विज्ञापन

कभी नहीं लांघी कांग्रेस की रेखा... शशि थरूर फिर बोले- ऑपरेशन सिंदूर के अपने रुख पर अब भी कायम

कांग्रेस सांसद शशि थरूर का कहना है कि उन्‍होंने पार्टी लाइन का उल्‍लंघन कभी नहीं किया है और आगे भी कोई इरादा नहीं है. हां, ये जरूर साफ कर दिया कि वह ऑपरेशन सिंदूर के अपने रुख पर अभी तक कायम हैं.

कभी नहीं लांघी कांग्रेस की रेखा... शशि थरूर फिर बोले- ऑपरेशन सिंदूर के अपने रुख पर अब भी कायम
  • कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि उन्होंने संसद में पार्टी के रुख का उल्लंघन कभी नहीं किया है।
  • थरूर ने 'ऑपरेशन सिंदूर' को लेकर पार्टी से अपनी सार्वजनिक असहमति जताई और अपने रुख पर कायम हैं।
  • थरूर ने राहुल गांधी द्वारा कोच्चि कार्यक्रम में उनके नाम न लेने पर आहत होने की खबरों को संदर्भित किया।
कोझिकोड:

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने पार्टी और उनके बीच चल रहे उतार-चढ़ाव भरे रिश्‍तों पर खुलकर अपनी बात रखी है. केरल के कोझिकोड में शनिवार को शशि थरूर ने कहा कि उन्होंने संसद में पार्टी के घोषित रुख यानि 'लक्ष्‍मण रेखा' का कभी उल्लंघन नहीं किया है. हां, सैद्धांतिक रूप से उनकी एकमात्र सार्वजनिक असहमति ‘ऑपरेशन सिंदूर' को लेकर थी. हालांकि, थरूर ने साफ-साफ शब्‍दों में कहा कि ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पार्टी और उनके बीच मतभेद है. उन्‍होंने कहा कि वह ऑपरेशन सिंदूर पर अपने रुख पर अभी तक कायम हैं. 

क्‍या राहुल से नाराज हैं थरूर?

शशि थरूर ने यहां केरल साहित्य महोत्सव के एक सत्र के दौरान सवालों का जवाब देते हुए कहा कि उन्होंने उस मुद्दे पर कड़ा रुख अपनाया था और उन्हें इसका ‘खेद नहीं' है. उनका यह बयान इन हालिया खबरों के बीच आया है जिनमें ‘थरूर के पार्टी नेतृत्व से मतभेद' की बात कही गई है् ऐसी अटकलें हैं कि थरूर इस बात से ‘आहत' हैं कि राहुल गांधी ने हाल में कोच्चि में एक कार्यक्रम के दौरान मंच पर उनके मौजूद होने के बावजूद उनके नाम का उल्लेख नहीं किया और राज्य के नेताओं द्वारा बार-बार उन्हें ‘दरकिनार' करने की कोशिश की जा रही है.

ऑपरेशन सिंदूर पर थरूर का क्‍या है रुख?

शशि थरूर ने अपनी बात स्पष्ट करते हुए कहा कि एक पर्यवेक्षक और लेखक के रूप में उन्होंने पहलगाम घटना के बाद एक अखबार में स्तंभ लिखा था, जिसमें उन्होंने कहा था कि इसकी सजा मिलनी चाहिए और ठोस कार्रवाई होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि भारत विकास पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, ऐसे में उसे पाकिस्तान के साथ लंबे टकराव में नहीं पड़ना चाहिए और कोई भी कार्रवाई आतंकवादी शिविरों को निशाना बनाने तक सीमित होनी चाहिए.

ये भी पढ़ें :- केरल पर अहम बैठक से गायब रहे थरूर, बार-बार जा रहे पार्टी लाइन से अलग, फिर भी एक्शन लेने से क्यों कतरा रही है कांग्रेस?

कांग्रेस सांसद ने कहा कि उन्हें आश्चर्य हुआ कि भारत सरकार ने ठीक वही किया जैसा उन्होंने कहा था. थरूर ने कहा कि देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने ही यह प्रश्न किया था कि ‘अगर भारत खत्म हो जाएगा तो कौन जीवित रहेगा?' उन्होंने कहा, ‘जब भारत दांव पर हो, जब भारत की सुरक्षा और दुनिया में उसका स्थान दांव पर हो तो भारत पहले आता है.'

कांग्रेस सांसद ने कहा कि बेहतर भारत के निर्माण की प्रक्रिया के तहत राजनीतिक दलों के बीच मतभेद हो सकते हैं, लेकिन जब राष्ट्रहित की बात आती है, तो भारत को ही सर्वोपरि होना चाहिए.

ये भी पढ़ें :- राहुल गांधी से खफा शशि थरूर, कांग्रेस की बैठक से कर सकते हैं किनारा- सूत्र

लेखक के बारे में
img
तिलकराज
Deputy News Editor
पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Shashi Tharoor, Operation Sindhoor, Congress, Rahul Gandhi
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com