कर्नाटक पुलिस ने छह सदस्यीय लुटेरे गिरोह का भंडाफोड़ कर चोरी का 17.7 किलोग्राम सोना बरामद किया है. यह सोना 28 अक्टूबर 2024 को दावणगेरे जिले के न्यामती स्थित भारतीय स्टेट बैंक की शाखा से चोरी किया गया था. पुलिस ने चोरी का लॉकर तमिलनाडु के मदुरै जिले के उसलमपट्टी कस्बे के एक कुएं से बरामद किया है.
मुख्य आरोपी की पहचान 30 साल के विजय कुमार के रूप में हुई है. डकैती में अजयकुमार (28), अभिषेक (23), चंद्रू (23), मंजूनाथ (32) और परमानंद (30) ने उसकी मदद की थी.
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पुलिस ने एक बयान में कहा, "विजय कुमार और अजय कुमार भाई हैं, जबकि परमानंद उनकी बहन का पति है. तीनों मूल रूप से तमिलनाडु के हैं, लेकिन कई सालों से न्यामती में मिठाई का कारोबार कर रहे हैं. अन्य तीन आरोपी अभिषेक, चंद्रू और मंजूनाथ न्यामती के हैं"
पुलिस ने बताया कि डकैती की जांच में पता चला है कि विजय कुमार पिछले साल अगस्त में 15 लाख रुपये लोन लेने के लिए एसबीआई गया था. उसे पैसों की दिक्कत थी. हालांकि, बैंक ने उसके लोन आवेदन को खारिज कर दिया, इसके बाद उसने पैसा हासिल करने का ये तरीकों सोचा. विजय कुमार ने स्पेनिश क्राइम ड्रामा 'मनी हाइस्ट' से प्रेरणा ली और डकैती की योजना बनाने के लिए छह से नौ महीने तक यूट्यूब वीडियो देखे. इस दौरान वो काफी सावधान रहा.

पुलिस ने बताया कि विजय कुमार ने डकैती के लिए अपने भाई, बहनोई और तीन भरोसेमंद साथियों की मदद ली. उसने और चंद्रू ने बैंक की कई बार रेकी की और रात में सुनसान खेतों में मॉक ड्रिल की, ताकि पुलिस और नागरिकों की आवाजाही और लगने वाले समय का आकलन किया जा सके.
विजय कुमार ने ऑक्सीजन सिलेंडर से सीरियल नंबर भी मिटा दिए. आरोपियों ने पूरे परिसर में मिर्च पाउडर भी फैला दिया था, जिसमें स्ट्रांग रूम और मैनेजर का केबिन भी शामिल था.
इस बीच, गिरोह ने पहले ही सोना निकालना, व्यवसायों में फिर से निवेश करना और यहां तक कि उन्हें बेचकर पैसे से घर खरीदना शुरू कर दिया था.
पुलिस ने बताया कि नवंबर से फरवरी तक जांच दलों ने आरोपियों को पकड़ने के लिए विभिन्न राज्यों, मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के दुर्गम इलाकों में कई अभियान चलाए.
आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद, पुलिस ने तमिलनाडु भर में, विशेष रूप से मदुरै जिले के उसिलामपट्टी शहर में चोरी की गई वस्तुओं को बरामद करने के लिए एक व्यापक अभियान शुरू किया. अधिकारियों की एक टीम ने विशेषज्ञ तैराकों की मदद से एक खेत पर 30 फुट गहरे सिंचाई कुएं से लगभग 15 किलोग्राम सोने से भरा एक लॉकर बरामद किया.
पुलिस ने कहा कि विजय कुमार ने संदेह से बचने के लिए कुएं के अंदर लॉकर को छिपाने और दो साल बाद इसे खोलने की योजना बनाई थी. पुलिस ने चोरी किया गया सारा सोना बरामद कर लिया है.
पुलिस ने बताया कि नवंबर 2024 से फरवरी 2025 के बीच पुलिस टीमों ने गुजरात, राजस्थान, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कई तलाशी अभियान चलाए. इस दौरान ककराला गिरोह के गुड्डू कालिया, असलम, हजरत अली, कमरुद्दीन और बाबू सहान को गिरफ्तार किया गया.
पूछताछ के दौरान इन अपराधियों के तमिलनाडु और कर्नाटक में अन्य अपराधों में भी संलिप्त होने की जानकारी मिली है.
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