उदयपुर जिले के गोगुंदा इलाके में एक सरपंच ने बिजली विभाग पर दबाव डालने के लिए एक अलग ही रास्ता अपनाया. भूताला गांव के निवासी वहां से गुजरने वाली बिजली की 11 केवी हाईटेंशन लाइन से लंबे समय से परेशान हैं. यह तार काफी खतरनाक है और एक दिन पहले इसकी वजह से एक बड़ा हादसा होते-होते रह गया. कल, बुधवार 29 जुलाई की शाम को यह तार अचानक टूट गया और पास के एक तालाब में गिर गया. तब एक बच्ची वहीं तालाब के पास खड़ी थी जो बाल-बाल बच गई. तार उसके ऊपर भी गिर सकता था और इससे तालाब के पानी में भी करंट फैलने का खतरा भी था. इसी गंभीर घटना के बाद सरपंच ने तार को हटवाने के लिए बड़ा फैसला लिया और बिजली के खंभे पर चढ़ गया.
खतरनाक खंभे पर चढ़ा सरपंच
भूताला गांव में 11 केवी का बिजली का तार गिरने के बाद हंगामा मच गया. बच्ची गांव के लोगों ने फौरन बिजली विभाग को सूचना दी जिसके बाद बिजली कर्मचारी गांव आए. वहां गांव के लोगों ने उनसे बिजली का तार दूसरी जगह हटाने के लिए कहा. लेकिन कर्मचारियों ने कहा कि वे बिना अधिकारियों के आदेश के ऐसा नहीं कर सकते. इस बात से वहां जुटे ग्रामीणों में असंतोष फैल गया.

सरपंच ने लाइनमैन को बिजली का तार हटाने के लिए कहा
Photo Credit: NDTV
सरपंच मोहन सिंह राजपूत ने लाइनमैन से कहा कि टूटे तार को जोड़ने की कोई जरूरत नहीं है. इसके बाद वहां अफरा-तफरी मच गई. इसी दौरान बिजली कर्मचारियों को झाड़ लगाते हुए सरपंच मोहन सिंह राजपूत बिजली के खंभे पर चढ़ गए. सरपंच ने साफ कह दिया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारी तार हटाने के बारे में कोई निश्चित बात नहीं कहते, तब तक वह नीचे नहीं उतरेगा. सरपंच के इस कदम के बाद वहां और भीड़ लग गई.
लगभग साढ़े तीन घंटे खंभे पर रहा
इस बात की जानकारी बिजली विभाग को मिलने के बाद एईएन और जेईएन गांव पहुंचे. उन्होंने इसके बाद बिजली के तार को हटाने का भरोसा दिया. इसके बाद सरपंच नीचे उतरे. उन्होंने बताया कि इस तार को हटाने की शिकायत कई बार की गई थी. ग्रामीणों ने इसके बारे में डीएम के पास भी शिकायत भेजी थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और बिजली विभाग हादसे का इंतजार करता रहा.
ये भी पढ़ें-: छात्र ने स्कूल बस की सीट फाड़ दी तो डंडों से बुरी तरह पीटा, ड्राइवर और संचालक पर FIR
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं