AI Smart Mask : दुनियाभर में बढ़ते वायु प्रदूषण ने लोगों की सेहत के सामने नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं. महानगरों से लेकर छोटे शहरों तक की आबोहवा लगातार खराब होती जा रही है, जिससे सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है. ऐसे समय में टेक्नोलॉजी तेजी से समाधान तलाश रही है. अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI हमारी सांसों की सुरक्षा तक पहुंच चुका है. इसी दिशा में बेंगलुरु के एक स्टार्टअप अडेवायर टेक्नोलॉजीज ने AI बेस्ड स्मार्ट मास्क तैयार किया है, जो सिर्फ प्रदूषित हवा को फिल्टर ही नहीं करता, बल्कि आसपास की हवा की क्वालिटी पर भी नजर रखता है. यह मास्क एडवांस्ड टेक्नोलॉजी से लैस है और रियल-टाइम में प्रदूषण से जुड़ी अहम जानकारी उपलब्ध कराता है.
रियल-टाइम में AQI की निगरानी
इस स्मार्ट मास्क में लगे सेंसर लगातार आसपास की हवा को एनालाइज करते हैं. यह एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI), प्रदूषण के स्तर और हवा में मौजूद हानिकारक कणों की जानकारी रियल-टाइम में रिकॉर्ड करता है. अगर हवा की क्वालिटी अचानक खराब होती है, तो मास्क तुरंत यूजर को अलर्ट भेजता है, जिससे वह समय रहते जरूरी सावधानी बरत सके.
मोबाइल ऐप से रहेगा पूरा कनेक्शन
AI स्मार्ट मास्क को स्मार्टफोन से भी जोड़ा जा सकता है. मोबाइल ऐप के जरिए यूजर अपने आसपास के प्रदूषण स्तर, AQI और मास्क की फंक्शनलिटी की जानकारी आसानी से देख सकता है. ऐप समय-समय पर स्वास्थ्य संबंधी सुझाव भी दे सकता है, जिससे प्रदूषण के प्रभाव को कम करने में मदद मिल सकती है.
इमरजेंसी में SOS फीचर भी करेगा मदद
इस स्मार्ट मास्क की एक और खासियत इसका SOS फीचर है. किसी इमरजेंसी में यूजर एक बटन दबाकर अपने परिवार या पहले से तय किए गए संपर्कों को तुरंत अलर्ट भेज सकता है. इससे जरूरत पड़ने पर समय रहते मदद मिलना आसान हो सकता है. आने वाले सालों में बढ़ते प्रदूषण के बीच ऐसे स्मार्ट वियरेबल डिवाइस लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन सकते हैं. AI और हेल्थ टेक्नोलॉजी का यह मेल न सिर्फ लोगों को प्रदूषण से बचाने में मदद करेगा, बल्कि उन्हें अपने स्वास्थ्य के प्रति पहले से ज्यादाजागरूक भी बनाएगा. साफ है कि भविष्य में मास्क केवल सुरक्षा का साधन नहीं, बल्कि एक स्मार्ट हेल्थ गार्ड की भूमिका निभाते नजर आ सकते हैं.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं