विज्ञापन

पड़ोसी देशों पर हमले नहीं करेगा ईरान, माफी भी मांगी, राष्ट्रपति पेजेशकियान ने किया रणनीति में बड़ा बदलाव

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियान ने साफ कहा है कि ईरान किसी भी दबाव के आगे झुकेगा नहीं. उन्होंने कहा कि ईरान न तो इजरायल और न ही अमेरिका के सामने सरेंडर करेगा.

पड़ोसी देशों पर हमले नहीं करेगा ईरान, माफी भी मांगी, राष्ट्रपति पेजेशकियान ने किया रणनीति में बड़ा बदलाव
  • ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने स्पष्ट किया कि ईरान अब किसी भी पड़ोसी देश पर हमला नहीं करेगा.
  • पेजेशकियान ने कहा कि ईरान पर हमला पड़ोसी देश की जमीन से होने पर ही जवाबी कार्रवाई करेगा.
  • उन्होंने पड़ोसी देशों से हालिया युद्ध के दौरान हुए हमलों के लिए माफी भी मांगी.
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
नई दिल्ली:

ईरान और पूरे मिडिल ईस्ट में भड़क चुकी जंग के बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने एक अहम बयान जारी किया है. राष्ट्रपति ने स्पष्ट किया है कि ईरान अब किसी भी पड़ोसी देश पर हमला नहीं करेगा. यह स्थिति तब तक लागू रहेगी जब तक कि ईरान पर होने वाला हमला उसी पड़ोसी देश की जमीन से न किया जाए. यह बयान ऐसे समय में आया है जब क्षेत्र में मिसाइलों, ड्रोन हमलों और हवाई हमलों की गूंज लगातार बढ़ रही है.

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच राष्ट्रपति पेजेशकियान ने साफ कहा है कि ईरान किसी भी दबाव के आगे झुकेगा नहीं. उन्होंने कहा कि ईरान न तो इजरायल और न ही अमेरिका के सामने सरेंडर करेगा.

पड़ोसी देशों से मांगी माफी

ईरानी राष्ट्रपति ने साथ ही पड़ोसी देशों के लिए एक अहम संदेश भी दिया. उन्होंने कहा कि हालिया युद्ध के दौरान जिन पड़ोसी देशों की तरफ से हमले हुए, उसके लिए उन्हें खेद है. पेजेशकियान ने भरोसा दिलाया कि अब पड़ोसी देशों को निशाना नहीं बनाया जाएगा.

यह भी पढ़ें- ईरान से जंग के बीच एक और युद्ध की तैयारी में अमेरिका, ट्रंप ने बताया अगला नंबर किसका

माफी तो मांगी पर एक शर्त भी

हालांकि उन्होंने एक शर्त भी रखी. पेजेशकियान के मुताबिक, अगर किसी पड़ोसी देश की जमीन का इस्तेमाल ईरान पर हमला करने के लिए किया गया, तो ईरान जवाबी कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा.

ईरानी राष्ट्रपति का यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूरे मध्य पूर्व में तनाव चरम पर है और कई देशों को आशंका है कि युद्ध का दायरा उनके इलाकों तक भी फैल सकता है.

यह भी पढ़ें- तेल पर सबकी नजरें लेकिन पानी पर नहीं...डिसैलिनेशन ठप हुआ तो अमीरी भी हो जाएगी बेबस, एक्सपर्ट ने समझाया

इजरायल-US के हमले में खामेनेई की भी गई जान

इन हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई की भी मौत हो गई है. खामेनेई की मौत के बाद पूरे मध्य पूर्व में तनाव और अनिश्चितता बढ़ गई है. ईरान के भीतर सत्ता संतुलन और आगे की रणनीति को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं. पेजेशकियान के इस बयान को क्षेत्रीय तनाव कम करने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से ग्लोबल बाजार पर असर

इस पूरे संकट के बीच कई देशों में एक और बड़ी चिंता उभरकर सामने आई है- Strait of Hormuz. यह दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है. यहां तनाव बढ़ने से असर सीधे वैश्विक तेल बाजार और ऊर्जा सुरक्षा पर पड़ रहा है.

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com