Kala Gud Ya Peela Gud Sehat Ke Liye Konsa Behtar: भारत में गुड़ सदियों से खाने का हिस्सा रहा है. खासकर सर्दियों और पारंपरिक भोजन में इसका इस्तेमाल बहुत आम है. चीनी के मुकाबले गुड़ को ज्यादा हेल्दी माना जाता है क्योंकि इसमें कई जरूरी मिनरल्स और पोषक तत्व होते हैं. यही वजह है कि आज भी कई लोग मिठास के लिए चीनी की जगह गुड़ खाना पसंद करते हैं. लेकिन अक्सर लोगों के मन में एक सवाल रहता है कि काला गुड़ ज्यादा फायदेमंद है या पीला गुड़. विशेषज्ञों के अनुसार दोनों तरह के गुड़ गन्ने के रस से ही बनाए जाते हैं, लेकिन इनके बनने की प्रक्रिया और शुद्धता में फर्क होता है. इसी वजह से इनके रंग और पोषण में भी थोड़ा अंतर देखा जाता है.
काला गुड़ क्यों माना जाता है ज्यादा शुद्ध?
काला गुड़ आमतौर पर कम प्रोसेस किया जाता है. इसे बनाने के दौरान ज्यादा केमिकल या सफाई की प्रक्रिया नहीं होती. यही कारण है कि इसका रंग गहरा भूरा या काला दिखाई देता है. डॉक्टरों और न्यूट्रिशन एक्सपर्ट्स के मुताबिक काले गुड़ में आयरन, कैल्शियम, पोटैशियम और मैग्नीशियम जैसे मिनरल्स अच्छी मात्रा में पाए जाते हैं. यह शरीर को ऊर्जा देने के साथ-साथ खून की कमी यानी एनीमिया से बचाव में भी मदद कर सकता है.
पीला गुड़ कैसे बनता है?
पीला या हल्का रंग वाला गुड़ दिखने में ज्यादा साफ और आकर्षक लगता है. लेकिन कई बार इसे साफ करने के लिए प्रोसेसिंग के दौरान कुछ केमिकल्स या रिफाइनिंग तकनीकों का इस्तेमाल किया जाता है. इसी वजह से कुछ विशेषज्ञ मानते हैं कि पीले गुड़ में प्राकृतिक पोषक तत्व थोड़े कम हो सकते हैं. हालांकि यह भी शरीर को ऊर्जा देने में मदद करता है और स्वाद में भी अच्छा होता है.
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गुड़ खाने के फायदे
गुड़ खाने से शरीर को तुरंत ऊर्जा मिलती है. इसमें मौजूद मिनरल्स पाचन को बेहतर बनाने में मदद करते हैं. कई लोग खाने के बाद थोड़ा सा गुड़ इसलिए खाते हैं क्योंकि यह पाचन प्रक्रिया को आसान बना सकता है. इसके अलावा गुड़ शरीर से विषैले तत्व बाहर निकालने, खून साफ करने और इम्यूनिटी बढ़ाने में भी मददगार माना जाता है.
कौन-सा गुड़ चुनना बेहतर?
एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगर संभव हो तो कम प्रोसेस किया हुआ गहरा रंग का गुड़ चुनना ज्यादा अच्छा माना जाता है. यह ज्यादा प्राकृतिक और पोषक तत्वों से भरपूर हो सकता है. हालांकि किसी भी चीज की तरह गुड़ भी सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए. ज्यादा मात्रा में गुड़ खाने से शरीर में शुगर का स्तर बढ़ सकता है.
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(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)
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