अमेरिका की यूनाइटेड एयरलाइंस (US United Airlines) पर फ्लाइट अटेंडेंट पद के लिए खास उम्र और नैन-नक्श वाली महिलाओं को ही प्राथमिकता देने का आरोप लगा है. इसे लेकर हाल ही में एक मुकदमा दर्ज किया गया है. जिसमें आरोप लगा है कि प्रोफेशनल और कॉलेज स्पोर्ट्स टीम के लिए सेवाएं देने वाली एयरलाइंस उम्र और खास फीचर्स वाली महिला कैंडिडेट को ही फ्लाइट अटेंडेंट पद के लिए प्राथमिकता देती है. लॉस एंजिल्स टाइम्स के मुताबिक, ये दावा यूनाइटेड एयरलाइंस के दो फ्लाइट अटेंडेंट ने मुकदमे में किया है.
ये भी पढ़ें-"अभी युद्धविराम करो, इजरायल को जंग के लिए पैसा देना बंद करो": अमेरिका में विरोध-प्रदर्शन
एयरलाइंस ने इसलिए काम से निकाला...
उन्होंने कहा कि लॉस एंजिल्स डोजर्स बेसबॉल टीम की चार्टर फ्लाइट से उनको काम से इसलिए निकाल दिया गया, क्यों कि खिलाड़ी 'गोरी' 'यंग, 'पतली' और 'नीली आंखों' वाली महिलाओं को ही पसंद करते थे. 50 साल की डॉन टोड और 44 साल की डार्बी क्यूज़ादा ने दावा किया कि एयरलाइंस ने उनकी उपेक्षा की और बाद में युवा और पतली महिला सहकर्मियों को प्राथमिकता देने की वजह से उनको फ्लाइट से बाहर कर दिया गया. यूनाइटेड चार्टर फ्लाइट्स के कर्मचारियों के संबंध में लॉस एंजिल्स काउंटी सुपीरियर कोर्ट में दायर किए गए मुकदमे में दोनों महिलाओं ने नस्ल, राष्ट्रीय मूल, धर्म और उम्र के आधार पर उत्पीड़न और भेदभाव का आरोप लगाया था. ये दावा लॉस एंजिल्स टाइम्स की रिपोर्ट में किया गया.
-
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
बिकिनी सीन करने में कृति सेनन को क्यों लगे 12 साल? बोलीं- 6-7 साल पहले ऐसा नहीं कर पातीं -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को पसंद है ये बॉलीवुड फिल्म, कृति सेनन के सामने सुनाया फेमस डायलॉग -
‘AI एक्टर्स इंसानी एक्टर्स की जगह नहीं ले सकते’, बोलीं एलाइन वैन डेर वेल्डन -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
नो इंडियंस अलाउड से मेयर तक का सफर, NDTV समिट में रोहतक से लंदन गई मां-बेटे की जोड़ी ने बताई अपनी जर्नी -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके? -
NDTV World Summit 2026: हॉकी चैंपियन नेहा गोयल का बड़ा खुलासा! दर्द में भी जीत का जश्न -
Ashwini Vaishnaw के ऑफिस में कुर्सी के पीछे क्यों लगी है कील? NDTV World Summit में खोला राज
'रंग गोरा न होने की वजह से हुई अनदेखी'
मुकदमे के मुताबिक टॉड और क्यूज़ादा, दोनों ने यूनाइटेड के लिए 15 सालों से ज्यादा समय तक अपनी सेवाएं दीं. लंबे फ्लाइट समय और अन्य सुविधाओं की वजह से इस तरह के असाइनमेंट से अटेंडेंट्स को सामान्य असाइनमेंट के मुक़ाबले तीन गुना तक मुआवज़ा मिल सकता है. मुकदमे में कहा गया है कि वादी के पास जरूरी अनुभव और योग्यताएं थीं, लेकिन रंग गोरा नहीं होने की वजह से उनकी अनदेखी कर दी गई.
युवा और नीली आंखों वाली अटेंडेंट को मौका देना का आरोप
द न्यूयॉर्क पोस्ट के मुताबिक, यूनाइटेड एयरलाइंस ने उस मामले का निपटारा कर लिया है, जिसमें एयरलाइन पर "युवा, गोरी और और मुख्य रूप से सुनहरे या नीली आंखों वाली महिला अटेंडेंट को फ्लाइट में नियुक्त करने का आरोप लगाया गया था. नए मुकदमे में 2020 के समझौते को नए मामले के आधार के रूप में इस्तेमाल किया गया है, जिसमें कहा गया है कि "2022 में चीजें फिर से बदल गईं जब कई सफेद यूनाइटेड फ्लाइट अटेंडेंट को 'समर्पित दल' में जोड़ा गया.
ये भी पढ़ें-गाजा के अस्पतालों के गलियारों में सर्जरी करने को मजबूर डॉक्टर | बच्चों के लिए कब्रिस्तान बना गाजा- UN
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं