियों की विवादित टिप्पणियों को लेकर हिंसक प्रदर्शनों के एक दिन बाद देश के कई हिस्सों में तनाव रहा. पैगंबर के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर भाजपा से निलंबित नेता नुपुर शर्मा की गिरफ्तारी की मांग को लेकर झारखंड के रांची में हुई हिंसा में दो लोगों की मौत हो गई और पश्चिम बंगाल के हावड़ा में प्रदर्शन हुए.

उत्तर प्रदेश पुलिस ने शुक्रवार की हिंसा के संबंध में राज्य के विभिन्न जिलों से 237 लोगों को गिरफ्तार किया. कानपुर में तीन जून को भड़की हिंसा के एक सप्ताह बाद कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) ने शनिवार को मुख्य आरोपी के एक करीबी सहयोगी के स्वामित्व वाली एक ऊंची इमारत को ध्वस्त कर दिया.

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जमीयत के महासचिव मौलाना हकीमुद्दीन कासमी ने एक बयान में कहा कि पैगंबर पर टिप्पणी के खिलाफ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के दौरान ‘पुलिस की ज्यादतियों' और स्थिति को नियंत्रित करने में उसकी अक्षमता ने ‘आग में घी डालने' का काम किया.

उन्होंने कहा कि पैगंबर का ‘अपमान' कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता. इसका विरोध करना मुसलमानों और देश के न्यायप्रिय नागरिकों का संवैधानिक और लोकतांत्रिक अधिकार है.

कासमी ने कहा, ‘अंधाधुंध तरीके से लोगों की गिरफ्तारी, पुलिस गोलीबारी और बुलडोजर का इस्तेमाल करके इस अधिकार का हनन करना किसी भी लोकतांत्रिक सरकार के लिए शर्मनाक है.'

उन्होंने कहा कि सरकारों को यह समझना चाहिए कि प्रदर्शनकारी देश के नागरिक हैं और इसलिए उनके साथ ‘विदेशी दुश्मन' जैसा व्यवहार नहीं किया जाना चाहिए.

बहरहाल, उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रदर्शनों में शरारती तत्व शामिल हो सकते हैं. कासमी ने कहा, ‘इसलिए मैं युवाओं से इस प्रकार के तत्वों से सतर्क रहने और शांतिपूर्ण नजरिया अपनाने की अपील करता हूं.'

कासमी ने कहा कि गिरफ्तार किए गए लोगों को कानूनी मदद मुहैया कराने के लिए हर स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं. पैगंबर पर विवादित टिप्पणियां करने को लेकर नूपुर शर्मा को भाजपा से निलंबित और नवीन जिंदल को पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है.

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(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
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चंदन वत्स
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