- किरेन रिजिजू ने जंतर-मंतर प्रोटेस्ट को संभालने के लिए पुलिस-प्रशासन की तारीफ की.
- रिजिजू ने इस दौरान कांग्रेस पर तंज करते हुए कहा कि प्रदर्शनकारियों पर गोली चलवाई गई थी.
- किरेन रिजिजू ने कहा कि किसी भी प्रदर्शनकारी को गंभीर चोट नहीं आई, किसी की हड्डी नहीं टूटी.
केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने मंगलवार को बिहार और दिल्ली सरकारों के साथ-साथ बड़े पैमाने पर हुए छात्र प्रदर्शनों से निपटने के लिए कानून-व्यवस्था बनाए रखने वाली एजेंसियों का बचाव किया. उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों ने बिना किसी की जान लिए या गंभीर चोट पहुंचाए भारी भीड़ को संभाला. बिहार और नई दिल्ली में परीक्षा में गड़बड़ी और पेपर लीक को लेकर हाल ही में हुए छात्र प्रदर्शनों के बारे में न्यूज एजेंसी ANI से बात करते हुए, रिजिजू ने पुलिस और प्रशासन की तारीफ की और कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकारों के समय हुए प्रदर्शनों से निपटने के तरीकों की तुलना में इसे बेहतर बताया.
रिजिजू ने पुलिस की ज्यादती के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि हजारों प्रदर्शनकारियों और राजनीतिक आंदोलनकारियों के घुसपैठ के बावजूद, किसी भी प्रदर्शनकारी को गंभीर चोट नहीं आई और न ही किसी की जान गई.
'दिल्ली पुलिस की तारीफ होनी चाहिए...'
रिजिजू ने आगे कहा कि इस आंदोलन के पैमाने पर गौर करें, हजारों लोग आए थे और छात्रों के भेष में कई अपराधी भी घुस आए थे. प्रदर्शन में आधे से ज्यादा लोग आम आदमी पार्टी, डफली बजाने वाले प्रदर्शनकारी, भीम आर्मी और समाजवादी पार्टी से संबंधित थे. उन्होंने दूसरों को हिंसा के लिए उकसाया, फिर भी कोई हताहत नहीं हुआ.
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किरेन रिजिजू ने कहा, "दिल्ली पुलिस और प्रशासन की तारीफ की जानी चाहिए कि उन्होंने इतने बड़े विरोध प्रदर्शन को बिना किसी गंभीर चोट के संभाला. कांग्रेस के दौर में तो गोलीबारी से हजारों लोगों की मौत हुई थी. विरोध प्रदर्शन के दौरान दिल्ली प्रशासन ने एक भी लाठी का इस्तेमाल नहीं किया. उन्हें तभी रोका गया, जब वे जबरन संसद की ओर बढ़ने लगे. कोई मौत नहीं हुई. पुलिस की तारीफ होनी चाहिए."
#WATCH | Delhi: On the Jantar Mantar protest, Parliamentary Affairs Minister Kiren Rijiju says, "...Not a single person was harmed; not a single person suffered a broken bone. Not even one protester is in the hospital with a serious injury. Consider the scale of this… pic.twitter.com/Y3nNSmVML3
— ANI (@ANI) August 18, 2026
रिजिजू का यह बयान बिहार में परीक्षा में कथित गड़बड़ियों और NEET पेपर लीक विवाद को लेकर छात्रों के विरोध-प्रदर्शन के बाद आया है. 25 जुलाई को सिवान में प्रदर्शनकारी छात्रों और पुलिस के बीच झड़प हुई. पत्थरबाजी की घटनाओं के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया और लाठीचार्ज किया. इस हंगामे के दौरान पुलिस के द्वारा AK-47 से फायरिंग की घटना की भी खबर मिली.
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