Tori Penso becomes the second female referee at a FIFAWorldCup match: फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अटलांटा में चेकिया और साउथ अफ्रीका के बीच मैच में रेफरी की भूमिका किसी पुरूष रेफरी ने नहीं बल्कि महिला रेफरी ने निभाई. उस महिला रेफरी का नाम टोरी पेन्सो हैं. टोरी पेन्सो पुरुषों के FIFA वर्ल्ड कप मैच में रेफरी की भूमिका निभाने वाली दूसरी महिला बन गई है. पेन्सो फ्रांस की स्टेफनी फ्रैपार्ट के नक्शेकदम पर चल रही हैं, जो कतर में 2022 वर्ल्ड कप में जर्मनी और कोस्टा रिका के बीच ग्रुप-स्टेज मैच की मुख्य रेफरी थीं. बता दें कि 39 साल की पेन्सो 2021 से फीफा की रेफरी हैं. इससे पहले उन्होंने साल 2023 में स्पेन और इंग्लैंड के बीच फीफा महिला वर्ल्ड कप फाइनल में रेफरी की भूमिका निभाई थी.
𝙏𝙤𝙧𝙞 𝙋𝙚𝙣𝙨𝙤 𝙍𝙚𝙘𝙚𝙞𝙫𝙚𝙨 𝘾𝙪𝙨𝙩𝙤𝙢 𝘼𝙙𝙞𝙙𝙖𝙨 𝙍𝙚𝙛𝙚𝙧𝙚𝙚 𝙆𝙞𝙩 𝙒𝙞𝙩𝙝 𝙐𝙎 𝙉𝙖𝙩𝙞𝙤𝙣𝙖𝙡 𝘾𝙤𝙡𝙤𝙧𝙨
— Footy Headlines (@Footy_Headlines) June 18, 2026
A special Adidas referee kit has been created for American official Tori Penso, featuring the brand's iconic three stripes customized in the United… pic.twitter.com/Q166NO2zdQ

सख्त रेफरी नहीं मानी जाती हैं पेन्सो
पेन्सो बहुत सख्त रेफरी नहीं हैं. उन्होंने अब तक सभी टूर्नामेंट में 109 मैचों में रेफरी की भूमिका निभाई है और 423 येलो कार्ड और सिर्फ़ चार रेड कार्ड दिखाए हैं. उन्होंने पिछले सीजन में मेजर लीग सॉकर में 9 मैचों में रेफरी की भूमिका निभाई और 37 येलो कार्ड दिखाए, यानी औसतन हर मैच में लगभग चार कार्ड. साल 2020 में, पेन्सो CONCACAF की ओर से आयोजित पुरुषों के एक कॉम्पिटिशन FIFA वर्ल्ड कप क्वालिफाइंग मैच में पूरी तरह से महिलाओं वाली अफ़िशिएटिंग टीम का नेतृत्व करने वाली पहली महिला बनीं थी.
The match officials for @FIFAWorldCup matches 25, 26, 27 and 28 have been appointed. 🤝
— FIFA (@FIFAcom) June 15, 2026
14 साल की उम्र में पैसे कमाने के लिए बनी रेफरी
पेन्सो ने 14 साल की उम्र में कुछ एक्स्ट्रा पैसे कमाने के लिए रेफरी के तौर पर अपनी शुरुआत की थी.18 साल की उम्र में जब वह अलबामा में ओलंपिक डेवलपमेंट प्रोग्राम के रेफरी कैंप में गईं, तो उन्होंने इसे और गंभीरता से लेना शुरू किया. उन्होंने सॉकर की दुनिया से पूरी तरह दूर हुए बिना डिजिटल मार्केटिंग की पढ़ाई की.
🚨 𝗛𝗜𝗦𝗧𝗢𝗥𝗬 𝗠𝗔𝗗𝗘: The Czech Republic vs South Africa World Cup match is officially underway with the first-ever all-female refereeing team in a men's World Cup fixture.
— Football Tweet ⚽ (@Footballtweet) June 18, 2026
Tori Penso is taking charge as referee, alongside assistant referees Brooke Mayo and Kathryn… pic.twitter.com/WXT1VxRVSJ
इसके बाद उन्होंने फुल-टाइम रेफरी बनने के लिए डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी की अपनी नौकरी छोड़ने का फैसला किया था. सितंबर 2020 में वह 20 से ज्यादा सालों में MLS मैच में रेफरी बनने वाली पहली महिला बनीं. 2022 में, उन्होंने कोस्टा रिका में U-20 महिला वर्ल्ड कप में भी 5 मैचों में रेफरी की भूमिका निभाई, जिसमें एक सेमीफाइनल मैच भी शामिल था.

पुरुषों के फीफा वर्ल्ड कप में पहली बार हुआ ऐसा
इतिहास में पहली बार, पुरुषों के वर्ल्ड कप मैच का संचालन पूरी तरह से महिला रेफरी टीम कर रही हैं. मुख्य रेफरी टोरी पेन्सो, जो पहले ही महिला वर्ल्ड कप फाइनल का संचालन कर चुकी हैं, उनके साथ ब्रुक मेयो (टूर्नामेंट की पहली LGBTQIAPN+ रेफरी) और असिस्टेंट कैथरीन नेस्बिट हैं. ये तीनों चेक रिपब्लिक और साउथ अफ्रीका के बीच होने वाले मैच की ज़िम्मेदारी संभाल रहीं हैं.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं