- महाराष्ट्र के अहिल्यानगर में भीड़ के हमले में एक बिजली कर्मचारी की मौत हो गई है.
- बिजली कर्मचारी धीरज परदेशी का पिछले तीन दिनों से इलाज चल रहा था, लेकिन सोमवार को उनकी मौत हो गई.
- घटना के बाद अहिल्यानगर में हिंदूवादी संगठनों ने शहर बंद का ऐलान करते हुए प्रदर्शन किया है.
महाराष्ट्र के अहिल्यानगर में शुक्रवार को बिजली कर्मचारी धीरज परदेशी पर ड्यूटी के दौरान अचानक से भीड़ ने हमला कर दिया था. तीन दिन के इलाज के बाद उनकी मौत हो गई, जिससे अहिल्यानगर में तनाव बढ़ गया, सोमवार को हिंदूवादी संगठनों ने शहर बंद का ऐलान करते हुए साथ धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया. इस दौरान बीजेपी विधायक अक्षय कर्डिले ने घटना पर बड़ा बयान देते हुए कहा जिहादी मानसिकता वाले ऐसे आरोपियों के सिर काट देने चाहिए. धीरज की पत्नी ने मांग की है कि जहां उनके पति को पीटा गया था, वहीं पर उनका अंतिम संस्कार किया जाए. इस घटना के बाद शहर में प्रशासन अलर्ट पर है.
क्या है अहिल्यानगर का यह मामला
दरअसल, अहिल्यानगर के मुकुंदनगर इलाके में ड्यूटी के दौरान बिजली विभाग के संविदा कर्मचारी धीरज परदेशी पर भीड़ ने अचानक हमला किया था. जिसमें वह बुरी तरह घायल हो गया था. घटना के तीन दिन बाद अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी. बताया जा रहा है कि बताया जा रहा कि मुकुंदनगर इलाके में बिजली के खंभे पर काम चल रहा था. धीरज इस दौरान ड्यूटी पर तैनात था. लेकिन शुक्रवार शाम को 10 से 15 लोगों की भीड़ ने अचानक से उसे पीटना शुरू कर दिया. इस हमले में उसके सिर में गंभीर चोटे आईं थी. घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि गंभीर हालत में धीरज को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. जहां डॉक्टरों ने उसे तीन दिनों तक बचाने पूरी कोशिश की लेकिन धीरज की मौत हो गई.
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धीरज पर हमले का कारण स्पष्ट नहीं
धीरज परदेशी पर भीड़ ने हमला क्यों किया इसकी वजह अब तक सामने नहीं आई है. घटना बिजली के खंभे का काम करते समय हुआ था, इसलिए पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि विवाद किस बात को लेकर हुआ है और इसके पीछे वजह क्या थी. घटना के बाद भिंगार कैंप पुलिस ने तेजी से जांच शुरू कर दी थी. पुलिस ने रविवार रात चार आरोपी यूनुस शेख, मेहराज सैयद, सिराज सैयद और मुस्तकीम सैयद को गिरफ्तार कर लिया है. जबकि घटना में शामिल दूसरे लोगों की भी तलाश की जा रही है. धीरज परदेशी की मौत की खबर मिलते ही प्रभारी मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल, विधायक संग्राम जगताप, विधान परिषद के सभापति राम शिंदे और विधायक मोनिका राजले ने अस्पताल पहुंचकर परदेशी के परिजनों से मुलाकात की और सांत्वना दी है.
धीरज की पत्नी ने मांग की है कि जहां उनके पति को पीटा गया था, वहीं पर उनका अंतिम संस्कार किया जाए. इस घटना के बाद परिजनों ने आरोपियों को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की है.
बीजेपी विधायक बोले-आरोपियों के सिर काट देने चाहिए
घटना के बाद बीजेपी विधायक अक्षय कर्डिले ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा 'जिहादी मानसिकता वाले ऐसे आरोपियों के सिर काट देने चाहिए. घटना के विरोध में शहर बंद का ऐलान किया गया है. जहां कुछ लोगों ने खुद ही अपनी दुकानें बंद कर दी थी, लेकिन कुछ लोगों ने दुकानें खोली रखी हैं. जब तक आप ऐसे लोगों को सबक नहीं सिखाते, उन पर मामला दर्ज नहीं करते, तब तक हम छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति के सामने बैठे रहेंगे. हालांकि पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. लेकिन हमने मांग की है कि इस घटना की जांच की जाए. इस घटना की साजिश किसने रची है, कैसे आरोपी इतने जल्दी हैदराबाद पहुंच गए. इन्हें फंडिंग कौन करता है? इसके पीछे मास्टरमाइंड कौन हैं? इन सबकी एक बार जांच होकर ये सभी सलाखों के पीछे जाने चाहिए, तभी कहीं न कहीं धीरज भैया को न्याय मिलेगा.
इनपुटः प्रताप शिंदे
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