साल 2011 था.. मोटरसाइकिल चोरी से शुरू हुआ सफर जल्द ही अपराध की एक बहुत ही खतरनाक दुनिया में बदल गया. सालों तक छोटे-मोटे अपराधों से गंभीर अपराधों की ओर बढ़ता गया. कभी गिरफ्तारी, कभी जेल तो कभी जमानत, लेकिन हर बार वह वापस सड़कों पर आ जाता था और नए-नए अपराधों को अंजाम देता रहा. ये कहानी है मोटरसाइकिल चोर से कॉन्ट्रैक्ट किलर बने भानु प्रताप सिंह की.
साल 2023 में वो खुद को बेहद शातिर और ताकतवर समझने लगा. उसे लगने लगा कि कोई उसे पकड़ नहीं सकता. उसने आजमगढ़ में कई बड़ी चोरियां कीं. लगभग तीन साल तक कानून की पकड़ से दूर रहने के बाद, 38 साल के भानु प्रताप सिंह और भी ज्यादा आत्मविश्वास के साथ काम करने लगा. उसने पकड़े जाने की कई कोशिशों को नाकाम किया और एक ऐसे भगोड़े के तौर पर अपनी पहचान बनाई जिसे पकड़ना नामुमकिन सा लगता था. आखिरकार कल शाम यूपी पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में वह मारा गया. अस्पताल में उसे मृत घोषित कर दिया गया.
कई जिलों में हत्या और लूट की वारदातों को दिया अंजाम
नोएडा, गाजियाबाद, जौनपुर और अन्य जिलों में हत्याओं और डकैतियों की घटनाओं के बाद यूपी पुलिस हाई अलर्ट पर थी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कॉन्ट्रैक्ट किलर और पेशेवर शूटर्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए. इस लिस्ट में एक ही नाम बार-बार आया. वो था भानु प्रताप सिंह. जांचकर्ताओं ने उसे राज्य के सबसे कुख्यात कॉन्ट्रैक्ट किलर में से एक बताया.
जांचकर्ताओं का कहना है कि उसके सफर की सबसे खास बात यह है कि वह ऐसे परिवार से नहीं था जहां अपराध का माहौल हो. एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि उसके पिता किसान थे. फिर भी भानु प्रताप ने यूपी की आपराधिक दुनिया में खौफनाक पहचान बना ली. वह सड़क-छाप अपराधों से आगे बढ़कर एक वांटेड कॉन्ट्रैक्ट किलर बन गया, जिस पर दर्जनों मामले दर्ज थे.

चोरी से अपराध की दुनिया में रखा कदम
NDTV ने जब उसके क्रिमिनल रिकॉर्ड की पड़ताल की, तो पाया कि उसने चोरी से अपराध की दुनिया में कदम रखा. साल 2013 में चोरी के एक और मामले में उस पर केस दर्ज हुआ. इसके बाद वह हत्याओं के रास्ते पर चल पड़ा. उसी साल गोरखपुर के बेलघाट में उसके खिलाफ हत्या का पहला मामला दर्ज किया गया. 2016 और 2018 में दो बार उस पर राज्य के गैंगस्टर एक्ट के तहत भी केस दर्ज किए गए, लेकिन इससे भी वह नहीं रुका. उसने लूट और हत्याओं का सिलसिला जारी रखा.
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि भानु प्रताप सिंह धीरे-धीरे लूट और चोरी से हटकर कॉन्ट्रैक्ट किलिंग यानी पैसे लेकर हत्या करने की ज्यादा मुनाफे वाली दुनिया में चला गया, जहां हिंसा ही कमाई का जरिया बन गई.
पुलिस रिकॉर्ड से पता चलता है कि वह आदतन अपराधी बनता गया. भानु प्रताप सिंह के खिलाफ कई मामले दर्ज थे, जिनमें आर्म्स एक्ट, NDPS एक्ट, धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश, आपराधिक धमकी, हत्या और हत्या की कोशिश जैसे आरोप शामिल थे. अधिकारियों का कहना है कि इतने सालों में कई हिंसक अपराधों में उसका नाम सामने आया, जिससे वह कई जिलों के पुलिस रिकॉर्ड में एक जाना-पहचाना नाम बन गया.
कई जिलों की पुलिस ने रखा इनाम
भानु प्रताप सिंह को पकड़ने की कोशिशों का अंदाजा अलग-अलग जिलों की पुलिस द्वारा घोषित इनामों से लगाया जा सकता है. आजमगढ़ पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी में मदद करने वाली जानकारी के लिए 1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था, जबकि अंबेडकर नगर पुलिस ने अलग से 50,000 रुपये का इनाम रखा था. गोरखपुर पुलिस ने भी उस पर 15,000 रुपये का इनाम रखा था, जिससे इस कॉन्ट्रैक्ट किलर पर कुल इनाम की राशि 1.65 लाख रुपये हो गई थी.
राज यादव मर्डर केस से चर्चा में आया
भानु प्रताप सिंह एक बार फिर तब चर्चा में आया जब अक्टूबर 2025 में दूध कारोबारी राज यादव की हत्या हुई. यह बेहद हाई प्रोफाइल केस था, जिसे कथित तौर पर लगभग 4 लाख रुपये के कॉन्ट्रैक्ट पर अंजाम दिया गया था. बताया जाता है कि भानु प्रताप को इसमें से करीब 1.5 लाख रुपये एडवांस में मिले थे.
अधिकारियों का कहना है कि सिंह अक्सर अपने साथी बदलता रहता था, जिससे पुलिस के लिए उसके नेटवर्क का पता लगाना मुश्किल हो जाता था. वह अपनी गतिविधियों को लेकर भी बहुत सावधान रहता था, गोरखपुर और महाराजगंज के बीच लगातार अपने ठिकाने बदलता रहता था और शायद ही कभी एक जगह पर ज़्यादा समय तक रुकता था.
तब तक, वह पहले से ही एक वॉन्टेड अपराधी था और उसकी गिरफ्तारी के लिए कई पुलिस यूनिट्स ने इनाम घोषित कर रखे थे, जिसमें महाराजगंज पुलिस की ओर से 25,000 रुपये का इनाम भी शामिल था. पुलिस का मानना है कि वह देसी हथियारों और पिस्तौल का इस्तेमाल करता था. ये हथियार उससे जुड़े मामलों में अक्सर देखने को मिलते थे.
यह भी पढ़ें: कॉन्ट्रैक्ट किलर भानु प्रताप सिंह मुठभेड़ में ढेर, 1.65 लाख का था इनामी, 40 से ज्यादा दर्ज थे मुकदमे
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं