विज्ञापन

तमिलनाडु: सत्ता भागीदारी पर कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने नेताओं से राय ली, अनुशासन बनाए रखने को कहा

वेणुगोपाल ने बैठक के बाद पत्रकारों को बताया कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने तमिलनाडु के नेताओं के साथ सामूहिक बैठक के साथ-साथ व्यक्तिगत बैठकें भी कीं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने तमिलनाडु के वरिष्ठ पार्टी नेताओं के साथ बहुत विस्तृत व सार्थक चर्चा की.

तमिलनाडु: सत्ता भागीदारी पर कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने नेताओं से राय ली, अनुशासन बनाए रखने को कहा

तमिलनाडु में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) के साथ सत्ता साझाकरण समझौते की कांग्रेस नेताओं के एक वर्ग की मांग के बीच पार्टी ने शनिवार को कहा कि आलाकमान ने सभी चिंताओं पर ध्यान दिया है और उचित समय पर निर्णय लिया जाएगा. कांग्रेस ने राज्य के नेताओं को अनुशासन बनाए रखने और चुनाव रणनीति से संबंधित मामलों पर सोशल मीडिया सहित किसी भी अन्य मंच पर बयान देने से बचने को भी कहा.

कौन-कौन था बैठक में

इस संबंध में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की अध्यक्षता में पार्टी के इंदिरा भवन मुख्यालय में बैठक हुई. बैठक में पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव व संगठन प्रभारी केसी वेणुगोपाल, तमिलनाडु के पार्टी प्रभारी गिरीश चूडांकर, कांग्रेस की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष के. सेल्वपेरुंथगई, सांसद पी. चिदंबरम, मणिकम टैगोर, कार्ति चिदंबरम, ज्योतिमणि, वी वसंत और प्रोफेशनल्स कांग्रेस के प्रमुख प्रवीण चक्रवर्ती सहित अन्य लोग उपस्थित थे.

खरगे ने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, “हमने तमिलनाडु के अपने नेताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की. हमें विश्वास है कि तमिलनाडु के लोग संघ-भाजपा की कट्टरता, सांप्रदायिकता, संघ-विरोधी और भेदभावपूर्ण राजनीति के बजाय समानता, सामाजिक न्याय, सशक्तीकरण और सुशासन को चुनेंगे.” उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज्य के लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए दृढ़ संकल्पित है.

क्या तय हुआ

वेणुगोपाल ने बैठक के बाद पत्रकारों को बताया कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने तमिलनाडु के नेताओं के साथ सामूहिक बैठक के साथ-साथ व्यक्तिगत बैठकें भी कीं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने तमिलनाडु के वरिष्ठ पार्टी नेताओं के साथ बहुत विस्तृत व सार्थक चर्चा की.वेणुगोपाल ने कहा, “नेतृत्व ने सभी नेताओं की बात धैर्यपूर्वक सुनी. नेताओं को अपने विचार खुलकर व्यक्त करने का पूरा अवसर दिया गया. चर्चा रचनात्मक रही और यह तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करने तथा उसकी भविष्य की रणनीति पर केंद्रित थी.” उन्होंने बताया कि बैठक में सर्वसम्मति से खरगे और राहुल गांधी को निर्णय लेने के लिए अधिकृत किया गया.

वरिष्ठ नेता ने एक बयान पढ़ते हुए कहा, “चुनाव रणनीति संबंधी मामलों में, पार्टी विचारधारा और तमिलनाडु की जनता के व्यापक हित को ध्यान में रखते हुए उचित निर्णय समय आने पर लेगी.” उन्होंने कहा कि आलाकमान ने सभी नेताओं को अनुशासन बनाए रखने और इन मामलों पर सोशल मीडिया समेत किसी भी मंच पर बयान देने से परहेज करने का स्पष्ट निर्देश जारी किया है. वेणुगोपाल ने यह भी कहा कि नेताओं को अटकलों से बचने और पार्टी के फैसलों के अनुरूप एकमत होकर बोलने की सलाह दी गई है. उन्होंने राज्य के नेताओं द्वारा चुनाव से पहले द्रमुक के साथ सत्ता भागीदारी समझौते की मांग किए जाने के बारे में पूछे जाने पर कहा कि नेतृत्व ने नेताओं की चिंताओं को सुना है और सभी बातों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लिया जाएगा. पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने पुडुचेरी के कांग्रेस नेताओं से भी मुलाकात की, जिनमें पूर्व मुख्यमंत्री वी. नारायणसामी और कांग्रेस की पुडुचेरी इकाई के अध्यक्ष वी वैथिलिंगम शामिल थे.

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com