विज्ञापन

ये राजनीति है भाई! महाराष्ट्र में गठबंधन का अजब-गजब खेल, दुश्मन भी हाथ मिलाने को तैयार

महाराष्ट्र में नगर निगम के नतीजे घोषित होने के बाद राज्य में सियासत की बिसात पर गजब की चाल चली जा रही है. कभी एक-दूसरे के दुश्मन रहे दल भी हाथ मिलाने को आतुर हैं.

महाराष्ट्र में गजब सियासी खेल
  • महाराष्ट्र की राजनीति में इस समय सिद्धांत और विचारधारा जैसे शब्द शब्दकोशों तक सीमित रह गए हैं
  • कहीं कट्टर विरोधी आए पास, तो कहीं वैचारिक दुश्मनों से हाथ मिलाने की तैयारी
  • कई नगर निगमों में विरोधी दल आपस में समझौता करने की कोशिश में लगे हैं
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
मुंबई:

महाराष्ट्र में नगर निगम चुनाव के बाद राज्य में गजब सियासी खेल चल रहा है. मालेगांव नगर निगम में जो हो रहा है, वह सबसे ज्यादा हैरान करने वाला है. यहां 84 सीटों में से 'इस्लाम पार्टी' 35 सीटों के साथ सबसे बड़ी शक्ति बनकर उभरी है. फिलहाल कयास लगाए जा रहे हैं कि इस्लाम पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस मिलकर सत्ता पर काबिज होंगे. लेकिन असली कहानी तो पर्दे के पीछे की चर्चाओं ने पैदा की है. खबर है कि एकनाथ शिंदे की शिवसेना और इस्लाम पार्टी के बीच गठबंधन को लेकर बातचीत चल रही है. अगर ऐसा होता है, तो यह राज्य की राजनीति का सबसे अनोखा और विरोधाभासी गठबंधन होगा.

चंद्रपुर: क्या सत्ता के लिए खत्म होगी BJP-ठाकरे की तकरार!

चंद्रपुर नगर निगम में भी 'बेमेल गठबंधन' की चर्चाएं जोरों पर हैं. चंद्रपुर में बहुमत का आंकड़ा छूने के लिए बीजेपी और उद्धव ठाकरे की शिवसेना के बीच पर्दे के पीछे बातचीत शुरू होने की खबरें हैं. यहां कुल 66 सीटों की महापालिका में बहुमत के लिए 34 का जादुई आंकड़ा चाहिए, लेकिन किसी भी एक पार्टी के पास स्पष्ट जनादेश नहीं है. सबसे बड़ी पार्टी के रूप में 30 सीटों के साथ कांग्रेस सत्ता की दहलीज पर खड़ी तो है, लेकिन बहुमत से 4 कदम दूर है. इसी बीच गलियारों में सबसे चौंकाने वाली चर्चा बीजेपी और उद्धव ठाकरे की शिवसेना के बीच संभावित सीक्रेट डील को लेकर शुरू हो गई है. अगर 23 सीटों वाली बीजेपी और 6 सीटों वाली उद्धव सेना साथ आते हैं, तो यह आंकड़ा 29 तक पहुंचता है, जिसमें शिंदे सेना की 1, वंचित बहुजन अघाड़ी की 2, और निर्दलीयों का समर्थन जोड़कर यह गठबंधन 34 के बहुमत के आंकड़े को छू सकता है. हालांकि, बीजेपी और उद्धव गुट के बीच इस गठबंधन की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह केवल एक सियासी सुगबुगाहट ही है, लेकिन अगर विचारधारा की दीवारें गिरती हैं और यह बेमेल मेल हकीकत बनता है, तो यह चंद्रपुर ही नहीं बल्कि पूरे महाराष्ट्र की राजनीति का सबसे बड़ा उलटफेर साबित होगा.

अकोला- क्या BJP और उद्धव गुट फिर आएंगे साथ?

अकोला का सियासी समीकरण किसी थ्रिलर फिल्म जैसा हो गया है. यहां बीजेपी के पास 38 सीटें हैं, जो बहुमत (41) के बेहद करीब है. लेकिन बहुमत के इस छोटे से फासले को पाटने के लिए बीजेपी और उद्धव ठाकरे की शिवसेना (6 सीटें) के बीच बातचीत शुरू होने की खबरें हैं. सालों तक एक-दूसरे पर तीखे हमले करने वाले ये दोनों दल अगर अकोला में हाथ मिलाते हैं, तो राज्य की बड़ी राजनीति में इसके मायने बहुत गहरे होंगे.

कोल्हापुर: कांग्रेस और शिंदे सेना की बढ़ती करीबी!

कोल्हापुर में 81 सीटों का गणित पेचीदा है. यहां कांग्रेस 34 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी है। BJP (26), शिवसेना शिंदे (15) और अजीत पवार की एनसीपी (4) मिलकर 'महायुति' की सरकार आसानी से बना सकते हैं. लेकिन सियासत सीधी रेखा में नहीं चलती. सूत्रों के हवाले से खबर है कि कोल्हापुर में कांग्रेस और शिंदे गुट की शिवसेना के बीच स्थानीय स्तर पर गठबंधन की सुगबुगाहट है. हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन अगर यह गठबंधन होता है, तो यह महायुती के लिए बड़ा झटका साबित होगा.

कल्याण-डोंबिवली KDMC : MNS के दांव से उद्धव की 'मातोश्री' में हलचल

कल्याण-डोंबिवली में राज ठाकरे की MNS ने एक ऐसा दांव खेला है जिसने उद्धव ठाकरे के खेमे में खलबली मचा दी है. यहां MNS ने स्थानीय स्तर पर एकनाथ शिंदे की शिवसेना को समर्थन देने का फैसला किया, जिसने पूरे राज्य के सियासी समीकरण बदल दिए. यहां एकनाथ शिंदे ने एक ऐसा चक्रव्यूह रचा है, जिसने बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण के गढ़ में खलबली मचा दी है. कुल 122 सीटों वाले इस महापालिका में बहुमत के लिए 62 का आंकड़ा चाहिए, जहां फिलहाल शिंदे की शिवसेना 53 सीटों के साथ सबसे बड़ी शक्ति है. शिंदे ने ना सिर्फ राज ठाकरे की MNS (5 सीटें) को साथ लिया है, बल्कि पावर गेम की कई कहानियां घूम रही हैं! सबसे बड़ा झटका उद्धव ठाकरे को लगा है, क्योंकि उनके 11 नवनिर्वाचित पार्षदों में से 4 पार्षद 'नॉट रिचेबल' बताए जा रहे हैं, जिनके शिंदे गुट में शामिल होने की प्रबल संभावना है. उद्धव इस समीकरण से बेहद नाराज बताए जा रहे हैं.
 

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com