हमारी रोजमर्रा की खानपान की आदतें गट हेल्थ यानी आंतों की सेहत पर सीधा असर डालती हैं. एक्सपर्ट्स का मानना है कि सिर्फ फल, सब्जियां और फाइबर से भरपूर चीजें खाने से ही काम नहीं चलता, बल्कि अल्ट्रा-प्रोसेस्ड और पैकेटबंद जैसी चीजों का सेवन कम करना भी जरूरी है. ऐसे कई हैं फूड्स जो देखने और खाने में स्वादिष्ट लगते हैं, इनमें अधिक मात्रा में चीनी, नमक और अनहेल्दी फैट मौजूद होते हैं, जो समय के साथ आंतों और शरीर दोनों की सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं.
इसी को ध्यान में रखते हुए AIIMS, हार्वर्ड और स्टैनफोर्ड जैसे बड़े संस्थानों से पढ़ाई कर चुके मशहूर गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. सौरभ सेठी ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर उन 5 खाद्य पदार्थों के बारे में बताया है, जिनसे वह खुद दूरी बनाकर रखते हैं. उनका कहना है कि ये चीजें पोषण कम देती हैं और लंबे समय में गट हेल्थ को प्रभावित कर सकती हैं.
मीठे राइस केक | Sweetened Rice Cakes
डॉक्टर सेठी के अनुसार, मीठे राइस केक में कुरकुरापन तो होता है, लेकिन पोषण बहुत कम होता है. इन्हें अक्सर हेल्दी स्नैक बताया जाता है, लेकिन ये ब्लड शुगर तेजी से बढ़ा सकते हैं और इनमें पेट भरकर रखने वाला फाइबर या प्रोटीन भी कम होता है.
अल्ट्रा-प्रोसेस्ड प्रोटीन बार्स | Ultra-Processed Protein Bars
हर प्रोटीन बार सेहतमंद नहीं होती. डॉक्टर सेठी का कहना है कि अगर किसी प्रोटीन बार के पैकेट पर सामग्री की लंबी सूची लिखी हो, तो यह सतर्क होने का संकेत हो सकता है. कई प्रोटीन बार्स में ज्यादा चीनी, कृत्रिम स्वीटनर्स और प्रिजर्वेटिव्स मिलाए जाते हैं, जो आंतों की सेहत के लिए फायदेमंद नहीं माने जाते.
ज्यादा नमक वाले डिब्बाबंद सूप | High-Sodium Canned Soups
डिब्बाबंद सूप बनाना आसान है, लेकिन यह हमेशा सेहतमंद नहीं होता. डॉक्टर सेठी का कहना है कि इनमें मौजूद अधिक मात्रा में सोडियम यानी नमक का सेवन करने पर दिल और आंतों दोनों की सेहत को प्रभावित कर सकता है.
फास्ट फूड मिल्कशेक | Fast Food Milkshakes
डॉक्टर सेठी फास्ट फूड मिल्कशेक को "लिक्विड शुगर बम" बताते हैं क्योंकि इनमें चीनी, कैलोरी और अनहेल्दी फैट की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जबकि पोषण के नाम पर इनमें बहुत कम फायदे होते हैं. नियमित सेवन से यह वजन बढ़ाने और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकते हैं.
फ्लेवर्ड कॉफी क्रीमर | Flavoured Coffee Creamers
कॉफी का स्वाद बढ़ाने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले फ्लेवर्ड क्रीमर में अक्सर छिपी हुई चीनी, प्रोसेस्ड ऑयल और कृत्रिम फ्लेवर मौजूद होते हैं. डॉक्टर सेठी के शब्दों में, "इनमें छिपी हुई चीनी और तेल तो बहुत होते हैं, लेकिन पोषण लगभग नहीं के बराबर होता है." इनका नियमित इस्तेमाल आपकी गट हेल्थ और ओवरऑल हेल्थ दोनों के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है.
डॉक्टर सौरभ सेठी गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, हेपेटोलॉजी और एडवांस्ड इंटरवेंशनल एंडोस्कोपी के एक्सपर्ट हैं. उन्हें मेडिकल फील्ड में 20 से 25 साल का अनुभव है.
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