Old Delhi Netaji Subhash Marg Redevelopment Plan: पुरानी दिल्ली की ऐतिहासिक विरासत को आधुनिक शहरी सुविधाओं से जोड़ने के लिए दिल्ली सरकार और इंद्रप्रस्थ डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (IVPN) ने बड़ा मास्टर प्लान तैयार किया है. इसके तहत दिल्ली गेट से कश्मीरी गेट तक करीब 3.5 किलोमीटर लंबे नेताजी सुभाष मार्ग का कायाकल्प कर इसे स्मार्ट हेरिटेज कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाएगा. लाल किला, जामा मस्जिद और कश्मीरी गेट को जोड़ने वाले इस कॉरिडोर में चौड़े फुटपाथ, साइकिल ट्रैक, दिल्ली गेट पर हेरिटेज इंटरप्रिटेशन पार्क और आधुनिक सार्वजनिक सुविधाएं बनाई जाएंगी.
लाल किला, जामा मस्जिद और कश्मीरी गेट जैसी ऐतिहासिक इमारतों की समृद्ध विरासत को समेटे पुरानी दिल्ली की सूरत अब पूरी तरह बदलने वाली है. दरअसल, दिल्ली सरकार ने दिल्ली गेट से कश्मीरी गेट तक फैले करीब 3.5 किलोमीटर लंबे नेताजी सुभाष मार्ग का संपूर्ण कायाकल्प करने की योजना बनाई है. इंद्रप्रस्थ डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (IVPN) की ओर से तैयार की जा रही इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य पुरानी दिल्ली के ऐतिहासिक स्वरूप को संरक्षित रखते हुए वहां विश्व स्तरीय नागरिक सुविधाएं, बेहतर ट्रैफिक व्यवस्था और पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित कॉरिडोर विकसित करना है. यह मार्ग दिल्ली की समृद्ध ऐतिहासिक विरासत और आधुनिक शहरी जीवन के बीच एक जीवंत पुल का काम करेगा.
तीन हिस्सों में बंटेगा 3.5 किमी का कॉरिडोर
सड़क की उपलब्धता और चौड़ाई के आधार पर पूरे नेताजी सुभाष मार्ग को तीन अलग अलग जोन में बांटकर डिजाइन किया जा रहा है.
- कश्मीरी गेट से जीपीओ चौक: इस खंड में सड़क की चौड़ाई 12 से 24 मीटर है. यहां पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित वॉकावे और ट्रैफिक कंट्रोल पर ध्यान दिया जाएगा.
- जीपीओ से बृजमोहन चौक जामा मस्जिद चौराहा: इस खंड की औसत चौड़ाई 45 मीटर है. यहां सबसे चौड़े फुटपाथ, समर्पित बस लेन और हरित पट्टी विकसित की जाएगी.
- बृजमोहन चौक से दिल्ली गेट चौराहा: इसकी औसत चौड़ाई 16.8 से 26 मीटर है. यहां वाहनों के सुगम आवागमन के साथ लैंडस्केपिंग और वेंडर जोन को व्यवस्थित किया जाएगा.
दिल्ली गेट पर बनेगा भव्य हेरिटेज इंटरप्रिटेशन पार्क
इस परियोजना का सबसे आकर्षक हिस्सा दिल्ली गेट के पास प्रस्तावित हेरिटेज इंटरप्रिटेशन पार्क होगा.
- सांस्कृतिक और हरित क्षेत्र: पार्क में ऐतिहासिक मूर्तियां (Statues), आकर्षक पवेलियन, बैठने के लिए सजावटी बेंचें और विदेशी व देशी फूलों की क्यारियां लगाई जाएंगी.
- स्मार्ट सुविधाएं: इस पार्क में पैदल यात्रियों के लिए सुगम पेडेस्ट्रियन मूवमेंट, समर्पित साइकिल ट्रैक, ग्रीन डिवाइडर, पार्किंग एरिया और आधुनिक सार्वजनिक शौचालय बनाए जाएंगे.
- ऐतिहासिक स्मारकों का सीधा जुड़ाव: यह कॉरिडोर लाल किला, जामा मस्जिद, कश्मीरी गेट और आसपास के पार्कों व पर्यटन स्थलों को एक दूसरे से निर्बाध रूप से जोड़ेगा.
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पैदल यात्रियों, साइकलिस्ट और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को प्राथमिकता
पुरानी दिल्ली में प्रतिदिन आने वाले लाखों पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों की सहूलियत के लिए कॉरिडोर में कई अत्याधुनिक शहरी फीचर्स शामिल किए गए हैं. सड़क पर गाड़ियों की नियमित लेन के साथ-साथ अलग से बस लेन, साइकिल ट्रैक और चौड़े फुटपाथ बनाए जाएंगे. मौजूदा बस स्टॉप्स को अपग्रेड करके स्मार्ट और कवर्ड बनाया जाएगा. इसके अलावा सड़क किनारे अव्यवस्थित पार्किंग को खत्म कर तय पार्किंग जोन बनाए जाएंगे. पूरे 3.5 किमी लंबे मार्ग पर आकर्षक हेरिटेज स्ट्रीट लाइटें, सजावटी ग्रीनरी और आधुनिक लैंडस्केपिंग की जाएगी.
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