- दुनिया के मशहूर नेपाली पर्वतारोही निर्मल पुर्जा समेत 10 लोग पाकिस्तान में चढ़ाई करते वक्त लापता हो गए हैं
- पाकिस्तान के ब्रॉड पीक पर बर्फीला तूफान की चपेट में आए, अल्पाइन क्लब की ओर से गई टीम को निर्मल लीड कर रहे थे
- लापता होने के कुछ घंटे पहले ही निर्मल पुर्जा ने एनडीटीवी से बात की थी. तब वह कैंप 2 पर थे
"मैं अभी ब्रॉड पीक के कैंप नंबर 2 पर हूं. मैंने मौसम का हाल जानने के लिए इंटरनेट खोला था लेकिन आपका मैसेज मिल गया"...
दुनिया भर में मशहूर नेपाली पर्वतारोही निर्मल पुर्जा ने NDTV को यह ऑडियो मैसेज भेजा था. इस बातचीत के कुछ घंटे बाद ही निर्मल पुर्जा पाकिस्तान के ब्रॉड पीक पर आए बर्फीला तूफान में लापता हो गए. उनके साथ चढ़ाई अभियान पर गए 9 अन्य लोग भी लापता हुए. हालांकि अब दो की बॉडी मिल गई है. पाकिस्तान के अल्पाइन क्लब ने इस बात की पुष्टि की है. गुरुवार, 30 जुलाई को आए हिमस्खलन के बाद से पर्वतारोहियों से कोई संपर्क नहीं हो पाया था लेकिन अब बॉडी मिलने लगी है. काराकोरम पर्वत श्रृंखला में स्थित ब्रॉड पीक 8,047 मीटर ऊंचा है. बुधवार की रात NDTV की बात निर्मल पुर्जा से हुई थी तब वह 6700 मीटर (22000 फीट) की ऊंचाई तक चढ़ाई कर चुके थे.
43 साल के निर्मल पुर्जा पहले ब्रिटेन आर्मी के गुरखा ब्रिगेड में काम कर चुके हैं. इसके बाद वह रॉयल मरीन की स्पेशल बोट स्क्वाड्रन में भी शामिल हुए थे. बुधवार रात उन्होंने ब्रॉड पीक पर 22,000 फीट की ऊंचाई पर स्थित कैंप 2 से एक ऑडियो मैसेज NDTV को भेजा था. इस मैसेज में निर्मल अपनी मौजूदा चढ़ाई और वे क्या करना चाहते थे, इस बारे में काफी जोश के साथ बात कर रहे हैं. उन्होंने कहा, "मैं अभी ब्रॉड पीक के कैंप नंबर 2 पर हूं. ब्रॉड पीक दुनिया की सबसे ऊंची चोटियों में से एक है और 8,000 मीटर से ज्यादा ऊंची चोटी है जिसपर चढ़ाई कर रहा हूं. मैंने मौसम का हाल जानने के लिए इंटरनेट खोला था, लेकिन साथ ही आपका मैसेज भी डाउनलोड हो गया. इसलिए, चोटी पर पहुंचने के बाद मैं आपसे संपर्क करूंगा. आप सभी का धन्यवाद और ब्रॉड पीक साउथ के कैंप 2 से शुभकामनाएं."
रिकॉर्ड-तोड़ मशहूर पर्वतारोही हैं निर्मल
ब्रिटिश सेना और रॉयल मरीन में काम करने के बाद निर्मल पुर्जा पर्वतारोहण और टूर गाइड के क्षेत्र में आए. यहां उन्होंने कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए. निर्मल पुर्जा ने अप्रैल 2019 से अक्टूबर 2019 के बीच महज छह महीने और छह दिन में दुनिया की 14 सबसे ऊंची चोटियों, यानी 8,000 मीटर से अधिक ऊंची सभी चोटियों, को फतह कर लिया था. उस समय यह एक वर्ल्ड रिकॉर्ड था. इससे पहले किसी पर्वतारोही को यह उपलब्धि हासिल करने में कम से कम सात साल लगे थे. इसके बाद 2021 में निर्मल पुर्जा ने नौ अन्य नेपाली पर्वतारोहियों के साथ मिलकर सर्दियों के मौसम में पहली बार के-2 शिखर पर सफलतापूर्वक चढ़ाई की थी. उसी साल नेटफ्लिक्स की एक डॉक्यूमेंट्री में दिखाई देने के बाद उनकी लोकप्रियता दुनिया भर में काफी बढ़ गई.
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