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30 साल के अनुभवी कार्डियोलॉजिस्ट की चेतावनी, 40% हार्ट अटैक मरीजों में नहीं दिखते आम लक्षण, ऐसे पहचानें छिपे संकेत

Heart Attack Symptoms: आप ने भी फिल्मों में देखा होगा कि हार्ट अटैक आने से पहले दिल में दर्द होता है और लोग जमीन पर गिर जाते हैं. क्या सच में ऐसा ही होता है जब हार्ट अटैक आता है तो आपको बता दें कि ऐसा नही है. 30 साल से इसी फील्ड में काम करने वाले डॉक्टर ने कुछ ऐसे लक्षण बताए हैं जो हार्ट अटैक के उन लक्षणों के बारे में बताते हैं जिनको हम अक्सर इग्नोर कर देते हैं.

30 साल के अनुभवी कार्डियोलॉजिस्ट की चेतावनी, 40% हार्ट अटैक मरीजों में नहीं दिखते आम लक्षण, ऐसे पहचानें छिपे संकेत
Heart Attack Silent Symptoms: हार्ट अटैक से साइलेंट लक्षण.

Heart Attack Symptoms: हार्ट अटैक हमेशा वैसे नहीं आता है जैसा फिल्मों में दिखाया जाता है, जहां पर कोई अचानक से सीना पकड़कर नीचे गिर जाता है. असल जिंदगी में इसके संकेत अक्सर काफी हल्के और अनदेखे होते हैं, जिनका आसानी से लोगों को पता भी नहीं लग पाता है. कभी-कभी ये जबड़े में हल्के दर्द, हाथ में बिना वजह के दर्द ज्यादा थकान या फ्लू जैसे लक्षणों के रूप में भी सामने आ सकता है. इन छोटे-छोटे संकेतों को पहचानना और समय पर डॉक्टर से जांच कराना जान बचा सकता है, क्योंकि शरीर अक्सर पहले ही बता देता है कि कुछ गड़बड़ है.

न्यूयॉर्क के कार्डियोवैस्कुलर एक्सपर्ट डॉ. इवान लेविन, उन्हें इस फील्ड में 30 साल का एक्सपीरियंस है और जो इंटरनल मेडिसिन, कार्डियोलॉजी और न्यूक्लियर कार्डियोलॉजी में बोर्ड-सर्टिफाइड हैं, उन्होंने बताया कि लगभग 40 प्रतिशत हार्ट अटैक के मरीज खासतौर पर महिलाएं और बुजुर्ग, सामान्य लक्षणों के बजाय अलग तरह के लक्षण महसूस करते हैं. इसलिए शरीर के संकेतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.

28 जनवरी को इंस्टाग्राम पर शेयर किए गए एक वीडियो में डॉ. लेविन ने एक बुजुर्ग महिला का उदाहरण देते हुए बताया कि उनके हाथ के दर्द को मसल स्ट्रेन समझकर नजरअंदाज कर दिया गया. उन्होंने कहा, “उन्हें इमरजेंसी रूम से यह कहकर घर भेज दिया गया कि उनके बाएं हाथ में खिंचाव है. फैमिली ने डॉक्टर से कहा कि उन्होंने पूरे दिन कोई काम नहीं किया, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया. 30 मिनट बाद वह अपने गैरेज के फर्श पर मृत पाई गई. हम सबको यही सिखाया गया है कि हार्ट अटैक में इंसान सीना पकड़कर गिरता है. लेकिन अगर आप सिर्फ सीने के दर्द का इंतजार करेंगे, तो शायद अपनी ही अंतिम यात्रा का इंतजार कर रहे होंगे.”

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हार्ट अटैक के असामान्य लक्षण

डॉ. लेविन के मुताबिक लगभग 40 प्रतिशत हार्ट अटैक मरीजों में क्लासिक सिंपटम्स नहीं दिखते हैं. जब हार्ट की मसल्स को ऑक्सीजन नहीं मिलती, तो नसें भ्रमित हो जाती हैं और दर्द का संकेत शरीर के अलग-अलग हिस्सों में भेज सकती हैं. उन्होंने बताया,“कभी यह दर्द दांत दर्द की तरह जबड़े में महसूस होता है, कभी बाएं हाथ में खिंचाव जैसा लगता है, जबकि आपने कोई भारी काम भी नहीं किया होता. कई बार अचानक तेज थकान या फ्लू जैसा एहसास भी हार्ट अटैक का संकेत हो सकता है.”

किन लोगों में ज्यादा दिखते हैं ऐसे लक्षण?

कार्डियोलॉजिस्ट के अनुसार महिलाओं और 70 साल से ज्यादा उम्र के लोगों में असामान्य लक्षण ज्यादा देखने को मिलते हैं. इसलिए जरूरी है कि इमरजेंसी में डॉक्टर मरीज के सभी लक्षणों को गंभीरता से लें, ताकि गलत निदान का खतरा कम हो.

बुजुर्ग महिला के मामले का जिक्र करते हुए डॉ. लेविन कहते हैं, “वो दादी क्यों मर गईं? क्योंकि उम्र बढ़ने के साथ दर्द महसूस करने का तरीका बदल जाता है. बुजुर्गों में हार्ट अटैक गिरने, बेहोशी, अचानक भ्रम या हाथ के दर्द की तरह भी दिख सकता है. और महिलाओं में अक्सर इसे चिंता, एसिडिटी या तनाव कहकर टाल दिया जाता है.”

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अपने शरीर की सुनें

डॉ. लेविन इस बात पर जोर देते हैं कि शरीर के संकेतों को हल्के में नहीं लेना चाहिए. अगर अचानक बिना वजह शरीर के किसी भी हिस्से नाभि से लेकर जबड़े तक दर्द हो, या बिना कारण पसीना आने लगे, और आपको हृदय रोग के जोखिम कारक हों, तो इसे संभावित हार्ट अटैक मानकर जांच करानी चाहिए. वो कहते हैं,“जब तक कार्डियोलॉजिस्ट यह साबित न कर दे कि यह हार्ट अटैक नहीं है, तब तक इसे गंभीरता से लेना चाहिए.” 

जांच की मांग करने से न हिचकें

डॉ. लेविन का कहना है कि अगर शरीर के लक्षण और डॉक्टर की बताई वजह मेल नहीं खाते, तो मरीज या परिवार को और जांच की मांग करनी चाहिए. और संभावित सभी टेस्ट को कराना चाहिए. उन्होंने सलाह दी, “अगर डॉक्टर कहते हैं कि 85 साल की आपकी मां के हाथ में सिर्फ मसल स्ट्रेन है, जबकि उन्होंने कोई काम ही नहीं किया, तो आप सीरियल ईकेजी, ट्रोपोनिन टेस्ट और एक्सपर्ट की राय की मांग करें. कई बार शुरुआती ईकेजी सामान्य हो सकता है और पहले ब्लड टेस्ट में ट्रोपोनिन नहीं दिखता. इसलिए सिर्फ सीने के दर्द का इंतजार मत कीजिए सच्चाई तक पहुंचिए. यहां आपके या आपके अपनों की जिंदगी दांव पर होती है.”

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(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

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