विज्ञापन

'चांदी की 200 ईंटें कहां गईं, राम मंदिर ट्रस्ट ने तो रसीद भी नहीं दी', सिंधी समाज ने मांगा जवाब

अयोध्या के राम मंदिर में दान में हेराफेरी की लगातार खबरें आ रही हैं. SIT फिलहाल मामले की जांच कर रही है. इस बीच सिंधी समाज ने बड़ा दावा किया है कि चंपत राय को 200 किलो चांदी दान में दी पर उन्हें रसीद तक नहीं दी गई.

'चांदी की 200 ईंटें कहां गईं, राम मंदिर ट्रस्ट ने तो रसीद भी नहीं दी', सिंधी समाज ने मांगा जवाब
राम मंदिर निर्माण के लिए करोड़ो लोगों ने दिल खोलकर दान दिया पर दान में हेराफेरी की खबरों ने सभी को दुखी कर दिया है.
  • डॉ. राजू मनवानी ने बताया कि उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर के लिए चांदी के 200 ईंटों का दान किया था
  • सिंधी समुदाय के लोगों ने इस दान अभियान में भाग लिया था, लेकिन दान के उपयोग के बारे में जानकारी नहीं दी गई
  • मनवानी ने कहा कि दान का गलत उपयोग मीडिया में सामने आने के बाद सिंधी समुदाय में निराशा फैली है

विश्व सिंधी सेवा संगम के इंटरनेशनल प्रेसिडेंट डॉ. राजू मनवानी ने राम मंदिर के दान में हेराफेरी पर NDTV से खास बातचीत की. उन्होंने बताया कि 26 जनवरी 2021 को उन्होंने अयोध्या में चंपत राय को 1.5 करोड़ रुपये कीमत की 200 किलो चांदी दान की थी, जिसमें 1-1 किलो की चांदी की 200 ईंटें शामिल थीं. उन्होंने दावा किया, 'अब तक हमें इसकी कोई रसीद नहीं मिली है. ना ही हमें दानकर्ता के तौर पर समारोह में बुलाया गया और ना ही हमें यह बताया गया कि इस चांदी का इस्तेमाल कहां किया गया.'

'हमारे दान का इस्तेमाल कैसे हुआ'

डॉ. राजू मनवानी ने बताया, 'हमने दान इकट्ठा करने के लिए एक कैंपेन चलाया था, जिसमें ना सिर्फ भारत बल्कि दूसरे देशों के सिंधी समुदाय के लोगों ने भी योगदान दिया. हमें दुख हुआ है; बात रसीद की नहीं है, हम बस यह जानना चाहते थे कि हमारे दान का इस्तेमाल कैसे और कहां हुआ. अब मीडिया से सुनने को मिल रहा है कि इसका गलत इस्तेमाल हुआ है, जो बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है. चूंकि मैंने सिंधी समुदाय के लिए इस कैंपेन का नेतृत्व किया था, इसलिए कई दान देने वाले लोग मुझे फोन कर रहे हैं.

'हम SIT की रिपोर्ट का इंतजार करेंगे'

मनवानी ने आगे कहा, 'SIT का गठन किया गया है और हमें योगीजी और मोदीजी पर भरोसा है कि सच सामने आएगा और जिम्मेदार लोगों को सजा मिलेगी. हम SIT की रिपोर्ट का इंतजार करेंगे. हम बस इतना चाहते हैं कि इस प्रक्रिया में ज्यादा पारदर्शिता हो और दान देने वाले को पता हो कि उसके दान का इस्तेमाल कहां हो रहा है. जाहिर है, इस धोखाधड़ी के सामने आने के बाद राम मंदिर के दान में काफी कमी आई है, और यह बहुत स्वाभाविक है. जिसने दान देने की योजना बनाई थी, वह इस खुलासे के बाद निश्चित रूप से दान की राशि को आधा या उससे भी कम कर देगा.

ये भी पढ़ें-

महाकुंभ के दौरान राम मंदिर में हुई चढ़ावे की चोरी? SIT के रडार पर संदिग्धों के रिश्तेदार भी

लेखक के बारे में
img
पूजा भारद्वाज
Associate Editor -Current Affairs, News Input
पूजा भारद्वाज भारतीय टीवी पत्रकारिता का एक प्रतिष्ठित और भरोसेमंद नाम हैं। उनकी ग्राउंड रिपोर्टिंग, सधी हुई एंकरिंग और खबरों का गहरा विश्लेषण उनकी पत्... और पढ़ें
पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Champat Rai, Ayodhya, Ram Mandir, Sindhi, Ram Mandir Donation Theft
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com