अगर आप अपने बच्चे के साथ ट्रेन में सफर करने की तैयारी कर रहे हैं, तो रेलवे का एक जरूरी नियम पहले जान लेना चाहिए. कई लोग सोचते हैं कि छोटे बच्चे के लिए अलग सीट नहीं चाहिए तो उसका टिकट लेने की भी जरूरत नहीं होगी. लेकिन ऐसा हर बार नहीं होता. 5 से 11 साल की उम्र के बच्चों के लिए रेलवे में NOSB टिकट का नियम है. इस टिकट में बच्चा ट्रेन में सफर तो कर सकता है, लेकिन उसे अलग सीट नहीं मिलती. अगर जरूरत होने पर भी ये टिकट नहीं लिया गया, तो टिकट चेकिंग के समय जुर्माना भरना पड़ सकता है. ऐसे में टिकट बुक करने से पहले इस आसान नियम को समझ लेना आपके लिए फायदेमंद रहेगा.
किन बच्चों के लिए लेना जरूरी है
अगर बच्चे की उम्र 5 साल से 11 साल के बीच है और आप उसके लिए अलग सीट नहीं लेना चाहते, तो NOSB टिकट लेना जरूरी होता है. वहीं 5 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए अलग टिकट लेने की जरूरत नहीं होती. वो बिना टिकट भी सफर कर सकते हैं, लेकिन उन्हें भी अलग सीट नहीं मिलती.
कितना पैसा देना पड़ता है
NOSB टिकट में टिकट की कीमत का करीब आधा हिस्सा लिया जाता है. हालांकि कुछ दूसरे पैसे पूरे लग सकते हैं. अगर आप चाहते हैं कि बच्चे को अपनी अलग सीट मिले, तो उसके लिए पूरा टिकट लेना होगा और उसी हिसाब से पैसे देने होंगे.
क्या होता है NOSB टिकट
NOSB बच्चों के लिए दिया जाने वाला एक खास तरह का टिकट है. इसमें बच्चे का टिकट बनता है, लेकिन उसके नाम पर अलग सीट नहीं मिलती. बच्चे को अपने माता-पिता या घर के बड़े के साथ उसी सीट पर सफर करना होता है. टिकट पर सीट नंबर की जगह NOSB लिखा होता है.
किन डिब्बों में मिलता है ये नियम
ये नियम स्लीपर, 3एसी, 2एसी और 1एसी जैसे सोने वाली सीट वाले डिब्बों में मिलता है. चेयर कार या सिर्फ बैठने वाले डिब्बों में NOSB का ऑप्शन नहीं होता. वहां बच्चे के लिए अलग सीट वाला टिकट लेना पड़ता है.
टिकट कैसे बुक करें
IRCTC की वेबसाइट या ऐप पर टिकट बुक करते समय बच्चे की उम्र भरने के बाद सीट और NOSB का ऑप्शन दिखाई देता है. अगर आप NOSB चुनते हैं, तो बच्चे को अलग सीट नहीं मिलेगी. वहीं अगर सीट वाला ऑप्शन चुनेंगे, तो बच्चे के नाम से अलग सीट बुक हो जाएगी.
यह भी पढ़ें- फोन के नेटवर्क अचानक चले जाएं, तो तुरंत हो जाएं अलर्ट, जानिए SIM Swap Scam का पूरा खेल
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं