1744 करोड़ की संपत्ति का हलफनामा देने वाले कांग्रेस उम्मीदवार क्यों चर्चा में हैं, पढ़ें- पूरी खबर

यूसुफ शरीफ का कहना है कि हम 14 भाई-बहन थे, इसलिए हमने बीच में ही स्कूल छोड़ दिया और टेंपो चलाने लगे, फिर स्क्रैप का बिजनेस किया उसके बाद रियल स्टेट का. यूसुफ ने कहा कि शुरुआत मैंने स्क्रैप्स से की, लेकिन पैसे रियल स्टेट से कमाए हैं.

1744 करोड़ की संपत्ति का हलफनामा देने वाले कांग्रेस उम्मीदवार क्यों चर्चा में हैं, पढ़ें- पूरी खबर

प्रतीकात्मक फोटो

बेंगलुरु :

बेंगलुरु ( Bangalore) के शहरी इलाके से कांग्रेस ने विधान परिषद के लिए जिन्हें अपना उम्मीदवार बनाया है, उन्होंने स्कूली शिक्षा भी हासिल नहीं की है. लेकिन चुनाव आयोग (election Commission) को तकरीबन साढ़े 1700 करोड़ रुपये की संपत्ति का हलफनामा दिया है. हलफनामे की जानकारी जैसे बाहर आई स्क्रैप डीलर यूसुफ शरीफ का नाम सभी की ज़ुबान पर चढ़ गया. 54 साल के यूसुफ शरीफ दिसंबर में होने वाले विधान परिषद के चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार हैं. यूसुफ शरीफ ने चुनाव आयोग को दिए हलफनामे में 17 सौ 44 करोड़ रुपये की संपत्ति घोषित की है, जाहिर है अरबपति उम्मीदवार हैं लेकिन 1993 में बेंगलुरु के नजदीक कोलार में टैम्पो चलाते थे.

यूसुफ शरीफ का कहना है कि हम 14 भाई-बहन थे, इसलिए हमने बीच में ही स्कूल छोड़ दिया और टेंपो चलाने लगे, फिर स्क्रैप का बिजनेस किया उसके बाद रियल स्टेट का. यूसुफ ने कहा कि शुरुआत मैंने स्क्रैप्स से की, लेकिन पैसे रियल स्टेट से कमाए हैं. यानी स्क्रैप से लाखों कमाए हैं और रियल स्टेट से करोड़ों. उन्होंने कहा कि हाई कोर्ट के आदेश से जो जमीन बिक्री के लिए होती है, उन्हें खरीद लेता हूं और बेचता हूं.

'बंगाल में 'खेला होबे' का नारा था उत्तर प्रदेश में 'खदेड़ा होबे' का नारा है' : अखिलेश यादव

बता दें कि, कोलार के साथ-साथ यूसुफ शरीफ का घर बेंगलुरु में भी है. दरवाजे पर ही रोल्स रॉयस कार खड़ी रहती है. घर के अंदर गोल्ड प्लेटिंग वाले फर्नीचर बेहद आकर्षक हैं. यूसुफ ने कहा, 'मेरी पैदाइश केजीएफ में हुई है, यानी ऐसी मिट्टी में जहां सोना पाया जाता है यानी सोने वाली मिट्टी. कोलार गोल्ड फील्ड यानी सोने की खान बेंगलुरु से तकरीबन 70 किलोमीटर दूर है. अब इलाके के रईस होने की वजह से उनका नाम भी अलग अंदाज में है.' उन्होंने कहा, यहां मुझे सभी लोग केजीएफ बाबू कहते हैं यानी कोलार गोल्ड फील्ड बाबू.'

'भारत को भारत रहना है तो हिन्दू को हिन्दू रहना ही पड़ेगा', आरएसएस प्रमुख का बयान

यूसुफ का एक पांच सितारा होटल के लॉन भी हैं. जरूरतमंदों के मददगार के तौर पर जाने जाने वाले यूसुफ का कहना है कि वो अपने क्षेत्र में बच्चों की पढ़ाई में आर्थिक मदद करेंगे. यूसुफ ने कहा कि हमारी कांस्टीट्यूएंसी में तकरीबन 30 लाख बच्चे सरकारी स्कूलों में पढ़ते हैं, उन सब को आर्थिक मदद देना और स्कॉलरशिप का इंतजाम करना मेरी प्राथमिकता होगी. हालांकि युसूफ पर रियल एस्टेट से जुड़े 3 मामले और तकरीबन 14 करोड़ रुपए के आयकर चोरी का एक मामला भी चल रहा है.


महोबा में कांग्रेस की प्रतिज्ञा रैली में किसानों को लेकर प्रियंका का बड़ा ऐलान

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com