विज्ञापन
This Article is From Aug 23, 2020

वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने पार्टी नेताओं के पत्र को भाजपा की ‘संगठित चाल’ बताया

राजीव गांधी सरकार में मंत्री रहे तिवारी ने कहा कि पार्टी के नेताओं द्वारा उठाये गये इस मुद्दे की गंभीर छानबीन किये जाने की जरूरत है.

वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने पार्टी नेताओं के पत्र को भाजपा की ‘संगठित चाल’ बताया
नई दिल्ली:

पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के. के. तिवारी ने रविवार को कहा कि नेतृत्व परिवर्तन और संगठन में ऊपर से नीचे तक बदलाव करने की मांग करते हुए पार्टी के कुछ नेताओं की ओर से लिखा गया पत्र भाजपा की ‘‘संगठित चाल'' है. साथ ही, यह भगवा पार्टी के ‘कांग्रेस मुक्त भारत' के एजेंडा को आगे बढ़ाता है. राजीव गांधी सरकार में मंत्री रहे तिवारी ने कहा कि पार्टी के नेताओं द्वारा उठाये गये इस मुद्दे की गंभीर छानबीन किये जाने की जरूरत है. साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि गांधी परिवार को पार्टी की बागडोर अपने पास रखनी चाहिए, अन्यथा यह बिखर जाएगी. पूर्व मंत्री ने कहा कि जिन कांग्रेस नेताओं ने यह पत्र लिखा है वे कभी चुनाव नहीं लड़े हैं और वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बिछाये जाल में फंस गये हैं. तिवारी ने कहा, ‘‘यह मोदी-शाह दोनों की एक संगठित चाल है और यह सिर्फ उनके कांग्रेस मुक्त भारत के एजेंडा को आगे बढ़ाती है. यह कांग्रेस पार्टी को और कमजोर करने के लिये भाजपा-राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) की साजिश का हिस्सा है.''

उल्लेखनीय है कि पूर्व मंत्रियों एवं कुछ सांसदों के एक समूह ने अपने पत्र में एक पूर्णकालिक, सक्रिय नेतृत्व नियुक्त करने की मांग की है जिन तक कार्यकर्ता और नेता आसानी से पहुंच सकें. पत्र के जरिये इन नेताओं ने पार्टी संगठन में ऊपर से नीचे तक बदलाव करने की भी मांग की है.

तिवारी ने कहा कि जिन नेताओं ने इस पत्र पर हस्ताक्षर किये हैं उन्होंने दशकों तक नेहरू-गांधी परिवार के संरक्षण का लाभ उठाया है और वे लोग वर्षों तक फले फूले हैं क्योंकि उन्होंने पार्टी से बाहर अपना खुद का साम्राज्य बना लिया. उन्होंने कहा, ‘‘वे लोग भाजपा के जाल में फंस गये और भाजपा-आरएसएस के इस दुष्प्रचार में सहयोग कर रहे हैं कि कांग्रेस खत्म हो गई है. वे भाजपा के सहयोगी हैं. वे उस खतरे को महसूस नहीं कर रहे हैं ,जो भाजपा-आरएसएस ने देश में लोकतंत्र बने रहने के लिये और इसकी एकता एवं अखंडता के समक्ष पेश किये हैं.''

पूर्व मंत्री ने कहा, ‘‘गांधी परिवार को पार्टी का नेतृत्व करते रहना चाहिए. सोनिया गांधी को पार्टी प्रमुख बने रहना चाहिए लेकिन यदि वह अपने स्वास्थ्य कारणों से इस जिम्मेदारी से मुक्त होना चाहती हैं तो वक्त आ गया है कि राहुल गांधी पार्टी की कमान संभालें और इसे आगे ले जाएं.'' तिवारी 1980 और 1984 में बिहार के बक्सर से सांसद रहे थे.

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Sonia Gandhi, CWC, Rahul Gandhi, KK Tiwari
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com