मध्य प्रदेश में लगातार हो रही बारिश अब जान-माल दोनों पर भारी पड़ने लगी है. जबलपुर में बरगी बांध 95 फीसदी से ज्यादा भर चुका है और उसके गेट खोलने की तैयारी है. चित्रकूट में बाढ़ का पानी उतरने के बाद तबाही की तस्वीरें सामने आ रही हैं, जहां घर, दुकानें और आश्रम तक ढह गए हैं. वहीं सतना में तेज बहाव वाले रपटा को पार करने की कोशिश में दो युवक बाइक समेत बह गए. टीकमगढ़ में भी भारी बारिश से किसानों और मजदूरों की मुश्किलें बढ़ गई हैं. प्रदेश के कई जिलों में नदियां उफान पर हैं और प्रशासन लगातार अलर्ट जारी कर रहा है.
जबलपुर में बरगी बांध का जलस्तर बढ़ा
लगातार बारिश के बीच जबलपुर स्थित बरगी बांध का जलस्तर बढ़कर 422.10 मीटर पहुंच गया है. गुरुवार सुबह 8 बजे तक बांध में 3033 एमसीएम यानी 95.38 प्रतिशत जलभराव दर्ज किया गया. बांध में औसतन 974 क्यूमेक पानी की आवक हो रही है.फिलहाल बरगी बांध के सभी गेट बंद हैं, लेकिन जलस्तर को देखते हुए दोपहर तक पांच गेट खोले जाने की संभावना जताई गई है. गेट खुलने की स्थिति में नर्मदा नदी के निचले इलाकों में जलस्तर बढ़ सकता है. प्रशासन ने नदी किनारे और निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
चित्रकूट में बाढ़ के बाद दर्दनाक तस्वीर
चित्रकूट के राघव प्रयाग घाट पर बाढ़ का पानी भले उतर गया हो, लेकिन पीछे तबाही की ऐसी तस्वीर छोड़ गया है जिसे देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि बहाव कितना भयावह रहा होगा. घाट के आसपास बने कई मकान, दुकानें और आश्रम पूरी तरह ढह गए हैं.
स्थानीय लोगों का कहना है कि उनका सिर्फ घर और कारोबार नहीं उजड़ा, बल्कि पूरे इलाके का संपर्क और सामान्य जीवन भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है. हनुमानधारा को जोड़ने वाला पुल टूट जाने से राघव प्रयाग घाट का सीधा संपर्क टूट गया है. अब लोगों को यहां पहुंचने के लिए करीब 15 किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ रहा है.स्थानीय लोगों का आरोप है कि उन्हें राहत और मदद की जरूरत है, लेकिन प्रशासनिक सहायता अभी तक पर्याप्त नहीं पहुंच पाई है. अब चुनौती सिर्फ नुकसान की भरपाई की नहीं, बल्कि टूटे रास्तों, ढहे घरों और उजड़ चुके रोजगार के बीच जिंदगी को फिर से पटरी पर लाने की है.
सतना में रपटा पार करते समय बाइक समेत बहे दो युवक
सतना जिले के उचेहरा क्षेत्र में गुरुवार को बड़ा हादसा हो गया. भरहुत मार्ग पर ग्राम पंचायत मतरी पतौरा के पास स्थित करारी रपटा को पार करते समय दो युवक तेज बहाव में बाइक समेत बह गए.जानकारी के अनुसार मैहर जिले के कुम्हारी गांव निवासी पुष्पेंद्र लोधी (25) और राजकुमार लोधी (34) अपने रिश्तेदार के अंतिम संस्कार में शामिल होने पिपरी कलां जा रहे थे. रपटा पर पानी का तेज बहाव होने के बावजूद उन्होंने उसे पार करने की कोशिश की, लेकिन बाइक का संतुलन बिगड़ गया और दोनों युवक बह गए.घटना के बाद पुलिस, प्रशासन और ग्रामीणों की मदद से तलाश अभियान चलाया जा रहा है. हालांकि तेज बहाव के कारण राहत एवं खोज अभियान में मुश्किलें आ रही हैं.

जबलपुर में बरगी डैम 95 फीसदी तक भर चुका है. जिसकी वजह से इसके 5 गेटों को खोलना होगा.
टीकमगढ़ में बारिश से जनजीवन प्रभावित
टीकमगढ़ जिले में मौसम विभाग के अलर्ट के बाद लगातार बारिश का दौर जारी है. भारी बारिश के कारण सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है. किसानों और मजदूरों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. कई खेतों में पानी भरने की सूचना है और ग्रामीण इलाकों में आवाजाही भी प्रभावित हुई है.स्थानीय लोगों का कहना है कि लगातार बारिश से खेती-किसानी के काम रुक गए हैं और गांवों में रोजमर्रा की गतिविधियों पर असर पड़ा है.
पूरे प्रदेश में प्रशासन अलर्ट पर
मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश के कारण अलग-अलग तरह की चुनौतियां सामने आ रही हैं. जबलपुर में बांध प्रबंधन पर नजर है, चित्रकूट में बाढ़ के बाद राहत और पुनर्वास की जरूरत है, सतना में तेज बहाव जानलेवा साबित हो रहा है और टीकमगढ़ में लगातार बारिश ने सामान्य जीवन को प्रभावित किया है.प्रशासन ने लोगों से नदी, नालों और रपटों से दूर रहने की अपील की है. साथ ही निचले इलाकों में रहने वालों को सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है.
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