भारतीय राजनीति में 2025 बड़ी चर्चित घटनाओं के लिए याद किया जाएगा. देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और कांग्रेस नेता जैसे दिग्गज तो सुर्खियों में रहते ही हैं, लेकिन कुछ ऐसे धुरंधर भी सियासत में फ्रंटफुट पर खेलने उतरे, जिन्होंने सबको चौंकाया. इन शख्सियतों ने कुछ ऐसे काम किए कि सड़क, संसद से लेकर सोशल मीडिया तक छाए रहे. बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, यूपी प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंक चौधरी से लेकर हुमायूं कबीर, कांग्रेस सांसद शशि थरूर तक इन धुरंधरों की लिस्ट में हैं, जिनके लिए 2026 बड़ी चुनौती साबित होगा.
हुमायूं कबीर ने मचाया बवाल
तृणमूल कांग्रेस के विधायक हुमायूं कबीर ने बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में बाबरी मस्जिद बनाने का ऐलान किया तो बवाल मच गया. 6 दिसंबर को बेलडांगा में हजारों समर्थकों के बीच उन्होंने मस्जिद की नींव रखी और करोड़ों रुपये जुटाए. हुमायूं कबीर ने जनशक्ति उन्नयन पार्टी नाम से राजनीतिक दल भी खड़ा किया है और पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए ताल ठोक दी है. वो एआईएमआईएम जैसे दलों के साथ गठबंधन कर ममता बनर्जी के लिए मुसीबत बन सकते हैं.
नितिन नबीन बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष
लोकसभा चुनाव 2024 के बाद जब जगत प्रकाश नड्डा के बाद भाजपा नए राष्ट्रीय अध्यक्ष की तलाश कर रही थी. संगठन चुनाव की लंबी कवायद के बाद जब बीजेपी ने नए अध्यक्ष के तौर पर बिहार के पांच बार के विधायक नितिन नबीन के नाम का ऐलान किया तो सब चौंक गए. नबीन जिस कायस्थ जाति से आते हैं, उसकी बंगाल में काफी संख्या है. देखना होगा कि वो संगठन को 2026 की पहली चुनौती में कितने खरे उतरते हैं. नितिन नबीन को 20 जनवरी को कार्यकारी अध्यक्ष की जगह पूर्णतया राष्ट्रीय अध्यक्ष की भूमिका सौंपी जा सकती है.
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यूपी प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की तरह उत्तर प्रदेश में पंकज चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष बनाया जाना भी चौंकाने वाला रहा. पंकज चौधरी सात बार के सांसद हैं और कुर्मी जाति से ताल्लुक रखते हैं. यूपी में इस साल पंचायत चुनाव और फिर 2027 में यूपी विधानसभा चुनाव को उनके लिए बड़ी चुनौती माना जा रहा है.
शशि थरूर कांग्रेस के धुरंधर
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने भी 2025 में अपनी ही पार्टी के पसीने छुड़ा दिए. ऑपरेशन सिंदूर की तारीफ के साथ के साथ देश-विदेश नीति के तमाम मुद्दों पर वो पार्टी को असहज करते दिखे. पीएम मोदी के साथ सार्वजनिक मंच पर नजर आए. उनके भाजपा में जाने की अटकलें लगती रही हैं. देखना होगा कि 2026 में केरल विधानसभा चुनाव के पहले क्या वो कोई बड़ा सियासी धमाका करते हैं. आलोचकों का कहना है कि थरूर केरल का मुख्यमंत्री बनने का सपना देख रहे हैं.
रेखा गुप्ता का धमाल
दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा ने फरवरी 2025 मं आम आदमी को पटखनी दी और 70 सीटों में से 48 जीतकर सरकार बनाई. बीजेपी ने पार्षद से विधानसभा चुनाव तक जीता और फिर उन्हें दिल्ली में मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी मिली. 2025 में जनता दरबार के दौरान हुए हमले से भी वो नहीं डरीं.दिल्ली का प्रदूषण रेखा गुप्ता के लिए सबसे बड़ी चुनौती बनकर उभरा है.
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