विज्ञापन

बच्‍चों के साथ ना हो कोई हादसा, हर पैरंट्स को YouTube का पैंरटल फीचर जरूर करना चाह‍िए डाउनलोड, यहां जान‍िए स्‍टेप बाय स्‍टेप तरीका

यूट्यूब ने बच्चों की बढ़ती स्क्रीन टाइम की समस्या को देखते हुए पेरेंट्स के लिए नया पैरेंटल कंट्रोल टूल लॉन्च किया है. इससे शॉर्ट्स देखने की लिमिट, ब्रेक अलर्ट और सोने के रिमाइंडर सेट किए जा सकते हैं.

बच्‍चों के साथ ना हो कोई हादसा, हर पैरंट्स को YouTube का पैंरटल फीचर जरूर करना चाह‍िए डाउनलोड, यहां जान‍िए स्‍टेप बाय स्‍टेप तरीका
इस फीचर से र‍िमांइडर भी लगा सकते हैं पैरंट्स.

Youtube Parental Control Tool: आज के डिजिटल दौर में बच्चों और टीनएजर्स की दुनिया मोबाइल और सोशल मीडिया के इर्द-गिर्द घूमने लगी है. खासकर यूट्यूब शॉर्ट्स और रील्स जैसे छोटे वीडियो इतनी तेजी से स्क्रॉल होते हैं कि बच्चों को समय का अंदाजा ही नहीं रहता. कई पेरेंट्स शिकायत करते हैं कि बच्चे पढ़ाई से ज्यादा मोबाइल में लगे रहते हैं, देर रात तक जागते हैं और चिड़चिड़े भी हो जाते हैं. इसी बढ़ती चिंता को देखते हुए यूट्यूब ने अब माता-पिता के लिए एक खास पैरेंटल कंट्रोल टूल पेश किया है. ये टूल बच्चों की शॉर्ट्स देखने की आदत को लिमिट करने में मदद करेगा और स्क्रीन टाइम को बेहतर तरीके से मैनेज करने का ऑप्शन देगा. माना जा रहा है कि ये फीचर पेरेंट्स के लिए बड़ी राहत बन सकता है.

क्या है? यहां क्या-क्या प्रोडक्ट बेच पाएंगी लड़कियां, जानें अप्लाई करने का आसान तरीका

पेरेंट्स के लिए यूट्यूब का खास टूल (YouTube Parental Control Tool)

यूट्यूब ने बच्चों की डिजिटल आदतों को ध्यान में रखते हुए नए पैरेंटल कंट्रोल फीचर्स लॉन्च किए हैं. इस टूल की सबसे खास बात ये है कि अब पेरेंट्स बच्चों के यूट्यूब शॉर्ट्स देखने का समय तय कर सकते हैं. यानी बच्चा घंटों तक लगातार वीडियो स्क्रॉल ना करे. पेरेंट्स चाहें तो शॉर्ट्स के लिए 30 मिनट, 1 घंटा या 2 घंटे की लिमिट सेट कर सकते हैं. चाहें तो शॉर्ट्स को पूरी तरह से बंद करने का ऑप्शन भी मौजूद है.

Latest and Breaking News on NDTV

ब्रेक और सोने के रिमाइंडर (Break And Bedtime Reminder)

इस नए अपडेट में यूट्यूब ने ब्रेक लेने और सोने के समय के रिमाइंडर भी जोड़े हैं. अगर बच्चा लगातार लंबे समय तक वीडियो देख रहा है, तो स्क्रीन पर ब्रेक लेने का अलर्ट आ जाएगा. वहीं रात के समय एक नोटिफिकेशन बच्चे को बताएगा कि अब सोने का वक्त हो गया है. इससे बच्चों की नींद और हेल्थ पर पड़ने वाला असर कम किया जा सकेगा.

एजुकेशन और पॉजिटिव कॉन्टेंट पर फोकस (Educational And Positive Content)

यूट्यूब का कहना है कि इन टूल्स के जरिए बच्चों को ज्यादा पॉजिटिव, एजुकेशनल और हेल्दी कॉन्टेंट दिखाने पर फोकस किया जाएगा. इससे बच्चों का समय सिर्फ एंटरटेनमेंट में ही नहीं बल्कि सीखने में भी लगेगा. पेरेंट्स बच्चों की डिजिटल लाइफ को बेहतर तरीके से गाइड कर पाएंगे.

पेरेंट्स के लिए क्यों है ये जरूरी (Why This Update Matters For Parents)

कुल मिलाकर ये नया यूट्यूब अपडेट पेरेंट्स के लिए एक मजबूत कंट्रोल सिस्टम देता है. इससे बच्चों की स्क्रीन टाइम की आदत सुधर सकती है और पढ़ाई, नींद और लाइफस्टाइल में बैलेंस बन सकता है.

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com