बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव. (फाइल फोटो)
- तेजस्वी अभी बिहार के सीमांचल क्षेत्र का दौरा कर रहे हैं
- तेजस्वी के अनुसार अखबार उनकी यात्रा की खबरें नहीं छाप रहे
- तेजस्वी ने ट्वीट कर बिहार के सीएम पर साधा निशाना
पटना:
बिहार में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव अभी बिहार के सीमांचल क्षेत्र के जिलों का दौरा कर रहे हैं. लेकिन तेजस्वी के अनुसार बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के दबाव में अख़बार उनकी यात्रा की ख़बरें नहीं छाप रहे. तेजस्वी ने सोमवार को ट्वीट कर पूछा कि कसम खाकर बताइये! आपके निर्देशानुसार आपके अधिकारी सभी अख़बारों के संपादकों को फ़ोन कर हमारी यात्रा की खबरों को दबाने का दबाव क्यों बना रहे हैं? ऐसा डर! मीडिया को आपके द्वारा विज्ञापन नहीं देने का डर दिखाकर ब्लैकमेलिंग करना क्या उचित है?
यह भी पढ़ें : जनता के समक्ष तेजस्वी यादव का नया दांव- नीतीश तो बस 5 साल के लिए, मैं तो अभी 50 साल के लिए हूं
वहीं नीतीश मीडिया से इस बात पर ख़फ़ा दिखे कि राजद और तेजस्वी के आरोपों को बिना तथ्य की जांच किए उनके ख़िलाफ़ छापा जाता है. नीतीश ने कहा कि, मैं देख रहा हूं बिहार की मीडिया में कितनी प्रमुखता से प्रति दिन इसे छापा जाता है, हम मीडिया के आवंटनों के हिमायती हैं, गांधीजी को मानने वाले व्यक्ति हैं. ग़लत भी बोले तो उसकी आज़ादी के हिमायती हैं. ख़ुद ज़रा गौर करके देख लीजिए कि किन-किन बातों को आप लोग तवज्जो दे रहे हैं.'
यह भी पढ़ें : गिरिराज सिंह के ख़िलाफ़ मुक़दमे पर तेजस्वी यादव ने सुशील मोदी से किए ये 'कड़े सवाल'
नीतीश ने राजद के साथ गठबंधन पर कहा कि लालू यादव और उनकी पार्टी ने उनको नेता माना था, वो खुद उन्हें अर्ज़ी देने नहीं गये थे. नीतीश ने कहा कि जब सरकार बनी थी तब उन्होंने भविष्यवाणी की थी कि ये डेढ़ साल से अधिक चल सकती. नीतीश ने कहा कि सरकार चलाने के लिए वो भ्रष्टाचार से समझौता नहीं कर सकते थे.
VIDEO : लालू जी जल्द ही बाहर आएंगे: राबड़ी देवी
नीतीश के इस बयान पर तेजस्वी यादव ने कहा, 'वही तो मैं शुरू से कह रहा हूं कि तेजस्वी तो बहाना था. पलटू चाचा के दिमाग में पहले से ही ज़हर था. 67 साल के आदरणीय बूढ़े आदमी को शर्म आनी चाहिए कि उन्होंने 28 साल के नौजवान को अपनी कुर्सी के कुकर्म छिपाने का बहाना बनाया. अरे चाचा, मर्दों की तरह छोड़कर जाते.'
नीतीश चच्चा, बच्चा की यात्रा से इतना डर गए।
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) February 12, 2018
कसम खाकर बताइये! आपके निर्देशानुसार आपके अधिकारी सभी अख़बारों के संपादकों को फ़ोन कर हमारी यात्रा की खबरों को दबाने का दबाव क्यों बना रहे है?ऐसा डर! मीडिया को आपके द्वारा विज्ञापन नहीं देने का डर दिखाकर ब्लैकमेलिंग करना क्या उचित है?
यह भी पढ़ें : जनता के समक्ष तेजस्वी यादव का नया दांव- नीतीश तो बस 5 साल के लिए, मैं तो अभी 50 साल के लिए हूं
वहीं नीतीश मीडिया से इस बात पर ख़फ़ा दिखे कि राजद और तेजस्वी के आरोपों को बिना तथ्य की जांच किए उनके ख़िलाफ़ छापा जाता है. नीतीश ने कहा कि, मैं देख रहा हूं बिहार की मीडिया में कितनी प्रमुखता से प्रति दिन इसे छापा जाता है, हम मीडिया के आवंटनों के हिमायती हैं, गांधीजी को मानने वाले व्यक्ति हैं. ग़लत भी बोले तो उसकी आज़ादी के हिमायती हैं. ख़ुद ज़रा गौर करके देख लीजिए कि किन-किन बातों को आप लोग तवज्जो दे रहे हैं.'
यह भी पढ़ें : गिरिराज सिंह के ख़िलाफ़ मुक़दमे पर तेजस्वी यादव ने सुशील मोदी से किए ये 'कड़े सवाल'
नीतीश ने राजद के साथ गठबंधन पर कहा कि लालू यादव और उनकी पार्टी ने उनको नेता माना था, वो खुद उन्हें अर्ज़ी देने नहीं गये थे. नीतीश ने कहा कि जब सरकार बनी थी तब उन्होंने भविष्यवाणी की थी कि ये डेढ़ साल से अधिक चल सकती. नीतीश ने कहा कि सरकार चलाने के लिए वो भ्रष्टाचार से समझौता नहीं कर सकते थे.
VIDEO : लालू जी जल्द ही बाहर आएंगे: राबड़ी देवी
नीतीश के इस बयान पर तेजस्वी यादव ने कहा, 'वही तो मैं शुरू से कह रहा हूं कि तेजस्वी तो बहाना था. पलटू चाचा के दिमाग में पहले से ही ज़हर था. 67 साल के आदरणीय बूढ़े आदमी को शर्म आनी चाहिए कि उन्होंने 28 साल के नौजवान को अपनी कुर्सी के कुकर्म छिपाने का बहाना बनाया. अरे चाचा, मर्दों की तरह छोड़कर जाते.'
पूरी स्टोरी पढ़ें
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं
Tejaswi Yadav, Nitish Kumar