Nashik TCS Case: महाराष्ट्र के नासिक स्थित टीसीएस (TCS) मामले में महिला आयोग के सामने आई चौथी पीड़िता ने सनसनीखेज खुलासा किया है. उसने बताया कि ऑफिस में कंपनी के इंटरनेट पासवर्ड अश्लील भाषा में रखे गए थे. उसने आरोपी रजा पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं. आरोप है कि जब सीनियर्स से इसकी शिकायत की तो उन्होंने नजर अंदाज कर दिया.
जानकारी के अनुसार, टीसीएस धर्मांतरण और प्रताड़ना मामले में चौथी पीड़िता ने महिला आयोग के समक्ष अपना बयान दर्ज कराते हुए अहम खुलासे किए हैं. पीड़िता का आरोप है कि कंपनी में इंटरनेट के पासवर्ड तक अश्लील भाषा में रखे गए थे और आरोपी रजा मेमन ट्रेनिंग के समय से ही उसके साथ अश्लील बातचीत कर उसका मानसिक उत्पीड़न कर रहा था. दावा किया कि जब उसने इसकी शिकायत वरिष्ठ अधिकारियों से की तो उसे नजरअंदाज कर दिया. इसके बाद दानिश और तौसीफ की मदद से उसकी डिजिटल स्टॉकिंग शुरू हुई और उसके बारे में अफवाहें फैलाई गईं.
आरोप के मुताबिक, आरोपी उसे केबिन में बुलाकर अश्लील बातें करते थे और त्योहारों के दिन भी भद्दी टिप्पणियां कर धार्मिक भावनाएं आहत करते थे.
और भी पीड़िताओं ने लगाए ऐसे ही गंभीर आरोप
पीड़िताओं के अनुसार, कंपनी के ऑपरेशन हेड सहित कई सीनियर अधिकारियों से बार-बार शिकायत की, लेकिन हर बार उन्हें नजरअंदाज किया गया. एक पीड़िता का कहना है कि एक बार तो कंपनी हेड से शिकायत की थी तो जवाब मिला 'तुमको क्यों हाईलाइट होना है, जाने दो, छोड़ दो.' पीड़िता ने जून 2023 में अपने क्वालिटी और ट्रेनिंग मैनेजर से मौखिक शिकायत की थी. तब उसे आरोपी से दूर रहने की सलाह दे डाली थी.
NHRC ने भी मांगी रिपोर्ट
राष्ट्रीय महिला मानवाधिकार आयोग (NHRC) भी महाराष्ट्र के डीजीपी (DGP), नाशिक के पुलिस कमिश्नर के साथ TCS के CEO और MD को नोटिस जारी कर चुका है. पुलिस महानिदेशक और नाशिक पुलिस आयुक्त को से पूरे प्रकरण की गहनता से जांच करने और की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट ATR सौंपने के निर्देश दिए हैं. टीसीएस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी CEO को उनकी आंतरिक POSH समिति का पूरा विवरण, पिछले 3 वर्षों की गतिविधियों और अब तक प्राप्त हुई सभी शिकायतों की रिपोर्ट जमा करने को कहा है.
अब तक 7 आरोपी गिरफ्तार, निदा खान फरार
टीसीएस में यौन उत्पीड़न और धर्मांतरण के आरोप में अब तक 7 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं, लेकिन निदा खान अभी फरार है. यह सभी टीसीएस के कर्मचारी है. जब पुलिस को पहली शिकायत मिली तो पुलिस ऑफिस के अंदर सबूत जुटाने के लिए 40 दिनों तक अंडर कवर ऑपरेशन चलाया था. 6 महिला कॉनस्टेबल और एक महिला पुलिस अफसर को सफाईकर्मी बनाकर भेजा था, जहां उन्होंने पूरी जानकारी इकट्ठा की. इससे पता चल गया कि यहां पूरे सिंडिकेट की तरह काम किया जा रहा है.
ये हैं गिरफ्तार आरोपी
- दानिश एजाज शेख
- तौसिफ बिलाल अत्तर
- रजा रफीक मेमन
- शाहरुख हुसैन शौकत कुरैशी
- मोहम्मद शफी शेख
- आसिफ आलम आफताब आलम अंसारी
- निदा एजाज खान (फरार)
- अश्विनी अशोक चेनानी
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(नासिक से राहुल बाघ की रिपोर्ट)
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